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जींद में तीन और उचाना में पांच एमएम हुई बारिश से ही बढ़ी परेशानी
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जींद की पुरानी मंडी में बारिश के बाद भरा पानी।
- फोटो : Jind
वीरवार रात से शुरू हुई बूंदाबांदी शुक्रवार को भी दिनभर रुक-रुक कर जारी रही। इससे जहां मौमस में ठंड बढ़ी है, वहीं अब दोबारा से धुंध होने का भी अंदेशा है। शुक्रवार को राजस्व विभाग की ओर से जींद में तीन, उचाना में पांच व पिल्लूखेड़ा में चार एमएम बारिश दर्ज की गई। इस समय हुई बारिश से फसलों को काफी लाभ होगा।
वीरवार शाम को ही गर्जन के साथ बूंदाबांदी शुरू हो गई थी। रात करीब साढ़े दस बजे जींद और आसपास के क्षेत्रों में हल्की बारिश हुई। शुक्रवार सुबह भी बूंदाबांदी जारी रही। शुक्रवार सुबह से शुरू हुई बारिश दोपहर तक होती रही। उचाना में बारिश होने से जहां गेहूं की फसल को फायदा हुआ तो बाजरों में पानी निकासी नहीं होने से दुकानदार व राहगीर परेशान रहे। बारिश के चलते मंडी में भी कपास व धान की बोली नहीं हो पाई। इस समय बारिश से गेहूं की फसल को बहुत फायदा हुआ है। कुछ दिनों से तापमान बढ़ने से फसल को सिंचाई की जरूरत थी। फसल की पैदावार भी इस समय हुई बारिश से बढ़ेगी। खंड कृषि अधिकारी कुलदीप ने कहा कि बारिश से गेहूं की फसल को फायदा होगा।
पुरानी अनाज मंडी में हर बारिश की तरह इस बार भी मार्केट कमेटी के आसपास पानी भरा रहा। रेलवे रोड पर महिला कॉलेज से पहले, डाकघर रोड सहित बाजारों में जलभराव के चलते राहगीर व दुकानदार परेशान रहे। मंडी में तो पानी का भराव ज्यादा होने के चलते वाहन चालक दूसरे रास्तों से होकर निकलते नजर आए। लोगों को कहना है कि पानी की निकासी की कोई ठोस व्यवस्था शहर में नहीं है। हर बार बारिश के समय ऐसा ही हाल होता है। जन स्वास्थ्य विभाग के जेई सतीश नैन ने कहा कि बारिश के साथ बिजली गुल होने से पानी की निकासी प्रभावित होती है।
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ब्लॉक बारिश (एमएम)
जींद तीन
नरवाना बूंदाबांदी
जुलाना बूंदाबांदी
पिल्लूखेड़ा चार
उचाना पांच
सफीदों एक
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वीरवार शाम को ही गर्जन के साथ बूंदाबांदी शुरू हो गई थी। रात करीब साढ़े दस बजे जींद और आसपास के क्षेत्रों में हल्की बारिश हुई। शुक्रवार सुबह भी बूंदाबांदी जारी रही। शुक्रवार सुबह से शुरू हुई बारिश दोपहर तक होती रही। उचाना में बारिश होने से जहां गेहूं की फसल को फायदा हुआ तो बाजरों में पानी निकासी नहीं होने से दुकानदार व राहगीर परेशान रहे। बारिश के चलते मंडी में भी कपास व धान की बोली नहीं हो पाई। इस समय बारिश से गेहूं की फसल को बहुत फायदा हुआ है। कुछ दिनों से तापमान बढ़ने से फसल को सिंचाई की जरूरत थी। फसल की पैदावार भी इस समय हुई बारिश से बढ़ेगी। खंड कृषि अधिकारी कुलदीप ने कहा कि बारिश से गेहूं की फसल को फायदा होगा।
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पुरानी अनाज मंडी में हर बारिश की तरह इस बार भी मार्केट कमेटी के आसपास पानी भरा रहा। रेलवे रोड पर महिला कॉलेज से पहले, डाकघर रोड सहित बाजारों में जलभराव के चलते राहगीर व दुकानदार परेशान रहे। मंडी में तो पानी का भराव ज्यादा होने के चलते वाहन चालक दूसरे रास्तों से होकर निकलते नजर आए। लोगों को कहना है कि पानी की निकासी की कोई ठोस व्यवस्था शहर में नहीं है। हर बार बारिश के समय ऐसा ही हाल होता है। जन स्वास्थ्य विभाग के जेई सतीश नैन ने कहा कि बारिश के साथ बिजली गुल होने से पानी की निकासी प्रभावित होती है।
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ब्लॉक बारिश (एमएम)
जींद तीन
नरवाना बूंदाबांदी
जुलाना बूंदाबांदी
पिल्लूखेड़ा चार
उचाना पांच
सफीदों एक