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Jhajjar-Bahadurgarh News: भारत के विज्ञान का विश्व में बजा डंका

Sun, 03 Sep 2023 01:57 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sun, 03 Sep 2023 01:57 AM IST
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India's science rang out in the world
झज्जर। शहरवासियों ने रविवार को इसरो आदित्य एल-1 को सूर्य मिशन पर भेजने पर देश के वैज्ञानिको ढेरों शुभकामनाए देते हुए आदित्य एल-1 की सफलता पर खुशियां मनाई। शहरवासियों ने बताया कि इसरो ने आदित्य एल-1 को सूर्य मिशन के लिए भेजा गया। रविवार को भारत एक और इतिहास रखने जा रहा है यह भारत का पहला सूर्य मिशन है पूरे विश्व की निगाहें भारत की तरफ है चंद्रयान 3 की सफलता के बाद पूरा देश, पूरा संसार इसरो की तरफ सूर्य मिशन आदित्य एल-1 पर निगाहें टिकी हुई है। रविवार को सुबह श्रीहरिकोटा के लाल सिंह सेक्टर से आदित्य एल-1 को 11:50 पर लॉच किया गया।आदित्य एल-1 की एक परसेंट दूरी तय करेगा। चंद्रमा की टोटल दूरी 150 मिलियन है, आदित्य एल्बम 1.5 मिलियन की दूरी तय करेगा। यह 127 दिन के बाद एल-1 पॉइंट पर पहुंच जाएगा। एल-1 वह पॉइट है। शिक्षक नद्रि कुमार ने बताया कि पृथ्वी और चंद्रमा का गुरुत्वाकर्षण जीरो हो जाता है, आदित्य एल-1 को पीएसएलवी एक्सेल रॉकेट से लॉच किया गया। 16 दिन बाद यह धरती के गुरुत्वाकर्षण यानी स्पेयर का इनफ्लुएंस से बाहर हो जाएगा।उन्होंने बताया कि इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने भी सभी वैज्ञानिकों को बधाई दी। उन्होंने बताया भारत अब चांद के साथ-साथ सूर्य मिशन भूमिका में भी प्राप्त करेगा। इस अवसर पर शहर में चारों तरफ खुशियां मनाई गई।
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आदित्य एल-1 की सफल लांचिंग ऐतिहासिक पल : नवीन
-भाजयुमो जिलाध्यक्ष नवीन बंटी ने इसरो व मिशन से जुड़े वैज्ञानिकों को दी बधाई

संवाद न्यूज एजेंसी

बहादुरगढ़। चंद्रयान-3 की चन्द्रमा पर सफल लैंडिंग के बाद इसरो द्वारा मिशन सूरज की तरफ कदम बढ़ाते हुए आदित्य एल-1 की सफल लांचिंग करने से लोग उत्साहित हैं। लोगों ने घरों पर परिवार के साथ टीवी पर इसका प्रसारण देखा। युवाओं में जबर्दस्त जोश और उत्साह है। सामाजिक, राजनीतिक संगठनों ने इसे देश का गौरव बताया है। युवाओं ने इसे एतिसाहिक पल बताते हुए कहा कि वह दिन दूर नहीं जब भारत अमेरिका, रुस और चीन के बराबर खड़ा होगा और विकसित देश बनेगा। स्कूलों में भी बच्चों को सीधा प्रसारण दिखाया गया।
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चंद्रयान मिशन की सफलता के कारण इसरो के आदित्य वन की लॉचिंग को लेकर लोग काफी उत्साहित थे। उन्होंने पहले ही इसका प्रसारण देखने के लिए तैयारी कर ली थी। व्यापारियों ने अपनी दुकानों पर टीवी सैट पर इसका प्रसारण देखा। लोग भी परिवार के साथ इसे देखते नजर आए। शनिवार सुबह श्रीहरिकोटा के लाल सिंह सेक्टर से आदित्य एल-1 को 11:50 पर लॉच किया गया। इसकी चंद्रमा की कुल दूरी 150 मिलियन है, आदित्य एल्बम 1.5 मिलियन की दूरी तय करेगा। शिक्षक नद्रि कुमार ने बताया कि पृथ्वी और चंद्रमा का गुरुत्वाकर्षण जीरो हो जाता है, आदित्य एल-1 को पीएसएलवी एक्सेल रॉकेट से लॉच किया गया। 16 दिन बाद यह धरती के गुरुत्वाकर्षण यानी स्पेयर का इनफ्लुएंस से बाहर हो जाएगा।उन्होंने बताया कि इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने भी सभी वैज्ञानिकों को बधाई दी। उन्होंने बताया भारत अब चांद के साथ-साथ सूर्य मिशन भूमिका में भी प्राप्त करेगा। इस अवसर पर शहर में चारों तरफ खुशियां मनाई गई।
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भारतीय वैज्ञानिकों ने दिलाई एक ओर कामयाबी- फोटो 54
भाजयुमो नेता नवीन बंटी ने कहा कि भारत के महान वैज्ञानिकों ने दिखा दिया है कि कोई भी ऐसा क्षेत्र नहीं है जहां भारत की सफलता का जिक्र न हो। नवीन बंटी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी विशेष बधाई के पात्र हैं क्योंकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा इसरो को अनुसंधान के लिए हर संसाधन मुहैया कराए जा रहे हैं जिसका परिणाम है कि भारत के महान वैज्ञानिक मिशन चंद्रमा को पूरा करने के उपरांत अब मिशन सूरज को पूरा करने में लगे हुए और आज मिशन सूर्य की और कदम बढ़ाते हुए आदित्य एल-1 की सफल लांचिंग करके भारत को विश्व गुरु बनाने का काम कर रहे हैं।




भारत के विज्ञान का विश्व में बजा डंका : सिंह -फोटो 55

बहादुरगढ़। इसरो ने आदित्य एल-1 की सफल लांचिंग करके भारत ही नहीं बल्कि पूरे विश्व में भारत के विज्ञान का डंका बजाया है। आज देश ही नहीं बल्कि पूरा विश्व इसरो व भारतीय वैज्ञानिकों की सराहना कर रहा है। यह बात लघु उद्योग भारती हरियाणा के प्रदेश उपाध्यक्ष समाजसेवी एडवोकेट बलबीर सिंह ने आदित्य एल-1 की सफल लांचिंग पर भारतीय वैज्ञानिकों को बधाई देते हुए कही। एडवोकेट बलबीर सिंह ने कहा कि इससे पहले इसरो ने चंद्रमा के दक्षिण धु्रव पर चंद्रयान-3 की सफल लैंडिंग कराकर पूरे विश्व को आश्चर्यचकित किया था और अब मिशन सूर्य के तहत आदित्य एल-1 की सफल लांचिंग कराकर यह साबित कर दिया है कि पूरे विश्व में भारत का विज्ञान सबसे आगे है। भारतीय वैज्ञानिक जो मन में ठान लेते हैं उस मिशन को हर हाल में पूरा करने का काम करते हैं यह बात आज पूरा विश्व जान चुका है।
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