फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jhajjar/Bahadurgarh News ›   Blood doner required blood

42 बार दिया खून, जरूरत पड़ी तो खुद तरसे

Sun, 05 Jul 2015 01:52 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/ बहादुरगढ़
अमर उजाला ब्यूरो/ बहादुरगढ़ Updated Sun, 05 Jul 2015 01:52 AM IST
विज्ञापन

रक्तदान महादान की कहावत पर अमल करते हुए 42 बार रक्तदान कर चुके प्रदीप कुमार के लिए खून का बंदोबस्त करना उनके परिवार के लिए चुनौती बन गया है।

विज्ञापन


प्रदीप के शरीर में खून की जरूरत पूरी करने के लिए परिजन दर-दर की खाक छान रहे हैं। दूसरों को जीवन देने के लिए हमेशा खून देने के लिए तत्पर रहने वाले प्रदीप को खून के लिए तरसना पड़ रहा है।
विज्ञापन


शहर के बरारी रोड पर रहने वाला प्रदीप पुत्र उमांकात शर्मा इन दिनों पाइल्स की बीमारी की चपेट में है और इसके कारण शरीर में खून की कमी हो गई है। परिजनों की मानें तो उसे दो जुलाई को शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती करवाया गया, जहां चिकित्सकों ने चार यूनिट खून की जरूरत बताई।
विज्ञापन
विज्ञापन


प्रदीप का ब्लड ग्रुप ए नेगेटिव है और यह बहुत कम लोगों का होता है। ऐसे में उसके ग्रुप का खून लेने के लिए परिजनों को आसपास के क्षेत्रों के ब्लड बैंकों का रुख करना पड़ा।

चिकित्सकों की मांग के अनुसार, खून का बंदोबस्त करने के लिए परिजन दीनदयाल उपाध्याय अस्पताल पहुंचे जहां से एक यूनिट ब्लड मिला। इसके बाद सरकारी अस्पताल झज्जर से भी उन्हें एक यूनिट रक्त मिला।

बाकी खून का बंदोबस्त करने के लिए पीजीआई रोहतक पहुंचे परिजनों को निराशा हाथ लगी। प्रदीप के मौसरे भाई धर्मपाल की मानें तो वहां ड्यूटी पर मौजूद कर्मियों का व्यवहार बेहद रूखा था।

पहले तो उन्होंने डोनेशन फार्म के प्रारूप पर सवाल उठाए। रोहतक से बहादुरगढ़ तीन चक्कर लगवाने के बाद कागजात पूरे करने पर भी उन कर्मचारियों ने खून देने से साफ इंकार कर दिया। परिजनों ने ऐसे संवेदनहीन कर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।


इनवर्टर की बैटरी बनाने और बेचने का काम करने वाला 40 वर्षीय प्रदीप बहादुरगढ़ के अलावा झज्जर, रोहतक व चंडीगढ़ तक रक्तदान कर चुका है। कुल 42 बार रक्तदान कर चुके प्रदीप ने करीब दो महीने पहले भी रक्तदान किया था।

प्रदीप के भाई हरीश ने बताया कि प्रदीप वाला ब्लड ग्रुप ए नेगेटिव रेयर व्यक्ति का ही होता है। इसीलिए प्रदीप का नाम पीजीआई रोहतक में डोनर लिस्ट में भी दर्ज है और वहां से कॉल आने पर वह कई बार रक्तदान भी कर चुका है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed