{"_id":"680940a3e84b84242d0b26ff","slug":"continuous-efforts-are-necessary-to-achieve-the-goal-chetan-kaithal-news-c-18-1-knl1004-630931-2025-04-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"लक्ष्य प्राप्ति के लिए आवश्यक है निरंतर प्रयास : चेतन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
लक्ष्य प्राप्ति के लिए आवश्यक है निरंतर प्रयास : चेतन
Thu, 24 Apr 2025 01:03 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Thu, 24 Apr 2025 01:03 AM IST
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
कलायत। राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में प्रेरक चेतन धीमान ने छात्राओं को शिक्षा, लक्ष्य निर्धारण व आने वाले जीवन से संबंधित अनेक गुर सिखाए। समझाया कि लक्ष्य प्राप्ति के लिए आवश्यक है निरंतर प्रयास। यही सफलता की कुंजी है।
मोटिवेशनल स्पीकर चेतन ने कहा कि प्रारंभिक शिक्षा ग्रहण करते समय ही विद्यार्थी समाज व परिवार में विभिन्न व्यक्तियों को विभिन्न व्यवसाय करते हुए धन उपार्जन करते देखता व सुनता है। डॉक्टर, इंजीनियर, शिक्षक, उद्योगपति, दुकानदार पुलिस, एक्टर आदि के व्यवसाय के रुतबे व सामाजिक प्रतिष्ठा को देखते हुए विद्यार्थी उनके अनुसार बनने की कल्पना करने लगता है।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक विद्यार्थी ने बचपन में निशाना साधने का अभ्यास किसी न किसी रूप में किया है। फल तोड़ने के लिए पत्थर से निशाना लगाना हो या गुब्बारे को एयरगन के छर्रे से फोड़ना हो, इनमें लक्ष्य को निर्धारित करना आवश्यक होता है। जीवन में कुछ बड़ा बनने या कुछ बड़ा करने के लिए भी जीवन लक्ष्य का निर्धारण आवश्यक है। इसकी प्राप्ति के लिए प्रयास करना होता है। अपना लक्ष्य, उद्देश्य व प्रेरणा एक कागज पर लिख लें। बार-बार लिखने से यह आपके अवचेतन में बैठ जाएंगे।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि विद्यार्थी जीवन में कॅरिअर के लिए चिंताशील होते हैं। वे उसके अनुसार अध्ययन विषयों का चयन करते हैं। शिक्षक व अभिभावक के योगदान पर बोलते हुए कहा कि शिक्षा में सबसे महत्वपूर्ण रिश्ता शिक्षकों और अभिभावकों के बीच का होता है। जब अभिभावक और शिक्षक अपने बच्चे की पढ़ाई सुनिश्चित करने के लिए मिलकर काम करते हैं तो स्कूल में बच्चे की सफलता में सुधार हो सकता है।
कार्यक्रम में उन्होंने छात्राओं को आने वाले जीवन में काम आने वाले टिप्स भी दिए। छात्राओं ने भी अपनी और से प्रेरक चेतन धीमान से प्रश्न करके जिज्ञासाएं शांत की। धीमान आरोही मॉडल स्कूल के अलावा बडसीकरी, खडालवा, कमालपुर के सरकारी स्कूलों में छात्रों से संवाद कर चुके हैं।
विज्ञापन
कलायत। राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में प्रेरक चेतन धीमान ने छात्राओं को शिक्षा, लक्ष्य निर्धारण व आने वाले जीवन से संबंधित अनेक गुर सिखाए। समझाया कि लक्ष्य प्राप्ति के लिए आवश्यक है निरंतर प्रयास। यही सफलता की कुंजी है।
मोटिवेशनल स्पीकर चेतन ने कहा कि प्रारंभिक शिक्षा ग्रहण करते समय ही विद्यार्थी समाज व परिवार में विभिन्न व्यक्तियों को विभिन्न व्यवसाय करते हुए धन उपार्जन करते देखता व सुनता है। डॉक्टर, इंजीनियर, शिक्षक, उद्योगपति, दुकानदार पुलिस, एक्टर आदि के व्यवसाय के रुतबे व सामाजिक प्रतिष्ठा को देखते हुए विद्यार्थी उनके अनुसार बनने की कल्पना करने लगता है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि प्रत्येक विद्यार्थी ने बचपन में निशाना साधने का अभ्यास किसी न किसी रूप में किया है। फल तोड़ने के लिए पत्थर से निशाना लगाना हो या गुब्बारे को एयरगन के छर्रे से फोड़ना हो, इनमें लक्ष्य को निर्धारित करना आवश्यक होता है। जीवन में कुछ बड़ा बनने या कुछ बड़ा करने के लिए भी जीवन लक्ष्य का निर्धारण आवश्यक है। इसकी प्राप्ति के लिए प्रयास करना होता है। अपना लक्ष्य, उद्देश्य व प्रेरणा एक कागज पर लिख लें। बार-बार लिखने से यह आपके अवचेतन में बैठ जाएंगे।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि विद्यार्थी जीवन में कॅरिअर के लिए चिंताशील होते हैं। वे उसके अनुसार अध्ययन विषयों का चयन करते हैं। शिक्षक व अभिभावक के योगदान पर बोलते हुए कहा कि शिक्षा में सबसे महत्वपूर्ण रिश्ता शिक्षकों और अभिभावकों के बीच का होता है। जब अभिभावक और शिक्षक अपने बच्चे की पढ़ाई सुनिश्चित करने के लिए मिलकर काम करते हैं तो स्कूल में बच्चे की सफलता में सुधार हो सकता है।
कार्यक्रम में उन्होंने छात्राओं को आने वाले जीवन में काम आने वाले टिप्स भी दिए। छात्राओं ने भी अपनी और से प्रेरक चेतन धीमान से प्रश्न करके जिज्ञासाएं शांत की। धीमान आरोही मॉडल स्कूल के अलावा बडसीकरी, खडालवा, कमालपुर के सरकारी स्कूलों में छात्रों से संवाद कर चुके हैं।