फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jhajjar/Bahadurgarh News ›   Outside medicine being written to patients bypassing the rules

नियमों को दरकिनार कर मरीजाें को लिखी जा रही बाहर की दवा

Tue, 05 Apr 2022 02:03 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Tue, 05 Apr 2022 02:03 AM IST
विज्ञापन
Outside medicine being written to patients bypassing the rules
झज्जर। शहर के सामान्य अस्पताल में सोमवार को आम दिनों की अपेक्षा मरीजों की ज्यादा भीड़ देखने को मिली। सबसे ज्यादा मरीज बुखार, खांसी, जुकाम, सरदर्द, उल्टी व दस्त के मरीज ज्यादा इलाज करवाने के लिए पहुंच रहे हैं। मरीजों को निशुल्क दवाएं मिलती हैं, लेकिन मरीजों के कार्ड पर लिखी जा रही चार दवाइयों में से दो दवाइयां बाहर की लिखी जा रही हैं। जबकि बाहर की दवाइयां लिखने पर प्रतिबंध लगाया गया है। उसके बाद भी नियमों के विरुद्घ बाहर की दवाई मरीजों के कार्ड पर लिखी जा रही हैं और मरीजों को दुकानों से महंगी दवाई खरीदनी पड़ रही हैं। इससे उन्हें आर्थिक परेशानी उठानी पड़ रही है।
विज्ञापन

वहीं सामान्य अस्पताल में चिकित्सकों के 42 पद हैं। इनमें से केवल 14 चिकित्सक यहां पर कार्यरत हैं। सामान्य अस्पताल में मरीजों के इलाज के लिए ग्रामीण क्षेत्र के चिकित्सकों को बुलाया जाता है। जबकि कोई बड़ा हादसा हो जाए या कोई गंभीर हालत में मरीज आ जाए तो उसे रोहतक पीजीआई रेफर कर दिया जाता है। कन्हवा गांव निवासी गुलाब सिंह ने बताया कि अस्पताल में बच्चे का इलाज करवाने के लिए आया था, लेकिन आधी ही दवाई अस्पताल से दी गई हैं, वहीं खांसी की दवाई व अन्य दवाई चिकित्सकों ने बाहर से लेने के लिए कहा है। उन्होंने बताया कि सरकार तो मरीजों को निशुल्क दवा देने का प्रचार कर रही है, लेकिन झज्जर के सामान्य अस्पताल में मरीजों को बाहर से दवाएं लिखी जा रही हैं।
विज्ञापन

गर्भवती पत्नी को इलाज के लिए सामान्य अस्पताल में लेकर पहुंचे प्रवासी श्रमिक सज्जाद व अमीना ने बताया कि काफी देर इंतजार करने के बाद उसकी पत्नी की जांच की गई और फिर उनको रोहतक रेफर करने के लिए कहा गया। काफी परेशानी आर्थिक व मानसिक तौर पर हो रही है, क्योंकि सामान्य अस्पताल में सुविधाओं के नाम पर कुछ भी नजर ही आया। उन्होंने बताया कि वे तो शहर के सबसे बड़े अस्पताल में पहुंचे थे। यहां पर दवाइयां भी आधी ही दी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

ओपीडी में रहती है सबसे ज्यादा भीड़
सामान्य अस्पताल झज्जर की तीन ओपीडी में अधिक भीड़ रहती है। जिनमें नेत्र विभाग, महिला रोग विभाग और मेडिसन विभाग शामिल हैं। अनेक प्रकार के सामान्य रोगी इस विभाग में आते हैं जिससे भीड़ रहती है। वहीं डॉ. प्रीती दुग्गल ने बताया कि तीन विभागों के अतिरिक्त ऑर्थो विभाग में काफी संख्या में लोग इलाज करवाने आते हैं। बाल रोग, दंत और ईएनटी आदि विभागों में काफी मरीज अपना इलाज करवाने के लिए पहुंचते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed