फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jhajjar/Bahadurgarh News ›   Ola cab murder case, two accused arrest, Bahadurgarh

घर जाने को नहीं था किराया, लूट के बाद की हत्या

Tue, 11 Oct 2016 12:34 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बहादुरगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, बहादुरगढ़ Updated Tue, 11 Oct 2016 12:34 AM IST
विज्ञापन
Ola cab murder case, two accused arrest, Bahadurgarh
हत्याकांड का खुलासा - फोटो : bureau

तीन सप्ताह पहले कसार के नजदीक ओला कैब ड्राइवर की लूट के बाद हत्या की वारदात से पुलिस ने पर्दा उठा दिया। मामले में यूपी के दो युवकों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। वे फिलहाल बहादुरगढ़ के गांव परनाला में रहकर मजदूरी करने लगे थे, लेकिन पुलिस ने एक अन्य वारदात को अंजाम देने की साजिश रचते उन्हें धर दबोचा। एक आरोपी के कब्जे से अवैध हथियार और एक कारतूस भी मिला है।

विज्ञापन


एसपी जशनदीप सिंह ने बताया कि रविवार को नाइट डोमिनेशन के दौरान एसओजी टीम एसआई दिलबाग सिंह के नेतृत्व में गश्त पर थी तो उन्हें एक युवक यूपी के गांव गोहानी पडवाड़ी जिला हमीरपुर निवासी रवि करण संदिग्ध अवस्था में यहां मिला।
विज्ञापन


उसने अपने गांव के ही एक युवक के साथ मिलकर सेक्टर-17 के नजदीक 19-20 सितंबर की रात को ओला कैब चालक डाबोदा खुर्द निवासी परमजीत की हत्या करने और बाद में उसके शव को सड़क किनारे फेंकने की बात कबूली। पुलिस ने जब सख्ती से पूछताछ की तो उसने बताया कि लूट की किसी दूसरी वारदात को अंजाम देने की फिराक में था। पकड़े गए आरोपियों में रवि करण के अलावा उसके गांव का ही रहने वाले युवक सुमित को भी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
विज्ञापन
विज्ञापन


पैसों के चलते किया मर्डर
पुलिस के अनुसार ओला कैब ड्राइवर परमजीत की हत्या के आरोपियों ने कबूला कि वे दिल्ली से अपने गांव यूपी जाना चाहते थे। इसके लिए उनके पास ट्रेन का किराया नहीं था। उन्होंने पैसों का इंतजाम करने के लिए पहले से ही किसी को लूटने साजिश रची थी। दिल्ली रेलवे स्टेशन पर जब ओला कैब ड्राइवर किसी सवारी के इंतजार में था तो उसी वक्त दोनों ने प्लानिंग के तहत उसकी गाड़ी को बहादुरगढ़ के लिए हायर कर लिया।

इसके लिए एक हजार रुपये में किराया तय हुआ, लेकिन बहादुरगढ़ पहुंचने पर दोनों युवकों ने पहले ठेके पर गाड़ी को रुकवाया और फिर शराब पी। कैब ड्राइवर ने उनसे किराया मांगा तो उन्होंने देने से मना कर दिया। इसको लेकर उनमें कहासुनी हो गई। बाद में शातिर अपराधी अपने किसी जानकार से पैसे दिलाने के बहाने उसे सेक्टर-17 की तरफ ले गए और अंधेरे का फायदा उठाकर उसके सिर में डंडे मारकर और परने (कपड़े) से गला घोंटकर उसे मौत के घाट उतार दिया था।

लूटा था एटीएम और मोबाइल भी
पकड़े गए दोनों अपराधियों ने बातों ही बातों में कैब ड्राइवर परमजीत से उसके एटीएम और पासवर्ड के बारे में भी जानकारी जुटा ली थी। वारदात को अंजाम देने के वक्त उन्होंने उससे उसका एटीएम और मोबाइल भी लूट लिया था। उसके खाते से करीब 15 हजार की नकदी भी निकाल ली थी, लेकिन आखिरकार पुलिस ने उन्हें किसी दूसरी वारदात को अंजाम देने से पहले ही दबोच लिया।


यह थी घटना
परमजीत ने हत्याकांड से तीन-चार माह पहले ही अपनी वैगनआर गाड़ी को ओला कैब से जोड़ा था। वह परिवार के लोगों को घर जल्दी आने की बात कहकर निकला था, लेकिन देर रात तक भी वह घर नहीं लौटा था तो परिजनों को चिंता सताने लगी थी। 20 सितंबर को उसका खून से लथपथ और गले में कपड़ा बंधा शव कसार के नजदीक सड़क किनारे पड़ा मिला था। घटनास्थल के साथ ही उसकी गाड़ी भी खड़ी थी। इस हत्याकांड को लेकर मृतक के परिवार के लोग कई बार पुलिस अधिकारियों से भी मिले थे।
 

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed