फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kaithal News ›   96 shopkeeper not paid MC's shops rent

96 दुकानदारों ने नहीं दिया 1.18 करोड़ किराया

Mon, 02 Jun 2014 12:17 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, कैथ्ाल
ब्यूरो/अमर उजाला, कैथ्ाल Updated Mon, 02 Jun 2014 12:17 AM IST
विज्ञापन
 कैथल। नगर परिषद की दुकानों में दुकानदारी कर रहे 96 दुकानदारों ने कई माह से परिषद को किराये का भुगतान नहीं किया है। इन 96 दुकानदारों पर एक करोड़ 18 लाख रुपये बकाया हैं।
विज्ञापन


 अब परिषद ने इन सभी को किराये देने के लिए नोटिस जारी किए हैं।  गौरतलब है कि इन दुकानों पर वर्षों से काबिज अधिकतर दुकानदारों ने नगर परिषद को किराये का भुगतान नहीं किया है। परिषद अधिकारियों का कहना है कि यदि किराया जमा नहीं करवाया गया तो दुकानदारों के खिलाफ केस दायर किए जाएंगे।
विज्ञापन

शहर की अहम जगहों पर हैं दुकानें
शहर में विभिन्न कोनों और अहम जगहों पर परिषद की करोड़ों रुपये की संपत्ति है। जिसमें करीब 96 दुकानें ऐसी हैं, जो काफी अच्छी मार्केट में स्थित हैं। इन दुकानों पर काबिज कई दुकानदार किराया भी अदा नहीं कर रहे हैं। जिसके कारण लंबित किराये की राशि एक करोड़ रुपये से ज्यादा हो गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

कई दुकानदारों पर लाखों रुपये लंबित
 परिषद से मिली जानकारी के अनुसार, इस सूची में जहां अधिकतर दुकानदारों पर हजारों बकाया हैं। वहीं, कइयों ने तो कई साल से किराया नहीं दिया और उन पर लाखों रुपये की देनदारी है। डेढ़ से लेकर चार लाख रुपये से ज्यादा का किराया एक-एक दुकानदार पर लंबित है। जिन्हें अब किराया जमा करवाने के लिए कहा गया है। एक दुकानदार के खिलाफ तो छह लाख 24 हजार से ज्यादा की राशि लंबित है।
लोगों की मांग, जमा करवाएं किराया
नगर परिषद के अनुसार, शहर में विभिन्न जगहों पर स्थित इन 96 दुकानों के लिए लंबित किराया बढ़कर एक करोड़ 18 लाख रुपये से ज्यादा हो गया है। यदि यही राशि परिषद में जमा हो जाए तो इसे विकास कार्यों पर खर्च किया जा सकता है। शहरवासी प्रेमचंद, विक्की, धर्मबीर सिंह और रवि कुमार ने कहा कि परिषद द्वारा लंबित किराये को जमा करवाया जाना चाहिए, ताकि इस कार्य को विकास कार्यों में खर्च किया जा सके।

सभी को नोटिस जारी : नप
नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी बीएन भारती ने बताया कि नगर परिषद की शहर में वैसे तो काफी दुकानें हैं। लेकिन जिन दुकानदारों द्वारा किराया नहीं दिया जा रहा है। उनकी सूची बनाई गई है। जिसमें 96 दुकानदारों को नोटिस जारी किया गया है। नोटिस में इन्हें शीघ्र ही किराया जमा करवाने को कहा गया है। इसके बावजूद जो दुकानदार किराया जमा नहीं करवाएगा, उसके खिलाफ न्यायालय में केस दायर किया जाएगा।

 
दुकानें नगर परिषद की संपत्ति हैं। इन्हें किराये पर लेने वाले लोगों को किराया जमा करवाना चाहिए। इस प्रकार के सभी दुकानदारों को किराया जमा करवाने के लिए कहा गया है।
-रामनिवास मित्तल, अध्यक्ष, नगर परिषद।  
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed