{"_id":"68e5549adce8017fb30d8e3a","slug":"devbhoomi-kalvan-migratory-bird-reserve-will-be-developed-on-the-sultanpur-model-jind-news-c-199-1-jnd1010-142161-2025-10-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jind News: सुल्तानपुर मॉडल पर विकसित होगा देवभूमि कालवन प्रवासी पक्षी आरक्षित क्षेत्र","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jind News: सुल्तानपुर मॉडल पर विकसित होगा देवभूमि कालवन प्रवासी पक्षी आरक्षित क्षेत्र
Tue, 07 Oct 2025 11:27 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Tue, 07 Oct 2025 11:27 PM IST
विज्ञापन
07जेएनडी33 : सुल्तानपुर नेशनल पार्क का शैक्षणिक भ्रमण करते हुए। स्रोत कालवन सरपंच।
नरवाना। ग्राम पंचायत कालवन के सदस्यों और ग्रामीणों ने मंगलवार को सुल्तानपुर (गुरुग्राम) नेशनल पार्क का शैक्षणिक भ्रमण किया। अधिकारियों ने बताया कि देवभूमि कालवन प्रवासी पक्षी आरक्षित क्षेत्र को सुल्तानपुर नेशनल पार्क की तर्ज पर विकसित किया जाएगा ताकि यहां भी देश-विदेश से पर्यटक और पक्षी प्रेमी आकर्षित हों।
इस दौरान वन्य जीव विभाग के अधिकारियों ने ग्रामीणों को पार्क के विकास, पर्यावरण संरक्षण और प्रवासी पक्षियों के संरक्षण कार्यों की जानकारी दी। इससे न केवल पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा बल्कि स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे।
ग्रामीणों ने प्राकृतिक सौंदर्य, जलाशयों और पक्षियों के संरक्षण प्रयासों को करीब से देखा और इसे प्रेरणादायक अनुभव बताया। उन्होंने कहा कि यदि देवभूमि क्षेत्र को इसी प्रकार विकसित किया गया तो यह पर्यटन, पर्यावरण और ग्रामीण विकास का उत्कृष्ट केंद्र बन सकता है।
विज्ञापन
भ्रमण के दौरान ग्राम पंचायत सदस्यों ने कहा कि यह यात्रा जानकारीपूर्ण और प्रेरक रही। उन्होंने कहा कि निकट भविष्य में देवभूमि कालवन क्षेत्र प्रदेश ही नहीं, देशभर में अपनी अलग पहचान बनाएगा।
विज्ञापन
इस दौरान वन्य जीव विभाग के अधिकारियों ने ग्रामीणों को पार्क के विकास, पर्यावरण संरक्षण और प्रवासी पक्षियों के संरक्षण कार्यों की जानकारी दी। इससे न केवल पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा बल्कि स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे।
विज्ञापन
ग्रामीणों ने प्राकृतिक सौंदर्य, जलाशयों और पक्षियों के संरक्षण प्रयासों को करीब से देखा और इसे प्रेरणादायक अनुभव बताया। उन्होंने कहा कि यदि देवभूमि क्षेत्र को इसी प्रकार विकसित किया गया तो यह पर्यटन, पर्यावरण और ग्रामीण विकास का उत्कृष्ट केंद्र बन सकता है।
विज्ञापन
भ्रमण के दौरान ग्राम पंचायत सदस्यों ने कहा कि यह यात्रा जानकारीपूर्ण और प्रेरक रही। उन्होंने कहा कि निकट भविष्य में देवभूमि कालवन क्षेत्र प्रदेश ही नहीं, देशभर में अपनी अलग पहचान बनाएगा।