{"_id":"6a5a70bffbb3be226704c41e","slug":"15-year-old-payal-has-become-a-strong-football-defender-kaithal-news-c-245-1-kht1013-152418-2026-07-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kaithal News: 15 वर्षीय पायल बनी फुटबाॅल की मजबूत डिफेंडर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kaithal News: 15 वर्षीय पायल बनी फुटबाॅल की मजबूत डिफेंडर
विज्ञापन
पायल
कसान। जिले के गांव कैलरम की 15 वर्षीय पायल ने अपनी मेहनत, अनुशासन और खेल के प्रति समर्पण से फुटबॉल के मैदान में अलग पहचान बनाई है। 10वीं कक्षा में पढ़ने वाली पायल ने हाल ही में जिला स्तरीय फुटबॉल प्रतियोगिता में डिफेंडर की भूमिका निभाते हुए अपनी टीम को स्वर्ण पदक दिलाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
पायल प्रतिदिन करीब पांच घंटे फुटबॉल अभ्यास करती हैं। वह गांव कैलरम के सरकारी स्कूल में संचालित फुटबॉल नर्सरी में नियमित रूप से प्रशिक्षण लेकर अपने खेल को लगातार बेहतर बना रही हैं। कठिन अभ्यास, फिटनेस और अनुशासित दिनचर्या ही उनकी सफलता का आधार है। मैदान पर पायल एक मजबूत डिफेंडर के रूप में जानी जाती हैं। विरोधी टीम के आक्रमण को रोकने और अपनी टीम को मजबूती देने में उनकी अहम भूमिका रहती है। जिला स्तरीय प्रतियोगिता में उनके शानदार प्रदर्शन ने साबित कर दिया कि ग्रामीण क्षेत्रों की बेटियां भी अवसर मिलने पर किसी से कम नहीं हैं।
पायल का सपना राष्ट्रीय स्तर पर हरियाणा और देश का प्रतिनिधित्व करना है। इसके लिए वह लगातार मेहनत कर रही हैं और हर दिन खुद को पहले से बेहतर बनाने का प्रयास करती हैं। पायल का मानना है कि सफलता केवल प्रतिभा से नहीं बल्कि लगातार अभ्यास, धैर्य और दृढ़ संकल्प से मिलती है। पायल की उपलब्धि गांव की अन्य बेटियों के लिए भी प्रेरणा बनकर उभरी है। उन्होंने यह साबित किया है कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत ईमानदारी से की जाए तो छोटे गांवों से भी बड़ी सफलताएं हासिल की जा सकती हैं। जिला स्तर पर स्वर्ण पदक जीतकर पायल ने न केवल अपने परिवार बल्कि पूरे कैलरम गांव का नाम रोशन किया है। अब सभी को उम्मीद है कि वह आने वाले समय में राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर भी शानदार प्रदर्शन कर गांव और जिले का गौरव बढ़ाएंगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
पायल प्रतिदिन करीब पांच घंटे फुटबॉल अभ्यास करती हैं। वह गांव कैलरम के सरकारी स्कूल में संचालित फुटबॉल नर्सरी में नियमित रूप से प्रशिक्षण लेकर अपने खेल को लगातार बेहतर बना रही हैं। कठिन अभ्यास, फिटनेस और अनुशासित दिनचर्या ही उनकी सफलता का आधार है। मैदान पर पायल एक मजबूत डिफेंडर के रूप में जानी जाती हैं। विरोधी टीम के आक्रमण को रोकने और अपनी टीम को मजबूती देने में उनकी अहम भूमिका रहती है। जिला स्तरीय प्रतियोगिता में उनके शानदार प्रदर्शन ने साबित कर दिया कि ग्रामीण क्षेत्रों की बेटियां भी अवसर मिलने पर किसी से कम नहीं हैं।
विज्ञापन
पायल का सपना राष्ट्रीय स्तर पर हरियाणा और देश का प्रतिनिधित्व करना है। इसके लिए वह लगातार मेहनत कर रही हैं और हर दिन खुद को पहले से बेहतर बनाने का प्रयास करती हैं। पायल का मानना है कि सफलता केवल प्रतिभा से नहीं बल्कि लगातार अभ्यास, धैर्य और दृढ़ संकल्प से मिलती है। पायल की उपलब्धि गांव की अन्य बेटियों के लिए भी प्रेरणा बनकर उभरी है। उन्होंने यह साबित किया है कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत ईमानदारी से की जाए तो छोटे गांवों से भी बड़ी सफलताएं हासिल की जा सकती हैं। जिला स्तर पर स्वर्ण पदक जीतकर पायल ने न केवल अपने परिवार बल्कि पूरे कैलरम गांव का नाम रोशन किया है। अब सभी को उम्मीद है कि वह आने वाले समय में राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर भी शानदार प्रदर्शन कर गांव और जिले का गौरव बढ़ाएंगी।

पायल
विज्ञापन