कैथल। भूतपूर्व सैनिक कल्याण समिति की बैठक लघु सचिवालय में हुई। इस मौके पर जिले के सभी पूर्व सैनिकों और उनकी वीरांगनाओं ने रोष प्रदर्शन किया। महासचिव जगजीत सिंह ने कहा कि तीन साल से लंबित उनकी पेंशन अभी तक रिवाइज नहीं हुई। 10 फरवरी 2022 को केंद्रीय सैनिक बोर्ड ने पूर्व सैनिकों की व उनकी वीरांगनाओं को मिलने वाले लाभ मकान की मरम्मत राशि, एनडीए की शिक्षा के लिए बच्चों को मिलने वाली ग्रांट, अंतिम संस्कार के लिए मिलने वाली राशि की ग्रांट को भी रक्षा मंत्रालय द्वारा काट दिया गया है।
उन्होंने बताया कि कोरोना की आड़ में दो-तीन साल से सेना की कोई भी भर्ती नहीं हो रही। अभी जो नवयुवक भर्ती के लिए अपनी तैयारियां करते हैं, उनके अंदर बहुत भारी रोष है। कैथल में बीते दिनों इन नौजवानों ने रोष प्रदर्शन किया और डीसी को ज्ञापन सौंपा था। इन युवाओं का समर्थन करते हैं, क्योंकि इससे बेरोजगारी की दर देश में बढ़ रही है। इनकी आयु सीमा भी निकलती जा रही है और सेना के अंदर भी आज कम से कम सवा लाख से डेढ़ लाख तक सैनिकों की कमी है और सरकार अभी भी कोई भर्ती प्रक्रिया जारी नहीं कर रही। इसको लेकर पूर्व सैनिकों ने प्रदर्शन करते हुए रक्षा मंत्री के नाम डीसी के मार्फत ज्ञापन दिया। ज्ञापन तहसीलदार सुदेश मेहरा को सौंपा। इसकी अध्यक्षता कैप्टन बलजीत मोर ने की। इस अवसर पर सूबेदार प्रताप सिंह, कैप्टन अभे सिंह, धर्मचंद, राजेश कुमार, अमित शर्मा, शीशपाल सिंह रिसालदार, खजान सिंह, प्रेम, मियां सिंह, भजन सिंह व ओम पति आदि मौजूद रहे।