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Kaithal News: हैंडबॉल में ग्योंग की बेटी नीलम रोशन कर रही जिले का नाम
Mon, 23 Feb 2026 02:56 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Mon, 23 Feb 2026 02:56 AM IST
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हैंडबॉल खिलाड़ी नीलम।
कैथल। जिले के गांव ग्योंग की होनहार छात्रा नीलम हैंडबॉल में पदक जीतकर अपने गांव और जिले का नाम रोशन कर रही है। नीलम वर्तमान में जीएसएस ग्योंग में कक्षा 8वीं की छात्रा है। उन्होंने 12 अक्टूबर 2025 को आयोजित प्रतियोगिता में नीलम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए कांस्य पदक अपने नाम किया।
नीलम एक साधारण किसान परिवार से संबंध रखती हैं। उनके पिता सत्यवान गांव ग्योंग में खेती-बाड़ी करते हैं। परिवार में दो बहनें और एक भाई हैं। ग्रामीण परिवेश में पली-बढ़ी नीलम बचपन से ही खेलों के प्रति रुचि रखती थीं। मात्र 9 वर्ष की आयु में उन्होंने खेल अभ्यास शुरू कर दिया था और पिछले लगभग 14 वर्षों से लगातार मेहनत कर रही हैं। नीलम ने बताया कि वह रोजाना सुबह और शाम दो-दो घंटे अभ्यास करती हैं। उन्होंंने कहा कि उनकी सफलता के पीछे उनके कोच रविंदर का विशेष योगदान है, जो उन्हें हर प्रतियोगिता के लिए बेहतर प्रशिक्षण देते है। कोच के मार्गदर्शन में नीलम ने कई प्रतियोगिताओं में भाग लिया और तीन राज्यों में आयोजित प्रतियोगिताओं में प्रतिभा दिखाई। इनमें से दो प्रतियोगिताओं में उन्होंने प्रथम स्थान भी प्राप्त किया है। संवाद
यह बोले कोच
कोच रविंद्र ने बताया कि नीलम पढ़ाई के साथ-साथ खेलों में भी संतुलन बनाए रखती हैं। वे मेहनती, अनुशासित और लक्ष्य के प्रति समर्पित छात्रा हैं। उनका सपना है कि वे आगे चलकर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का प्रतिनिधित्व करें। नीलम की इस सफलता ने यह साबित कर दिया है कि यदि मेहनत, लगन और सही मार्गदर्शन मिले तो ग्रामीण क्षेत्र के बच्चे भी बड़ी उपलब्धियां हासिल कर सकते हैं।
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नीलम एक साधारण किसान परिवार से संबंध रखती हैं। उनके पिता सत्यवान गांव ग्योंग में खेती-बाड़ी करते हैं। परिवार में दो बहनें और एक भाई हैं। ग्रामीण परिवेश में पली-बढ़ी नीलम बचपन से ही खेलों के प्रति रुचि रखती थीं। मात्र 9 वर्ष की आयु में उन्होंने खेल अभ्यास शुरू कर दिया था और पिछले लगभग 14 वर्षों से लगातार मेहनत कर रही हैं। नीलम ने बताया कि वह रोजाना सुबह और शाम दो-दो घंटे अभ्यास करती हैं। उन्होंंने कहा कि उनकी सफलता के पीछे उनके कोच रविंदर का विशेष योगदान है, जो उन्हें हर प्रतियोगिता के लिए बेहतर प्रशिक्षण देते है। कोच के मार्गदर्शन में नीलम ने कई प्रतियोगिताओं में भाग लिया और तीन राज्यों में आयोजित प्रतियोगिताओं में प्रतिभा दिखाई। इनमें से दो प्रतियोगिताओं में उन्होंने प्रथम स्थान भी प्राप्त किया है। संवाद
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यह बोले कोच
कोच रविंद्र ने बताया कि नीलम पढ़ाई के साथ-साथ खेलों में भी संतुलन बनाए रखती हैं। वे मेहनती, अनुशासित और लक्ष्य के प्रति समर्पित छात्रा हैं। उनका सपना है कि वे आगे चलकर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का प्रतिनिधित्व करें। नीलम की इस सफलता ने यह साबित कर दिया है कि यदि मेहनत, लगन और सही मार्गदर्शन मिले तो ग्रामीण क्षेत्र के बच्चे भी बड़ी उपलब्धियां हासिल कर सकते हैं।
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