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बरसात के कारण जीरी की फसल जमीन पर बिछी
Updated Sun, 24 Sep 2017 12:23 AM IST
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बरसात के कारण जीरी की फसल जमीन पर बिछी
ढांड। आसमान से हो रही बरसात किसानों के लिए आफत बन कर आई है। जिससे किसानों के चेहरे मुरझाए हुए है। किसान फकीर चंद, राम स्वरूप, बलकार सिंह, प्रेम सिंह, जगदीश, बलजीत, मेवा राम, राजपाल, रणजीत सिंह ने बताया कि 2 दिनों से हो रही बरसात के कारण उनकी जीरी की फसल जमीन पर बिछ गई है। जिससे उनकी 6 महीने की मेहनत की कमाई पल भर में ही नष्ट हो गई। किसानों का कहना है कि इस समय बरसात के कारण जीरी की फसल का जमीन पर गिर जाने से उनको प्रति एकड़ लगभग 20 हजार रुपये के नुकसान हो गया है। अगर मौसम इसी प्रकार चलता रहा तो नुकसान ओर अधिक हो सकता है। किसानों का कहना है कि पहले से ही वो कर्ज के बोझ तले दबे हुए है। रही सही कसर बरसात ने पूरी कर दी है। किसानों ने सरकार से मांग की है कि बरसात के कारण फसलों में हुए नुकसान की भरपाई की जाए और जीरी पर 200 रुपये प्रति क्विंटल बोनस दिया जाए। जिससे प्रदेश का किसान राहत की सांस ले सके।
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ढांड। आसमान से हो रही बरसात किसानों के लिए आफत बन कर आई है। जिससे किसानों के चेहरे मुरझाए हुए है। किसान फकीर चंद, राम स्वरूप, बलकार सिंह, प्रेम सिंह, जगदीश, बलजीत, मेवा राम, राजपाल, रणजीत सिंह ने बताया कि 2 दिनों से हो रही बरसात के कारण उनकी जीरी की फसल जमीन पर बिछ गई है। जिससे उनकी 6 महीने की मेहनत की कमाई पल भर में ही नष्ट हो गई। किसानों का कहना है कि इस समय बरसात के कारण जीरी की फसल का जमीन पर गिर जाने से उनको प्रति एकड़ लगभग 20 हजार रुपये के नुकसान हो गया है। अगर मौसम इसी प्रकार चलता रहा तो नुकसान ओर अधिक हो सकता है। किसानों का कहना है कि पहले से ही वो कर्ज के बोझ तले दबे हुए है। रही सही कसर बरसात ने पूरी कर दी है। किसानों ने सरकार से मांग की है कि बरसात के कारण फसलों में हुए नुकसान की भरपाई की जाए और जीरी पर 200 रुपये प्रति क्विंटल बोनस दिया जाए। जिससे प्रदेश का किसान राहत की सांस ले सके।