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Kaithal News: बारिश के बाद सुबह और शाम बढ़ी ठंडक
Sat, 14 Sep 2024 03:45 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Sat, 14 Sep 2024 03:45 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। जन्माष्टमी के बाद मौसम अब धीरे-धीरे बदलने लगा है। बारिश से सुबह और रात को गुलाबी ठंड दस्तक देने लगी है। दोपहर में हालांकि अभी सूर्य अपनी किरणों से सता रहा है लेकिन सुबह और शाम हल्की ठंड का अहसास होने लगा है।
जिले में शुक्रवार को फिर से मौसम बदला और अल सुबह बारिश हुई। इसके बाद राहगीरों और अन्य वाहन चालकों को काफी परेशानी हुई। बारिश के बाद शहर की अधिकतर कॉलोनियों में जलभराव हुआ। इसके बाद शुक्रवार सुबह से लेकर शाम तक बादल छाए रहे।
वहीं, बारिश के बाद अब सुबह व शाम के समय ठंड महसूस हो रही है। बदलते मौसम में बच्चों का स्वास्थ्य पर जल्द प्रभाव पड़ता है। ऐसे में चिकित्सक भी बच्चों का स्वास्थ्य का खास ख्याल रखने के हिदायत दे रहे हैं। मौसमी बीमारियों का प्रकोप रोकने से घर के आसपास साफ सफाई रखने की बात कही जा रही है।
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उधर, मौसम विभाग के अनुसार अभी अगले दो दिन तक और बारिश होने की संभावना बनी है। यदि अभी भी अधिक तेज बारिश हुई तो सब्जियों और धान की फसल को नुकसान होगा। शुक्रवार को अधिकतम तापमान 30.2 डिग्री व न्यूनतम तापमान 25.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।
गौरतलब है कि जून व जुलाई में नाममात्र बारिश हुई थी। बारिश नहीं होने से तापमान भी 40 से 45 डिग्री के आसपास रहा था। उधर, शहर में बारिश से कई सड़कों पर जलभराव हो गया। पानी निकासी व्यवस्था ठप होने से राहगीरों को परेशानी हो रही है।
नाराज लोगों का कहना है कि हर बार प्रशासन की तरफ से नालों व सीवरेज की सफाई पर लाखों रुपये कागजों में खर्च दिखाएं जाते हैं, जबकि धरातल पर कोई सफाई का कार्य नहीं होता है। बारिश के बाद अंबाला रोड, करनाल रोड, भगत सिंह चौक सहित अन्य कई इलाकों में जलभराव हुआ।
अब तक बारिश से कपास, धान, बाजरा व सब्जियों सहित किसी फसल के लिए बारिश नुकसानदायक नहीं रही है। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार, अब यदि ज्यादा बारिश होती है तो अगेती धान की फसल पीआर व 1509 के लिए नुकसानदायक हो सकती है। घीया, तोरी, ,खीरा सहित बेल वाली सब्जियां भी खराब हो सकती हैं।
उधर, चिकित्सकों की राय है कि पानी बराबर पीते रहें और तेज मसालेदार और चिकनाईयुक्त खाद्य पदार्थ से परहेज रखें। बदलते मौसम में बच्चों की सेहत का खास ध्यान रखने की जरूरत है।
आगामी दो दिनों तक बारिश के आसार है। गर्मी से लोगों को राहत मिली। वहीं पछेती धान की किस्म के लिए बारिश फायदेमंद रहेगी। -रमेश चंद, कृषि विज्ञान केंद्र के समन्वयक
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कैथल। जन्माष्टमी के बाद मौसम अब धीरे-धीरे बदलने लगा है। बारिश से सुबह और रात को गुलाबी ठंड दस्तक देने लगी है। दोपहर में हालांकि अभी सूर्य अपनी किरणों से सता रहा है लेकिन सुबह और शाम हल्की ठंड का अहसास होने लगा है।
जिले में शुक्रवार को फिर से मौसम बदला और अल सुबह बारिश हुई। इसके बाद राहगीरों और अन्य वाहन चालकों को काफी परेशानी हुई। बारिश के बाद शहर की अधिकतर कॉलोनियों में जलभराव हुआ। इसके बाद शुक्रवार सुबह से लेकर शाम तक बादल छाए रहे।
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वहीं, बारिश के बाद अब सुबह व शाम के समय ठंड महसूस हो रही है। बदलते मौसम में बच्चों का स्वास्थ्य पर जल्द प्रभाव पड़ता है। ऐसे में चिकित्सक भी बच्चों का स्वास्थ्य का खास ख्याल रखने के हिदायत दे रहे हैं। मौसमी बीमारियों का प्रकोप रोकने से घर के आसपास साफ सफाई रखने की बात कही जा रही है।
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उधर, मौसम विभाग के अनुसार अभी अगले दो दिन तक और बारिश होने की संभावना बनी है। यदि अभी भी अधिक तेज बारिश हुई तो सब्जियों और धान की फसल को नुकसान होगा। शुक्रवार को अधिकतम तापमान 30.2 डिग्री व न्यूनतम तापमान 25.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।
गौरतलब है कि जून व जुलाई में नाममात्र बारिश हुई थी। बारिश नहीं होने से तापमान भी 40 से 45 डिग्री के आसपास रहा था। उधर, शहर में बारिश से कई सड़कों पर जलभराव हो गया। पानी निकासी व्यवस्था ठप होने से राहगीरों को परेशानी हो रही है।
नाराज लोगों का कहना है कि हर बार प्रशासन की तरफ से नालों व सीवरेज की सफाई पर लाखों रुपये कागजों में खर्च दिखाएं जाते हैं, जबकि धरातल पर कोई सफाई का कार्य नहीं होता है। बारिश के बाद अंबाला रोड, करनाल रोड, भगत सिंह चौक सहित अन्य कई इलाकों में जलभराव हुआ।
अब तक बारिश से कपास, धान, बाजरा व सब्जियों सहित किसी फसल के लिए बारिश नुकसानदायक नहीं रही है। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार, अब यदि ज्यादा बारिश होती है तो अगेती धान की फसल पीआर व 1509 के लिए नुकसानदायक हो सकती है। घीया, तोरी, ,खीरा सहित बेल वाली सब्जियां भी खराब हो सकती हैं।
उधर, चिकित्सकों की राय है कि पानी बराबर पीते रहें और तेज मसालेदार और चिकनाईयुक्त खाद्य पदार्थ से परहेज रखें। बदलते मौसम में बच्चों की सेहत का खास ध्यान रखने की जरूरत है।
आगामी दो दिनों तक बारिश के आसार है। गर्मी से लोगों को राहत मिली। वहीं पछेती धान की किस्म के लिए बारिश फायदेमंद रहेगी। -रमेश चंद, कृषि विज्ञान केंद्र के समन्वयक