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Jind News: गेट की लाइट बंद, टफन भी टूटा...विजिलेंस ने ठेकेदार और अफसरों से मांगा जवाब

Thu, 15 Jan 2026 01:05 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Thu, 15 Jan 2026 01:05 AM IST
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The gate light is off, and the toughened glass is also broken... Vigilance has sought an explanation from the contractor and officials.
14जेएनडी25: अस्पताल के बाहर मुख्य गेट पर पड़े पत्थर। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
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जींद। नागरिक अस्पताल में चल रहे जीर्णोद्धार कार्य की जांच के लिए बुधवार को पंचकुला से आई विजिलेंस की टीम ने मौके का निरीक्षण किया। अस्पताल की कमेटी ने पीडब्ल्यूडी पर कार्य में लापरवाही बरतने के आरोप लगाए।
विजिलेंस के एसडीओ कर्म सिंह ने नागरिक अस्पताल में काम में बरती जा रही लापरवाही की जांच अस्पताल के मुख्य गेट के कार्य से शुरू की। इसमें लगभग एक महीना पहले सुंदरीकरण के लिए बनाए गए गेट की लाइट बंद होने, शिकायत के बाद भी ठीक नहीं करने और गेट के टफन टूटने की शिकायत अस्पताल कमेटी ने की। अस्पताल के गेट पर पड़े पत्थरों को नहीं उठाने व उनसे हुए हादसे की जानकारी दी।
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अस्पताल की दीवार के निर्माण में भ्रष्टाचार के आरोप लगाए और बताया जो एस्टीमेट भेजा गया था उसमें नई दीवार का निर्माण करवाया था लेकिन अस्पताल में हर्बल पार्क की तरफ जो दीवार बनाई गई उसमें ईंटें पुरानी लगाई गई हैं।
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पुरानी ईंटों को छिपाने के लिए उस पर लिपाई कर दी। जब इस मामले को लेकर विवाद हुआ तो तीन से चार प्रतिशत नई ईंट मंगवाकर ऊपर के तीन से चार सार लगा दिए।
जांच के दौरान निर्माण कार्यों में कई गंभीर खामियां सामने आईं जिस पर विजिलेंस टीम ने संबंधित अधिकारियों से जवाब-तलब किया। अस्पताल में कार्यरत चिकित्सकों और स्टाफ ने भी विभागीय कार्यप्रणाली पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए।
करोड़ रुपये खर्च करने के बाद भी मरीज सुरक्षित नहीं

शिकायतकर्ता एडवोकेट सुनील ने अस्पताल की जर्रज हालात में टूटे लेंटर व बाहर निकले सरियों को दिखाया और कहा कि करोड़ रुपये खर्च करने के बाद भी मरीज सुरक्षित नहीं हैं। अस्पताल के मुख्य गेट पर लगी लाइट भी खराब पाई गई। विजिलेंस टीम ने लापरवाही मानते हुए संबंधित ठेकेदार और विभागीय अधिकारियों से जवाब मांगा। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि रात के समय मरीजों और उनके परिजनों को रोशनी की कमी के कारण परेशानी का सामना करना पड़ता है लेकिन शिकायतों के बावजूद समय रहते लाइट को ठीक नहीं कराया गया।
टफन भी टूटा हुआ मिला
एमरजेंसी वार्ड के मुख्य गेट पर लगा टफन (शेड/कवर) भी टूटा हुआ मिला। इसे लंबे समय से ठीक नहीं किया गया। बार-बार कहने के बावजूद विभाग ने इसे दुरुस्त नहीं कराया। विजिलेंस टीम ने मौके पर इस खामी को नोट करते हुए इसे प्राथमिकता से ठीक कराने के निर्देश दिए।
शौचालयों में ताले लटके मिले

विजिलेंस के एसडीओ कर्म सिंह शौचालयों में जांच के लिए गए तो वहां पर ताले लटके मिले। आधा घंटा तक चाबी आने का इंतजार किया। इसके बाद शौचालयों की जांच हुई। अस्पताल में बंद शौचालयों से मरीजों को आए दिन परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

निर्माण कार्यों में पारदर्शिता की कमी

जांच के दौरान कई चिकित्सकों ने विजिलेंस टीम के समक्ष खुलकर अपनी शिकायतें रखीं। उन्होंने आरोप लगाया कि जीर्णोद्धार कार्य में न तो समय सीमा का पालन हो रहा है और न ही गुणवत्ता मानकों का। निर्माण कार्यों में पारदर्शिता की कमी है और शिकायत करने पर भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं होती। जांच के लिए आई टीम के सामने एक चिकित्सक ने कहा कि अगर दीवार में कहीं पर एक भी नई ईंट लगी हो तो वह अपनी रिटायरमेंट तक के मिलने वाले सभी लाभ दान कर देगा। पुरानी ईंटों को छिपाने के लिए बिना कमेटी की मंजूरी के दूसरी तरफ भी लिपाई की गई है।
एक्स-रे भवन का काम पूरा, मुख्य दरवाजे का इंतजार

एक दरवाजे के बिना नागरिक अस्पताल में मरीजों के एक्स-रे नहीं हो रहे हैं। नागरिक अस्पताल में एक्स-रे भवन का काम पूरा हुआ है। इसको लेकर मुख्य दरवाजे का इंतजार है। जब तक दरवाजा नहीं लगता तब तक एक्स-रे की मशीन शुरू नहीं होगी। चिकित्सकों ने भी निर्देश दिए लेकिन सुनवाई नहीं हो रही।


वर्जन

विजिलेंस टीम ने सभी बिंदुओं को अपनी रिपोर्ट में दर्ज कर लिया है और संबंधित विभाग से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। टीम ने संकेत दिए हैं कि यदि अनियमितताएं सही पाई गईं तो जिम्मेदार अधिकारियों और ठेकेदारों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। वह कमेटी के सदस्य हैं जरूरत के अनुसार काम को बेहतर नहीं किया गया। इसके अतिरिक्त काम को दिसबंर में पूरा करना था, लेकिन एक माह अधिक हो गया अभी भी काम अधूरा है। -डॉ. रघुवीर पूनिया, पीएमओ नागरिक अस्पताल जींद।

14जेएनडी25: अस्पताल के बाहर मुख्य गेट पर पड़े पत्थर। संवाद

14जेएनडी25: अस्पताल के बाहर मुख्य गेट पर पड़े पत्थर। संवाद

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