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Jhajjar-Bahadurgarh News: लडरावन के ग्रामीणों का जलघर पर प्रदर्शन
Sun, 02 Jun 2024 05:26 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर/बहादुरगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर/बहादुरगढ़
Updated Sun, 02 Jun 2024 05:26 AM IST
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बहादुरगढ़। भीषण गर्मी में पानी-बिजली के लिए हा-हाकार मचा हुआ है। लडरावन गांव के ग्रामीण भी गर्मी के मौसम में पेयजल किल्लत से जूझ रहे हैं। कहने के बाद भी समस्या का समाधान न होने पर शनिवार को ग्रामीणों का गुस्सा फूट गया। उन्होंने लडरावन गांव के जलघर पर पहुंचकर नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने विभाग के अधिकारियों को तीन दिन का अल्टीमेटम देते हुए साफ कर दिया है कि यदि पानी की समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वह सड़क जाम करेंगे।
ग्रामीण वजीर सिंह, जोगेंद्र छिकारा, शमशेर सिंह, राजिंदर, सतपाल, महावीर, रामकुमार फौजी, रघुवीर, मनोज, रामनिवास, चांद, अनिल, यशवंती, कमलेश अंजु, इंद्रो आदि ने कहा कि जलघर के संग्रह टैंक खाली पड़े होने के साथ-साथ जगह-जगह से टूटे पड़े हैं। फिल्टर खपतवार से पटे हैं। विभागीय अधिकारी केवल कागजों में सफाई की खानापूर्ति कर रहे हैं। जबकि जमीनी स्तर पर आपूर्ति ठप है। भू जलस्तर काफी नीचे है जो पीने योग्य न होकर कड़वा है। कोई वैकल्पिक व्यवस्था पेयजल की भी नहीं है। ग्रामीण निजी तौर पर खरीद कर पीने को मजबूर हैं। ग्रामीण टैंकरों के सहारे अपनी प्यास बुझा रहे हैं। कहने के बाद भी कोई सुनवाई नहीं होती। जनप्रतिनिधि भी ध्यान नहीं दे रहे। ग्रामीणों ने विभाग के उच्चाधिकारियों को तीन दिन की चेतावनी दी है। यदि पानी की समस्या का समाधान नहीं होता है तो नाहरा-नाहरी रोड को जाम किया जाएगा। विभाग की लापरवाही के कारण जलघर आवारा पशु, शराबियों का अड्डा, कूड़ाघर में तब्दील होता जा रहा है। इससे ग्रामीणों में भयंकर आक्रोश है।
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ग्रामीण वजीर सिंह, जोगेंद्र छिकारा, शमशेर सिंह, राजिंदर, सतपाल, महावीर, रामकुमार फौजी, रघुवीर, मनोज, रामनिवास, चांद, अनिल, यशवंती, कमलेश अंजु, इंद्रो आदि ने कहा कि जलघर के संग्रह टैंक खाली पड़े होने के साथ-साथ जगह-जगह से टूटे पड़े हैं। फिल्टर खपतवार से पटे हैं। विभागीय अधिकारी केवल कागजों में सफाई की खानापूर्ति कर रहे हैं। जबकि जमीनी स्तर पर आपूर्ति ठप है। भू जलस्तर काफी नीचे है जो पीने योग्य न होकर कड़वा है। कोई वैकल्पिक व्यवस्था पेयजल की भी नहीं है। ग्रामीण निजी तौर पर खरीद कर पीने को मजबूर हैं। ग्रामीण टैंकरों के सहारे अपनी प्यास बुझा रहे हैं। कहने के बाद भी कोई सुनवाई नहीं होती। जनप्रतिनिधि भी ध्यान नहीं दे रहे। ग्रामीणों ने विभाग के उच्चाधिकारियों को तीन दिन की चेतावनी दी है। यदि पानी की समस्या का समाधान नहीं होता है तो नाहरा-नाहरी रोड को जाम किया जाएगा। विभाग की लापरवाही के कारण जलघर आवारा पशु, शराबियों का अड्डा, कूड़ाघर में तब्दील होता जा रहा है। इससे ग्रामीणों में भयंकर आक्रोश है।
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