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आरक्षण की मांग: ब्राह्मण आरक्षण संघर्ष समिति ने ईबीपीजी आरक्षण बहाल करने के लिए सरकार को दिया 12 जून तक का अल्टीमेटम

Tue, 31 May 2022 10:44 PM IST
भूपेंद्र सिंह संवाद न्यूज एजेंसी, जींद (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद (हरियाणा) Published by: भूपेंद्र सिंह Updated Tue, 31 May 2022 10:44 PM IST
सार

ब्राह्मण आरक्षण संघर्ष समिति के अध्यक्ष बोले कि सरकार को 12 जून तक का अल्टीमेटम है, 13 को बड़ा एलान किया जाएगा। निकाय चुनाव में मतदान को लेकर फैसला लिया जा सकता है। 

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Brahmin Aarakshan Sangharsh Samiti demands Haryana government to provide EBPG reservation
पत्रकारों से बातचीत करते हरिराम दीक्षित। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

ब्राह्मण आरक्षण संघर्ष समिति व ब्राह्मण सभा जींद ने संयुक्त रूप से प्रदेश सरकार पर ब्राह्मण समाज की अनदेखी का आरोप लगाया। इसको लेकर मंगलवार को सफीदों रोड स्थित ब्राह्मण धर्मशाला में समाज के लोग एकत्रित हुए। इन लोगों ने मांग की है कि सरकार आर्थिक रूप से आरक्षण की मांग को बहाल करे। ऐसा नहीं करने पर 12 जून तक का अल्टीमेटम देते हुए 13 जून को बड़े एलान की बात कही है।

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पत्रकारों से बातचीत करते हुए ब्राह्मण आरक्षण संघर्ष समिति के अध्यक्ष हरिराम दीक्षित व ब्राह्मण सभा के प्रधान सियाराम शर्मा ने कहा कि विशेष आर्थिक रूप से पिछड़े आरक्षण में सरकार ने पांच जातियों को शामिल किया था। इनमें ब्राह्मण समाज भी शामिल है। सरकार ने बिना विधानसभा में कोई प्रस्ताव पास किए इस पर रोक लगा दी है। यह ब्राह्मण समाज के हकों पर कुठाराघात है।
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उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ब्राह्मण समाज को कमजोर समझ रही है। यही कारण है कि ब्राह्मण समाज के साथ न सिर्फ अनदेखी हो रही है, इनके हकों के साथ छेड़खानी भी की जा रही है। सरकार को यह आरक्षण तुरंत प्रभाव से बहाल करना चाहिए। उन्होंने कहा कि समाज के 941 युवा विभिन्न विभागों में सरकारी नौकरी का नियुक्ति पत्र लेकर घूम रहे हैं, लेकिन उन्हें सरकार नौकरी नहीं दे रही है।
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इस बारे में अदालत का फैसला भी युवाओं के हक में आया है। दीक्षित ने कहा कि पहली बार प्रदेश में रामबिलास शर्मा के नाम पर भाजपा को सत्ता मिली, लेकिन मुख्यमंत्री नहीं बनाया गया। इसी प्रकार करनाल की सीट पर संजय भाटिया को टिकट देकर परीक्षा के तौर पर डॉ. अरविंद शर्मा को फंसा दिया गया।

निकाय चुनाव में सरकार के खिलाफ मतदान का हो सकता है फैसला
दीक्षित ने कहा कि इसके लिए प्रदेश स्तर पर 102 लोगों की समिति काम कर रही है। नियमित रूप से कमेटी की बैठक हो रही है। ऐसे में यदि सरकार ने इस बारे में कोई फैसला नहीं लिया तो 13 जून को यह समिति फैसला करेगी। इसमें निकाय चुनाव में भाजपा के खिलाफ मतदान का फैसला भी हो सकता है।


ब्राह्मण सिर्फ शादी करवाना ही नहीं और भी काम जानते हैं
इस दौरान ब्राह्मण सभा के प्रधान सियाराम शर्मा ने कहा कि भाजपा को वहम है कि ब्राह्मण सिर्फ शादी करवाना जानते हैं, जबकि ब्राह्मण और काम भी जानते हैं। उन्होंने कहा कि जब कांग्रेस के दूसरे कार्यकाल में ब्राह्मणों की अनदेखी की तो इसका हश्र सबके सामने है।

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