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विस्तार से दी गई जानकारी
Updated Wed, 15 Nov 2017 10:22 PM IST
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गेहूं बिजाई की विस्तार से दी जानकारी
पिल्लूखेड़ा। कृषि विभाग पिल्लूखेड़ा द्वारा गांव धड़ौली में किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी में कृषि विकास अधिकारी डॉ. सुभाष चंद्र ने किसानों को गेहूं की बिजाई के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि इस समय तापमान गेहूं की बिजाई के अनुकूल चल रहा है। इसलिए किसान समय पर बिजाई की जाने वाली किस्मों एचडी-2967, डब्लूएच-1105, एचडी-3086 व डीबी डब्लू-88 की बिजाई करे। उन्होंने बताया कि समय पर बिजाई के लिए हैपी सीडर या जीरो टिल ड्रिल से बुआई करे। छिड़काव से बिजाई न करे। बिजाई से पहले बीज का कीटनाशक व फफूंद नाशक से उपचार अवश्य करे। डॉ. सुभाष ने बताया कि 40 किलो ग्राम बीज को उपचारित करने के लिए 60 मिलीलीटर क्लोरो पायरीफॉस 20 प्रतिशत व 40 ग्राम टेबूकोनाजोल 2 प्रतिशत डीएस या 80 ग्राम कार्बनाडाजीम का प्रयोग करे। कीटनाशक व फफूंद नाशक से उपचार के बाद एजोटोबैक्टर व पीएसबी नामक जीवाणु टीका बीज में अवश्य मिलाए। गोष्ठी में सत्यवान, रामकरण, बहादुर, अंकुश, अमित, सूरजमल, मनोज नंबरदार, रोहताश, चमनलाल, मुकेश, राजकुमार, लीलू राम ने भाग लिया।
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पिल्लूखेड़ा। कृषि विभाग पिल्लूखेड़ा द्वारा गांव धड़ौली में किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी में कृषि विकास अधिकारी डॉ. सुभाष चंद्र ने किसानों को गेहूं की बिजाई के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि इस समय तापमान गेहूं की बिजाई के अनुकूल चल रहा है। इसलिए किसान समय पर बिजाई की जाने वाली किस्मों एचडी-2967, डब्लूएच-1105, एचडी-3086 व डीबी डब्लू-88 की बिजाई करे। उन्होंने बताया कि समय पर बिजाई के लिए हैपी सीडर या जीरो टिल ड्रिल से बुआई करे। छिड़काव से बिजाई न करे। बिजाई से पहले बीज का कीटनाशक व फफूंद नाशक से उपचार अवश्य करे। डॉ. सुभाष ने बताया कि 40 किलो ग्राम बीज को उपचारित करने के लिए 60 मिलीलीटर क्लोरो पायरीफॉस 20 प्रतिशत व 40 ग्राम टेबूकोनाजोल 2 प्रतिशत डीएस या 80 ग्राम कार्बनाडाजीम का प्रयोग करे। कीटनाशक व फफूंद नाशक से उपचार के बाद एजोटोबैक्टर व पीएसबी नामक जीवाणु टीका बीज में अवश्य मिलाए। गोष्ठी में सत्यवान, रामकरण, बहादुर, अंकुश, अमित, सूरजमल, मनोज नंबरदार, रोहताश, चमनलाल, मुकेश, राजकुमार, लीलू राम ने भाग लिया।