फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jind News ›   Due to increasing temperature, there is danger of aphid attack on mustard crop.

Jind News: बढ़ते तापमान से सरसों की फसल पर चेपा कीट के हमले का खतरा

Sun, 18 Feb 2024 11:18 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद Updated Sun, 18 Feb 2024 11:18 PM IST
विज्ञापन
Due to increasing temperature, there is danger of aphid attack on mustard crop.
18जेएनडी21-खेतों में लहलाती सरसों की फसल। संवाद
जींद। मौसम में अचानक बदलाव आने से पारा 25 डिग्री तक पहुंच गया है। इस बदलाव का प्रभाव फसलों पर पड़ सकता है। सबसे ज्यादा प्रभाव सरसों विशेषकर पछेती बुआई की फसल पर चेपा कीट के आक्रमण का पड़ सकता है, क्योंकि यह मौसम चेपा कीट के अनुकूल है। चेपा कीट का आक्रमण होता है तो खेतों में विकसित हो रही सरसों और गेहूं की फसल को नुकसान पहुंचाएगा। इसके अलावा तापमान में बढ़ोतरी से पछेती सरसों का उत्पादन प्रभावित हो सकता है। जिले में किसानों ने लगभग सवा लाख हेक्टेयर से अधिक में गेहूं तथा 10 हजार हेक्टेयर से अधिक में सरसों की बिजाई की हुई है। पिछले एक सप्ताह से तापमान 20 डिग्री से बढ़कर 25 डिग्री तक पहुंच गया है। रविवार को अधिकतम तापमान 27 डिग्री और न्यूनतम तापमान 15 डिग्री दर्ज किया गया। हवा की गति 15 किलोमीटर प्रतिघंटा रही और मौसम में आर्द्रता 32 प्रतिशत रही। यदि तापमान में इसी तरह वृद्धि होती रही तो यह गेहूं व सरसों फसल में बीमारी ला सकता है। जो किसानों के लिए परेशानी का सबब बनेगा और उत्पादन भी कम होगा। हालांकि किसान इस समय एक अच्छी बारिश का इंतजार कर रहे हैं। यदि बारिश होती है तो यह दोनों ही फसलों के लिए सोने पर सुहागा साबित होगी।
विज्ञापन


फल को बीमारी से बचने के लिए एहतियात बरतने की जरूरत

बदलते मौसम में किसानों को बीमारियों से बचाने के लिए एहतियात बरतने की जरूरत है। गेहूं व सरसों फसल पर कीटों का आक्रमण न हो, इसके लिए कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को फसलों की नियमित रूप से निगरानी करते रहने की सलाह दी है, ताकि फसल में लगने वाले रोगों का समय पर नियंत्रण किया जा सके और नुकसान से बचा सके। अभी गेहूं फसल में अल व चेपा दिखाई नहीं दे रहा है। ऐसे में सरसों उत्पादक किसानों को विशेष ख्याल रखने की जरूरत है। फसल में अल या अन्य परजीवी देखने पर किसान कृषि विशेज्ञों से सलाह ले सकते हैं। यदि गेहूं में कहीं पर निशान दिखाई दे रहे हैं तो वह पौधा उखाड़ दें। बीमारी के लक्षण दिखाई देते हैं तो कीटनाशक का प्रयोग करें।
विज्ञापन


यह है पिछले एक सप्ताह का तापमान

तिथि

अधिकतम तापमान

न्यूनतम तापमान

18 फरवरी

26 डिग्री


16 डिग्री

17 फरवरी

25 डिग्री


08 डिग्री

16 फरवरी

24 डिग्री


07 डिग्री

15 फरवरी

24 डिग्री


07 डिग्री

14 फरवरी

22 डिग्री


09 डिग्री

13 फरवरी

20 डिग्री


09 डिग्री

कृषि विभाग के मौसम विज्ञानी डॉ. राजेश ने बताया कि मौसम बीमारियों के अनुकूल बना हुआ है। किसान लगातार खेतों का भ्रमण करते रहें। अल परजीवी दिखे तो कीटनाशक का प्रयोग करें। किसान लगातार सरसों के फूलों व पत्तों पर भी नजर रखें। कीटनाशक के साथ-साथ जरूरत के हिसाब से फसलों में सिंचाई करें।

18जेएनडी21-खेतों में लहलाती सरसों की फसल। संवाद

18जेएनडी21-खेतों में लहलाती सरसों की फसल। संवाद

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed