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मुख्यालय में फंसी सिटी बस सेवा, नौ माह बीद भी नहीं मिली स्वीकृति

Fri, 13 Sep 2019 12:42 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Fri, 13 Sep 2019 12:42 AM IST
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city bus service atruck at headquarters, not approved even after 9 months
नौ माह पहले शहर में सिटी बस चलाने की नगर परिषद की योजना मुख्यालय में फंस गई है। मुख्यालय से स्वीकृति नहीं मिलने से यह परियोजना लटक गई है। वहीं आने वाले समय में बस स्टैंड पांडू पिंडारा गांव में शिफ्ट होना है। इससे परेशानी और बढ़ेगी। दरअसल नगर परिषद की मीटिंग में पिछले साल दिसंबर में सिटी बस सेवा का प्रस्ताव पास किया था। इसके बाद औपचारिकता पूरी कर इसे मुख्यालय भेजा गया। अभी तक मुख्यालय से इस पर कोई फैसला नहीं लिया गया है।
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पिछले आठ साल में जींद शहर का विस्तार 7 वर्ग किलोमीटर तक बढ़ गया है और आने वाले एक साल में 13 वर्ग किलोमीटर तक बढ़ने की उम्मीद है। शहर का इतना विस्तार होने के बावजूद आज तक शहरवासियों के लिए आज तक सिटी बस सेवा तक उपलब्ध नहीं हो पाई है। नगर परिषद शहर की सिटी बस सेवा शुरू करने की योजना फाइलों से बाहर नहीं निकल सकी है तो रोडवेज विभाग को टू सीटर बस न होने के कारण मुख्यालय से आज तक अनुमति नहीं मिल सकी है। मजबूरन लोगों को ऑटो में डबल किराया देकर गंतव्यों तक पहुंचना पड़ रहा है। हालांकि इससे पहले भी सिटी बस सेवा चलती रही है। पहले रोडवेज द्वारा सिटी बस चलाई जाती थी, लेकिन बसों की कमी के कारण इसे बंद किया जाता रहा है। दस साल पहले शहर में सिटी बस सेवा शुरू की गई थी। उस समय शहर में दो बस चलती थी। इनका टाइम टेबल जंक्शन पर पहुंचने वाली ट्रेन के अनुसार तय किया गया था। वहीं उस समय शहर का क्षेत्रफल करीब 35 वर्ग किलोमीटर था, जबकि अब यह 40 वर्ग किलोमीटर से अधिक हो गया है। ऐसे में सिटी बस सेवा नहीं होने से लोगों को ऑटो का ही सहारा लेना पड़ता है। वहीं पिंडारा गांव के पास बन रहा नया बस स्टैंड शहर से काफी दूर होगा।
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तय हैं ऑटो के रूट, महंगा पड़ता है सफर
फिलहाल शहर में करीब दो हजार ऑटो चल रहे हैं। ऑटो चालकों ने रूट तय कर रखे हैं। इसके चलते पटियाला चौक से भिवानी रोड, गोहाना बाईपास से भिवानी रोड, रोहतक रोड, नरवाना रोड जैसी जगहों पर जाने के लिए दो ऑटो बदलने पड़ते हैं, जो काफी महंगा पड़ता है। ऑटो चालक शहर में दस से 15 रुपये प्रति यात्री किराया ले रहे हैं। वहीं सिटी बस चलने पर किराया पांच से दस रुपये होने की उम्मीद है।
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सिटी बस के लिए तय किए हैं छह रूट
नगर परिषद द्वारा सिटी बस शुरू करने वाली बस सेवा में एक बस शुगर मिल से, दूसरी बस अमरेहड़ी से, तीसरी बस बूढ़ा बाबा बस्ती से, चौथी बस रोहतक बाईपास से, पांचवीं बस टैंडरी मोड़ से, छठी बस रेलवे स्टेशन से चलेगी। सभी बस महत्वपूर्ण स्थानों से होते हुए बस स्टैंड पर पहुंचेेगी और फिर से इसी रूट पर वापस जाएगी। शहर में लगभग दो हजार ऑटो चल रहे हैं। इनमें प्रतिदिन करीब 50 हजार लोग सफर करते हैं। इससे शहर की सड़कों पर वाहनों की संख्या भी घटेगी।

नगर परिषद द्वारा प्रस्ताव तैयार कर मुख्यालय को भेजा गया है। इस पर अभी तक कोई फैसला नहीं हुआ है। शहर का बस स्टैंड शिफ्ट होने से सिटी बस की जरूरत बढ़ जाएगी, ऐसे में अधिकारियों से बातचीत कर इस परियोजना को जल्दी सिरे चढ़ाया जाएगा।
पूनम सैनी, चेयरमैन, जींद नगर परिषद।
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