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कूड़े के ढेर पर बादली गांव, स्वच्छता का सपना हवा-हवाई
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village badali
- फोटो : Bahadurgarh
बादली को स्वच्छ बनाने का सपना ग्राम पंचायत और ग्रामीणों को कहीं नजर नहीं आ रहा है। गांव में जगह जगह पर कूड़े के ढेर लगे हैं। गलियों में गंदे पानी की निकासी का कोई प्रबंध नहीं है। कूड़े के ढेर से ग्रामीणों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बस स्टैंड पर पंजाब नेशनल बैंक के पास पड़ा कूड़ा स्वच्छता अभियान की पोल खोल रहा है।
गांव के बस स्टैंड की जगह में गांव का कूड़ा डाला जाता है। जिससे बादली के ग्रामीणों के साथ अन्य गांवों से आने वाली सवारियों को भी परेशानी हो रही है। सवारियों को दुर्गंध का सामना करना पड़ रहा है। कई बार प्रशासन की ओर से स्वच्छता अभियान चलाया जाता है। इसके बावजूद स्थिति में सुधार नहीं आ रहा। नालियों का पानी सड़क पर बह रहा है। स्वच्छता के नाम पर गांवों में अभियान तो चलाए जाते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर इनका असर देखने को नहीं मिलता। ग्राम पंचायत की ओर से कूड़ाघर के लिए दो एकड़ जमीन दी गई है लेकिन जमीन इस्माइलपुर रोड पर है जोकि गांव से करीब 2 किलोमीटर दूर है। ऐसे में सफाई कर्मचारी गांव में बस स्टैंड के लिए निर्धारित जमीन पर कूड़ा डाल रहे हैं जिसकी परेशानी ग्रामीणों को उठानी पड़ रही है।
आबादी 20 हजार, सफाई कर्मचारी 12 : जोगेंद्र
बादली निवासी जोगेंद्र का कहना है कि बादली गांव की आबादी 20 हजार से ऊपर ही है। गांव में पंचायत के लिए कुल 20 वार्ड बनाए गए हैं जबकि सफाई की जिम्मेदारी के लिए मात्र 12 कर्मचारी ही नियुक्त हैं। वर्षों से सफाई कर्मचारियों को बढ़ाने की मांग उठाई जा रही है। अभी तक कर्मचारियों की संख्या में इजाफा नहीं किया गया है। इसके अतिरिक्त आबादी और रिहायशी क्षेत्र में दिनों दिन बढ़ोतरी हो रही है।
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साधनों का है अभाव : दीपक
ग्रामीण दीपक का कहना है कि सफाई कर्मचारियों के पास एक ट्रैक्टर-ट्रॉली है। गांव का रिहायशी क्षेत्र ज्यादा होने के चलते एक ट्रॉली कूड़ा उठाने में पर्याप्त नहीं। एक-एक गली का नंबर 10-10 दिनों में आता है। सफाई कर्मचारी काम तो कर रहे हैं लेकिन गांव बड़ा होने के चलते उनके लिए मुश्किल साबित हो रहा है। ग्राम पंचायत को चाहिए कि वह साधनों का प्रबंध सफाई कर्मचारियों के लिए करवाएं।
कर्मचारियों की संख्या बढ़ाना जरूरी
गांव में गंदगी परेशानी बढ़ रही है। पंचायत पर्याप्त समाधान के लिए निरंतर प्रयास में है लेकिन साधनों और कर्मचारियों की कमी आड़े आ रही है। सफाई कर्मचारियों की संख्या बढ़ाना जरूरी है जिसके लिए प्रस्ताव प्रशासन के पास भेज रखा है। इसके बाद भी सफाई पर ध्यान दिया जा रहा है।
-अमित कुमार, सरपंच प्रतिनिधि।
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गांव के बस स्टैंड की जगह में गांव का कूड़ा डाला जाता है। जिससे बादली के ग्रामीणों के साथ अन्य गांवों से आने वाली सवारियों को भी परेशानी हो रही है। सवारियों को दुर्गंध का सामना करना पड़ रहा है। कई बार प्रशासन की ओर से स्वच्छता अभियान चलाया जाता है। इसके बावजूद स्थिति में सुधार नहीं आ रहा। नालियों का पानी सड़क पर बह रहा है। स्वच्छता के नाम पर गांवों में अभियान तो चलाए जाते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर इनका असर देखने को नहीं मिलता। ग्राम पंचायत की ओर से कूड़ाघर के लिए दो एकड़ जमीन दी गई है लेकिन जमीन इस्माइलपुर रोड पर है जोकि गांव से करीब 2 किलोमीटर दूर है। ऐसे में सफाई कर्मचारी गांव में बस स्टैंड के लिए निर्धारित जमीन पर कूड़ा डाल रहे हैं जिसकी परेशानी ग्रामीणों को उठानी पड़ रही है।
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आबादी 20 हजार, सफाई कर्मचारी 12 : जोगेंद्र
बादली निवासी जोगेंद्र का कहना है कि बादली गांव की आबादी 20 हजार से ऊपर ही है। गांव में पंचायत के लिए कुल 20 वार्ड बनाए गए हैं जबकि सफाई की जिम्मेदारी के लिए मात्र 12 कर्मचारी ही नियुक्त हैं। वर्षों से सफाई कर्मचारियों को बढ़ाने की मांग उठाई जा रही है। अभी तक कर्मचारियों की संख्या में इजाफा नहीं किया गया है। इसके अतिरिक्त आबादी और रिहायशी क्षेत्र में दिनों दिन बढ़ोतरी हो रही है।
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साधनों का है अभाव : दीपक
ग्रामीण दीपक का कहना है कि सफाई कर्मचारियों के पास एक ट्रैक्टर-ट्रॉली है। गांव का रिहायशी क्षेत्र ज्यादा होने के चलते एक ट्रॉली कूड़ा उठाने में पर्याप्त नहीं। एक-एक गली का नंबर 10-10 दिनों में आता है। सफाई कर्मचारी काम तो कर रहे हैं लेकिन गांव बड़ा होने के चलते उनके लिए मुश्किल साबित हो रहा है। ग्राम पंचायत को चाहिए कि वह साधनों का प्रबंध सफाई कर्मचारियों के लिए करवाएं।
कर्मचारियों की संख्या बढ़ाना जरूरी
गांव में गंदगी परेशानी बढ़ रही है। पंचायत पर्याप्त समाधान के लिए निरंतर प्रयास में है लेकिन साधनों और कर्मचारियों की कमी आड़े आ रही है। सफाई कर्मचारियों की संख्या बढ़ाना जरूरी है जिसके लिए प्रस्ताव प्रशासन के पास भेज रखा है। इसके बाद भी सफाई पर ध्यान दिया जा रहा है।
-अमित कुमार, सरपंच प्रतिनिधि।