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कपास की फसल में हुए नुकसान की स्पेशल गिरदावरी करवा कर मुआवजा दिए जाने की किसानों ने की मांग
Updated Thu, 13 Sep 2018 12:26 AM IST
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कपास की फसल में हुए नुकसान की स्पेशल गिरदावरी करवा कर मुआवजा दिए जाने की किसानों ने की मांग
6 सितंबर को आई तेज बरसात व तूफान में ध्वस्त हुई कपास की फसल
फोटो संख्या-30
कलायत। बरसात व तेज तूफान में बर्बाद हुए कपास की फसल के मुआवजे को लेकर गांव कौलेखां के लोगों का एक शिष्ट मंडल एसडीएम से मिला। किसान राज सिंह, राममेहर, साधू राम कामरेड, भीम सिंह, जयवीर, महावीर, राजा नंबरदार आदी का कहना था कि 6 सितंबर को आई भारी बरसात के साथ तेज तूफान ने उनके खेतों में खड़ी कपास की फसल को पूरी तरह से बर्बाद कर दिया। किसानों का कहना था कि कपास की फसल गिर गई है जिसके कारण वह बुत बन गई। फसल को अंगमारी के रोग ने घेर लिया व पौधे जड़ों से निकल गए जिसके कारण से फसल पूरी तरह से बर्बाद हो गई है। गिरने के बाद पौधे पर कोई फूल या टिंडा तक नहीं बनता। पत्ते लाल होकर मर रहे हैं जिसके कारण से देखते ही देखते पौधा मर रहा है। किसानों ने उपमंडल अधिकारी से कहा कि कपास की फसल फसल बीमा योजना में शामिल नही है। ऐसे में सरकार स्पेशल गिरदावरी करवाए ताकि किसानों का आर्थिक बोझ कम हो सके। किसानों की बात सुनने के बाद एसडीएम जगदीप सिंह ने कहा कि वे किसानों की समस्या विभागीय अधिकारियों तक पहुंचा रहे हैं। उन्होंने कहा कि उन्होंने तहसीलदार को भी निर्देश किए हैं कि किसानों की कपास की फसल में हुए नुकसान का आकलन करवाएं ताकि उच्चाधिकारियों तक पूरी जानकारी भेजी जा सके।
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6 सितंबर को आई तेज बरसात व तूफान में ध्वस्त हुई कपास की फसल
फोटो संख्या-30
कलायत। बरसात व तेज तूफान में बर्बाद हुए कपास की फसल के मुआवजे को लेकर गांव कौलेखां के लोगों का एक शिष्ट मंडल एसडीएम से मिला। किसान राज सिंह, राममेहर, साधू राम कामरेड, भीम सिंह, जयवीर, महावीर, राजा नंबरदार आदी का कहना था कि 6 सितंबर को आई भारी बरसात के साथ तेज तूफान ने उनके खेतों में खड़ी कपास की फसल को पूरी तरह से बर्बाद कर दिया। किसानों का कहना था कि कपास की फसल गिर गई है जिसके कारण वह बुत बन गई। फसल को अंगमारी के रोग ने घेर लिया व पौधे जड़ों से निकल गए जिसके कारण से फसल पूरी तरह से बर्बाद हो गई है। गिरने के बाद पौधे पर कोई फूल या टिंडा तक नहीं बनता। पत्ते लाल होकर मर रहे हैं जिसके कारण से देखते ही देखते पौधा मर रहा है। किसानों ने उपमंडल अधिकारी से कहा कि कपास की फसल फसल बीमा योजना में शामिल नही है। ऐसे में सरकार स्पेशल गिरदावरी करवाए ताकि किसानों का आर्थिक बोझ कम हो सके। किसानों की बात सुनने के बाद एसडीएम जगदीप सिंह ने कहा कि वे किसानों की समस्या विभागीय अधिकारियों तक पहुंचा रहे हैं। उन्होंने कहा कि उन्होंने तहसीलदार को भी निर्देश किए हैं कि किसानों की कपास की फसल में हुए नुकसान का आकलन करवाएं ताकि उच्चाधिकारियों तक पूरी जानकारी भेजी जा सके।