फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jind News ›   व्यापारियों ने दुखड़ा रोया

व्यापारियों ने दुखड़ा रोया

Mon, 13 Nov 2017 01:30 AM IST
Updated Mon, 13 Nov 2017 01:30 AM IST
विज्ञापन
व्यापारियों ने दुखड़ा रोया
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

नरवाना(जींद)।
रविवार को आर्य स्कूल में व्यापारियों का राज्य स्तरीय प्रतिनिधि सम्मेलन हुआ। इसमें व्यापारियों ने जीएसटी को लेकर देश के वित्त मंत्री अरुण जेटली को खूब खरी खोटी सुनाई। व्यापारियों ने देश के वित्तमंत्री अरुण जेटली को अनपढ़ तक करार दिया। व्यापारियों ने कहा कि सरकार ने एक देश और एक टैक्स का नारा दिया था जबकि आज भी अनेक कर वसूले जा रहे हैं।
सम्मेलन में 18 और 28 प्रतिशत की टैक्स प्रणाली को खत्म करने, अधिकतम 15 प्रतिशत टैक्स की प्रणाली चालू करने, दस करोड़ से ऊपर सेल करने वाले व्यापारी को पहले की तरह तिमाही रिटर्न भरने, मार्केट फीस समाप्त करने, ई-ट्रेडिंग प्रणाली को खत्म करने, चीनी, दवाईयों, खाद, कपड़ा, नमक और अगरबत्ती को टैक्स फ्री करने, गांवों में कुटीर उद्योग लगाने वाले को सब्सिडी देने, जटिल रिटर्न को सरल करने और फर्नस ऑयल प्रयोग करने वाले मिल मालिक को आर्थिक मदद करने की मांग का प्रस्ताव पास किया गया।
विज्ञापन

व्यापारियों ने कड़े शब्दों में कहा कि या तो 18-28 प्रतिशत टैक्स प्रणाली हटाओ या स्वयं हट जाओ, वक्ताओं ने कपड़े पर टैक्स लगाने की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि मोदी और जेटली ने कफन को टैक्स फ्री नहीं छोड़ा। वक्ताओं ने सांसद राजकुमार सैनी की उस बात की वकालत की कि राज्यसभा खत्म होनी चाहिए। जेटली भी राज्यसभा में आकर व्यापारियों को परेशान कर रहा है। वक्ताओं ने कहा कि जेटली की मानसिकता व्यापारियों के खिलाफ है और यही कारण है कि वह पंजाब से संसदीय चुनाव हारे। कई मौकों पर वक्ताओं में राजनीतिक मतभेद भी दिखे।
विज्ञापन
विज्ञापन


जेटली कहीं से भी चुनाव लड़ लें,व्यापारी हराएंगे : आर्य
प्रदेश महासचिव अनिल आर्य ने कहा कि देश के वित्त मंत्री जहां से चुनाव लड़ेंगे व्यापारी वहीं एकत्रित होकर उन्हें हराने का काम करेंगे। व्यापारी उन्हें कोई चुनाव नहीं जीतने देंगे। मौका मिला तो मोदी से मिलकर हटवाने की मांग करेंगे।
गुजरात में व्यापारियों से घबराए मोदी : सिंगला
नप के पूर्व प्रधान कैलाश सिंगला ने कहा कि संगठन में पूरी ताकत होती है। गुजरात में व्यापारियों ने अपनी ताकत पहचानी तो मोदी ने कई वस्तुओं से टैक्स घटाया। उन्होंने आशंका जताई कि अगर हिमाचल और गुजरात में भाजपा की सरकार बन गई जो असंभव है उसके बाद व्यापारियों पर और दमन होगा। गुजरात में सरकार का विरोध करने का आह्वान किया।


