{"_id":"69ab2ef69b43dba1b20c16cc","slug":"be-careful-if-you-want-to-avoid-cyber-crime-praveen-kaithal-news-c-18-1-knl1004-859667-2026-03-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"साइबर अपराध से बचना है तो रहें सावधान : प्रवीन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
साइबर अपराध से बचना है तो रहें सावधान : प्रवीन
Sat, 07 Mar 2026 01:15 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Sat, 07 Mar 2026 01:15 AM IST
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। साइबर थाना पुलिस ने बुधवार को आईटीआई कैथल में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर विद्यार्थियों और स्टाफ को साइबर अपराधों से बचाव के बारे में जानकारी दी। कार्यक्रम का नेतृत्व साइबर थाना प्रभारी पीएसआई शुभ्रांशु ने किया, जबकि एएसआई विनोद कुमार की टीम भी मौजूद रही।
पुलिस प्रवक्ता प्रवीन ने बताया कि टीम ने विद्यार्थियों को बताया कि किसी भी अनजान व्यक्ति द्वारा सोशल मीडिया या किसी वेबसाइट पर दी गई जानकारी पर बिना जांच-परख के विश्वास न करें। साइबर अपराधी पैसे कमाने, रकम डबल करने या सस्ती दरों पर लोन दिलाने का लालच देकर लोगों की निजी जानकारी हासिल कर लेते हैं और ओटीपी या अन्य माध्यमों से बैंक खातों से पैसे निकाल लेते हैं। उन्होंने बताया कि ठग मोबाइल ऐप, इंटरनेट बैंकिंग और अन्य ऑनलाइन माध्यमों से लोगों को निशाना बना रहे हैं। ऐसे में यदि कोई व्यक्ति लॉटरी, इनाम या अन्य लालच देकर संपर्क करता है तो सावधान रहें, क्योंकि यह ठगी का प्रयास हो सकता है।
पुलिस टीम ने विद्यार्थियों को मजबूत पासवर्ड रखने, अनजान लिंक पर क्लिक न करने और बैंक से जुड़ी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करने की सलाह दी। साथ ही बताया कि साइबर ठगी का शिकार होने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 या नजदीकी साइबर थाने में शिकायत दर्ज कराएं, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।
विज्ञापन
विज्ञापन
कैथल। साइबर थाना पुलिस ने बुधवार को आईटीआई कैथल में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर विद्यार्थियों और स्टाफ को साइबर अपराधों से बचाव के बारे में जानकारी दी। कार्यक्रम का नेतृत्व साइबर थाना प्रभारी पीएसआई शुभ्रांशु ने किया, जबकि एएसआई विनोद कुमार की टीम भी मौजूद रही।
पुलिस प्रवक्ता प्रवीन ने बताया कि टीम ने विद्यार्थियों को बताया कि किसी भी अनजान व्यक्ति द्वारा सोशल मीडिया या किसी वेबसाइट पर दी गई जानकारी पर बिना जांच-परख के विश्वास न करें। साइबर अपराधी पैसे कमाने, रकम डबल करने या सस्ती दरों पर लोन दिलाने का लालच देकर लोगों की निजी जानकारी हासिल कर लेते हैं और ओटीपी या अन्य माध्यमों से बैंक खातों से पैसे निकाल लेते हैं। उन्होंने बताया कि ठग मोबाइल ऐप, इंटरनेट बैंकिंग और अन्य ऑनलाइन माध्यमों से लोगों को निशाना बना रहे हैं। ऐसे में यदि कोई व्यक्ति लॉटरी, इनाम या अन्य लालच देकर संपर्क करता है तो सावधान रहें, क्योंकि यह ठगी का प्रयास हो सकता है।
विज्ञापन
पुलिस टीम ने विद्यार्थियों को मजबूत पासवर्ड रखने, अनजान लिंक पर क्लिक न करने और बैंक से जुड़ी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करने की सलाह दी। साथ ही बताया कि साइबर ठगी का शिकार होने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 या नजदीकी साइबर थाने में शिकायत दर्ज कराएं, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।
विज्ञापन