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शुगर मिल कैथल चिप घोटाले की जांच पुलिस विभाग से करवाई जाए-रणदीप
Updated Mon, 03 Dec 2018 12:39 AM IST
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शुगर मिल कैथल चिप घोटाले की जांच पुलिस विभाग से करवाई जाए : रणदीप
पूंडरी। भारतीय किसान संघ के प्रदेश प्रवक्ता ने कैथल शुगर मिल चिप घोटाले की जांच पुलिस प्रशासन से करवाने की मांग की। किसान भवन पूंडरी में पत्रकारों से बातचीत में आर्य ने कहा कि किसान संघ का शिष्टमंडल उनके नेतृत्व में 29 नवंबर को कैथल में मुख्यमंत्री से मिला था। उनसे मांग की गई थी कि जो कोऑपरेटिव शुगर मिल हरियाणा में 3164 करोड़ रुपये का घाटा दिखाया जा रहा है, यह घाटा न होकर घोटाला है। जिसके लिए सरकार ईमानदार अधिकारी लगाकर सभी मिलों की जांच करवाएं। कैथल मिल घोटाले को लेकर मुख्यमंत्री ने डीसी कैथल को निर्देश दिये थे कि शिकायतकर्ता के अनुसार इस मामले की जांच करवाई जाए। इस मामले में दर्ज एफआईआर की जांच एसआईटी और एसडीएम कैथल कर रही है, जबकि सिविल प्रशासन का दायित्व बनता है कि पुलिस प्रशासन का सहयोग करे। सिविल प्रशासन व एसडीएम विभागीय जांच में दोषियों को बचाने का प्रयास करता है। इससे पूर्व भी एसडीएम कलायत एक जांच के विषय में उन्हें गुमराह कर चुका है और दोषियों का बचाव कर चुका है।
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पूंडरी। भारतीय किसान संघ के प्रदेश प्रवक्ता ने कैथल शुगर मिल चिप घोटाले की जांच पुलिस प्रशासन से करवाने की मांग की। किसान भवन पूंडरी में पत्रकारों से बातचीत में आर्य ने कहा कि किसान संघ का शिष्टमंडल उनके नेतृत्व में 29 नवंबर को कैथल में मुख्यमंत्री से मिला था। उनसे मांग की गई थी कि जो कोऑपरेटिव शुगर मिल हरियाणा में 3164 करोड़ रुपये का घाटा दिखाया जा रहा है, यह घाटा न होकर घोटाला है। जिसके लिए सरकार ईमानदार अधिकारी लगाकर सभी मिलों की जांच करवाएं। कैथल मिल घोटाले को लेकर मुख्यमंत्री ने डीसी कैथल को निर्देश दिये थे कि शिकायतकर्ता के अनुसार इस मामले की जांच करवाई जाए। इस मामले में दर्ज एफआईआर की जांच एसआईटी और एसडीएम कैथल कर रही है, जबकि सिविल प्रशासन का दायित्व बनता है कि पुलिस प्रशासन का सहयोग करे। सिविल प्रशासन व एसडीएम विभागीय जांच में दोषियों को बचाने का प्रयास करता है। इससे पूर्व भी एसडीएम कलायत एक जांच के विषय में उन्हें गुमराह कर चुका है और दोषियों का बचाव कर चुका है।