जीएसटी में संसोधन नहीं हुए तो अगले चुनाव में खामियाजा भुगतेगी सरकार
सम्मेलन के मुख्यातिथि अखिल भारतीय व्यापार मंडल के राष्ट्रीय महासचिव व हरियाणा प्रदेश व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष बजरंग दास गर्ग ने कहा कि केंद्रीय वित्त मंत्री अरूण जेटली ने व्यापारियों व उद्योगपतियों से बिना कोई सलाह और जल्दीबाजी में एक जुलाई को जीएसटी लागू करने से देश का 50 प्रतिशत व्यापार व उद्योग पिछड़ गया। जीएसटी ने व्यापारियों को पूरी तरह से जकड़ा लिया,व्यापारी ही नहीं वकील, सीए व अकाउटेंट तक रिटर्न भरने में परेशान हैं। गर्ग ने कहा कि जो भी व्यापारी जीएसटी जमा करवाता है सरकार को उस टैक्स का पांच प्रतिशत कमीशन उसको प्रोत्साहन के रूप में देना चाहिए। व्यापारी को आग से हुई आर्थिक नुकसान की भरपाई करनी चाहिए। इसके अलावा किसी प्रकार की अप्रिय घटना होने पर व्यापारी को केंद्र व राज्य सरकार से मुआवजा मिलना चाहिए। उन्होंने हाल की में 211 वस्तुओं से जीएसटी दर कम करने को व्यापारियों जीत बताया है। केंद्र सरकार को 28 प्रतिशत टैक्स का स्लैब खत्म करके टैक्स की दरें पांच प्रकार की वजाए टैक्स फ्र ी के अलावा दो प्रकार की होनी चाहिए। कपड़ा, चीनी, खेती में उपयोग आने वाली दवाईयां व खाद से टैक्स कम करने और पेट्रोल व डीजल पर टैक्स कम करके उसे जीएसटी के दायरे में लाने की मांग की। सरकार ने 5 व 12.5 प्रतिशत टैक्स वाली वस्तुओं को तो 28 व 18 प्रतिशत जीएसटी लगा दिया है जिस पेट्रोल व डीजल पर वेटकर व एक्साइज ड्यूटी 57 प्रतिशत है उसे जीएसटी के दायरे में नहीं लिया जो उचित नहीं हैं। जीएसटी के बाद मार्केट फीस, मंडी टैक्स नहीं होना चाहिए। व्यापारी कोई चोर व लुटेरे नहीं हैं। जिसके लिए सजा का कानून बनाया गया है। गर्ग ने कहा कि व्यापारी संबधित विभाग के अधिकारी व्यापारियों को दोनों हाथों से लूटने में जुटे हैं। यहां तक की रोड चैकिंग के नाम पर रास्ते में व्यापारी, किसान व आम जनता का समान रोककर नाजायज तंग किया जा रहा है।


व्यापारियों के खिलाफ सजा का कानून बनाना गलत सम्मेलन की अध्यक्षता कर रहे क्षेत्र के प्रमुख समाजसेवी रामनिवास सुरजाखेड़ा ले कहा कि व्यापारी देश की रीढ़ है। जब तक व्यापारियों को कोई दिक्कत होगी कोई देश तरक्की नहीं कर सकता। उन्होंने व्यापारियों को हर कदम पर मदद का आश्वासन दिया और संगठन को मजबूत करने पर बल दिया।


व्यापारी बोलता नहीं तोलता है : हीरालाल
सिरसा जिले के प्रधान हीरा लाल शर्मा ने जीएसटी को लेकर सरकार को खूब खरी खोटी सुनवाई। उन्होंने जीएसटी को गुंडा टैक्स करार दिया। उन्होंने कहा कि मोदी कहते थे कि वह पीछे नहीं हटते लेकिन व्यापारियों के दबाव चलते दरों में कई बार वापिस हुए।


प्रदेश व्यापार मंडल की स्टेट कार्यकारिणी भंग
हरियाणा प्रदेश व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष बजरंगदास गर्ग ने पद लेकर निष्क्रिय रहने वाले नेताओं की शिकायत मिलने पर स्टेट कार्यकारिणी भंग करने की घोषणा की है। मंच से अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि व्यापार मंडल को काम करने वाले नेताओं की आवश्कता है। पद लेकर व्यापारियों के दुख-सुख में न जाए ऐसा किसी को पसंद नहीं। जिला व ब्लॉक स्तर की कार्यकारिणी पहले की तरह काम करती रहेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed