जींद: रशीदा गांव में नशे के खिलाफ ग्रामीणों को जागरूक कर रही पुलिस टीम पर किया हमला
हमलावरों ने कहा कि हम बिना नशा नहीं रह सकते। पुलिस ने समझाने का प्रयास किया तो उन्होंने पुलिस टीम पर हमला कर दिया।
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हरियाणा के जींद जिले के रशीदा गांव में ग्रामीणों को नशे के खिलाफ जागरूक करने गई पुलिस पार्टी पर ग्रामीणों ने हमला कर घायल कर दिया। इसमें 8 पुलिसकर्मियों को चोट लगी और पुलिस गाड़ी पर हमला कर शीशा भी तोड़ा गया। इस मामले में नरवाना पुलिस ने 7 लोगों को नामजद कर एक अन्य के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
घड़ी थाना पुलिस के एएसआई रविंदर ने इस मामले में शिकायत दर्ज करवाई है। पुलिस ग्रामीणों को समझा रही थी तो उसी दौरान कुछ ग्रामीण इस पर अड़ गए कि वे नशे के बिना नहीं रह सकते। उनको नशा चाहिए। इसको लेकर विवाद हो गया और ग्रामीणों ने एएसआई समेत कई पुलिस कर्मियों पर हमला कर दिया। पुलिस की गाड़ी का शीशा भी तोड़ दिया।
पुलिस के एएसआई रविंदर ने शिकायत में बताया कि पुलिस पार्टी ड्रग एवं हिंसा मुक्त मेरा गांव मेरी शान की मुहिम के चलते गांव रशिदा में ग्रामीणों को जागरूक करने पहुंची थी। उसी दौरान गांव की गली में पुलिस ने दो युवकों से उनके बारे में पूछा तो उन्होंने अपनी पहचान गांव रशिदा निवासी मुन्ना और हिसार निवासी संदीप के रूप में बताई।
नशा रोकने की बात न करे पुलिस
पुलिस मुहिम के तहत उन्हें समझाने लगी तो उसी दौरान उन्होंने कहा कि हमारे उस्ताद राजेन्द्र उर्फ लंगडा व रजवन्त उर्फ जत्ती ने कहा की पुलिस नशे के संबंध में यहां नहीं आ सकती। अगर आए तो पुलिस पार्टी पर हमला कर देना। इतने में काफी संख्या में लोग आ गए और नशा जागरूकता मुहिम का विरोध करते हुए पुलिस पार्टी पर हमला कर दिया। लोगों ने कहा कि हम नशे के बिना नहीं रह सकते।
इन पुलिस कर्मियों को आई चोट
विवाद के दौरान गांव के अजय ने तेजधार हथियार से हमला कर दिया। जिसमें रविंदर को सिर में चोट आई। इतने में वहां मौजूद अन्य लोगों ने भी पुलिसकर्मी सुभाष, संजय तथा दर्शन पर भी हमला कर दिया, जिसमें वे घायल हो गए। पुलिस की गाड़ी का शीशा भी तोड़ दिया और फरार हो गए। घायल पुलिसकर्मियों को नागरिक अस्पताल में भर्ती करवाया गया।