फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kaithal News ›   BJP's job is to curse Congress leaders, not mine: Birendra

भाजपा का काम है कांग्रेसी नेताओं को कोसना, मेरा नहीं : बीरेंद्र

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 16 Jun 2022 02:06 AM IST
विज्ञापन
BJP's job is to curse Congress leaders, not mine: Birendra
57-कलायत। मंथन बैठक में कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए पूर्व केंद्रीय मंत्री बीरेंद्र सिंह - फोटो : Kaithal
कैथल। पूर्व केंद्रीय मंत्री चौधरी बीरेंद्र सिंह बुधवार को तितरम मोड पर आयोजित एक मंथन बैठक के बाद भाजपा व कांग्रेस पर जमकर बरसे। मीडिया से बातचीत में बीरेंद्र सिंह ने कृषि, युवा, बेरोजगारी को लेकर स्पष्ट बातें कीं।
विज्ञापन

उन्होंने कहा कि वे आठ साल से भाजपा में हैं। भाजपा का काम है सोनिया गांधी, राहुल गांधी व अन्य कांग्रेसी नेताओं को भला बुरा कहना मगर वे कभी नहीं कोसते। वे जिस पार्टी में 42 साल रहे हैं, वे इतना गिरकर राजनीति नहीं करते। कुलदीप बिश्नोई की भाजपा से करीबी के सवाल पर बीरेंद्र सिंह ने कहा कि कुलदीप के पिता पूर्व सीएम भजन लाल की वोट बीजेपी को ट्रांसफर हो चुकी है। अब कुलदीप भी भाजपा में चले जाएं तो ठीक रहेगा। उन्होंने कहा कि वे दो साल पहले स्पष्ट कर चुके हैं कि वे चुनाव नहीं लड़ेंगे।
विज्ञापन

उनके अनुसार नगर परिषद के चुनाव को राजनीतिक दृष्टि से पार्टियों के हिसाब से नहीं देखना चाहिए। यह आपसी भाईचारे का चुनाव है। इसमें विज जैसे नेता प्रचार करें, यह छोटी बातें हैं। राज्यसभा सदस्य चुनाव में अजय माकन की हार पर बीरेंद्र सिंह ने कहा कि हरियाणा में कांग्रेस पार्टी जिंदा है। कई राज्यों में यह मर चुकी है। यहां यदि कांग्रेस नेता ठीक तरीके से बर्ताव करें तो कांग्रेस एक मजबूत विपक्ष की भूमिका निभा सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन

उनके अनुसार आंकड़ों के हिसाब से राज्यसभा का रिजल्ट कांग्रेस के हक में जाना चाहिए था। यदि पार्टी हारी है तो कोई न कोई दोषी है। प्रयास सभी ने किए हैं, लेकिन आज तक गरीब व किसान का भला नहीं हुआ है। किसान आंदोलन को सरकार ने हलके में लिया।
जनता का निरंतर उठ रहा नेताओं से विश्वास : बीरेंद्र
कलायत। पूर्व केंद्रीय मंत्री व भाजपा नेता बीरेंद्र सिंह ने कहा कि राजनीति में जनता का निरंतर नेताओं से विश्वास उठ रहा है। परिणामस्वरूप झूठे आश्वासन देने वाले नेताओं को जनता जवाब देने को तैयार है। इस प्रकार के हालातों को बदलने का अब समय आ गया है। इसके मद्देनजर 23 मार्च 2023 को जींद की धरती से नए राजनीतिक उदय की शुरूआत की जाएगी।
पूर्व केंद्रीय मंत्री कलायत विधानसभा के गांव तिरतम में नेशनल हाईवे पर स्थित हवेली होटल में कार्यकर्ताओं की एक मंथन बैठक को संबोधित कर रहे थे। इस बैठक में विभिन्न इलाकों से नेताओं और कार्यकर्ताओं ने शिरकत की। बैठक में उस समय बड़ी हलचल पैदा हो गई जब बीरेंद्र सिंह की मौजूदगी में युवा भाजपा नेता सुरेंद्र ढुल ने कलायत विधानसभा से चुनाव मैदान में उतारने को स्वयं के लिए टिकट का आग्रह कर डाला।

साथ ही यह एलान भी किया कि यदि भाजपा की तरफ से उन्हें टिकट नहीं मिलता तो वे आजाद उम्मीद के तौर पर रण में ताल ठोकेंगे। इसे बीरेंद्र सिंह ने सुरेंद्र ढुल का निजी अधिकार क्षेत्र करार दिया। उन्होंने किसान, मजदूर और गरीब तबके की आवाज बुलंद करनेके लिए विभिन्न जिलों में बैठकें आयोजित करने का फैसला लिया। उनके अनुसार साथियों की राय जुटाते हुए 23 मार्च 2023 को भविष्य की राजनीति के पत्ते खोले जाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed