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एक लाख क्विंटल गेहूं के बीज की आवश्यकता, आया दस हजार क्विंटल
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क्षेत्र में गेहूं की बिजाई का कार्य जोरों पर चल रहा है। वहीं किसानों को डिमांड के अनुसार बीज नहीं मिल रहा है, जिला भर में गेहूं के बीज के लिए मारामारी चल रही है। रविवार को बीज बिक्री केंद्र बंद रहे। वहीं सोमवार को सुबह ही किसान बीज लेने के लिए बीज बिक्री केंद्रों पर पहुंच जाएंगे।
बिक्री केंद्रों पर नाममात्र का बीज आ रहा है, जो साथ ही साथ बिक रहा है। जिला में डिमांड के अनुसार बीज उपलब्ध ना होने के कारण किसान परेशान हैं। सरकारी आंकड़ों के अनुसार झज्जर जिले में करीब 105000 हेक्टेयर भूमि में गेहूं की बिजाई की जाती है और इसके अनुरूप जिला के किसानों को 10500 क्विंटल ही गेहूं की विभिन्न किस्मों का भी चाहिए।
प्राइवेट बीज बिक्री केंद्रों पर मिलता है महंगा बीज
जिले में 6 सरकारी केंद्रों पर गेहूं की 306 किशन को छोड़कर बाकी 940 रुपये का बैग किसानों को मिल रहा है। जबकि 306 किस्म का बीज 1600 रुपये प्रति बैग बिक रहा है। जो किस्म सरकारी बीज केंद्रों पर नहीं आई है, उसे प्राइवेट बीज बिक्री केंद्रों वाले 1150 से 1500 रुपये तक बेच रहे हैं। जिले में नवंबर के अंत तक गेहूं की बिक्री और बिजाई का कार्य जारी रहेगा।
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घर पर भी करते हैं किसान बीज तैयार
करीब 40 से 45 प्रतिशत किसान गेहूं का बीज घर पर भी तैयार करते हैं। पिछले वर्ष निकाले गए गेहूं में से ही अच्छा गेहूं निकाल कर उसका बीज उपचार करते हुए किसान बीज को तैयार करते हैं और काफी मात्रा में किसान अपने खेतों में खुद का तैयार किया हुआ बीज भी बिजाई करते हैं।
सरकारी बीज की बिक्री के लिए 6 केंद्र स्थापित
झज्जर जिला में सरकारी गेहूं के बीज की बिक्री के लिए झज्जर में दो, बहादुरगढ़ में दो बादली व बेरी में एक-एक बीज बिक्री केंद्र खोले गए हैं ताकि किसानों को उनके क्षेत्र में ही बीज मिल सके।
सरकारी बीज बिक्री केंद्रों पर बीज की आवक निरंतर जारी है। हालांकि जिला में जितना बीज आ रहा है, वह किसानों को उपलब्ध कराया जा रहा है। नवंबर के अंत तक गेहूं के बीज के डिमांड रहती है।
- डॉक्टर इंद्र सिंह, उपनिदेशक, कृषि एवं किसान कल्याण विभाग, झज्जर।
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बिक्री केंद्रों पर नाममात्र का बीज आ रहा है, जो साथ ही साथ बिक रहा है। जिला में डिमांड के अनुसार बीज उपलब्ध ना होने के कारण किसान परेशान हैं। सरकारी आंकड़ों के अनुसार झज्जर जिले में करीब 105000 हेक्टेयर भूमि में गेहूं की बिजाई की जाती है और इसके अनुरूप जिला के किसानों को 10500 क्विंटल ही गेहूं की विभिन्न किस्मों का भी चाहिए।
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प्राइवेट बीज बिक्री केंद्रों पर मिलता है महंगा बीज
जिले में 6 सरकारी केंद्रों पर गेहूं की 306 किशन को छोड़कर बाकी 940 रुपये का बैग किसानों को मिल रहा है। जबकि 306 किस्म का बीज 1600 रुपये प्रति बैग बिक रहा है। जो किस्म सरकारी बीज केंद्रों पर नहीं आई है, उसे प्राइवेट बीज बिक्री केंद्रों वाले 1150 से 1500 रुपये तक बेच रहे हैं। जिले में नवंबर के अंत तक गेहूं की बिक्री और बिजाई का कार्य जारी रहेगा।
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घर पर भी करते हैं किसान बीज तैयार
करीब 40 से 45 प्रतिशत किसान गेहूं का बीज घर पर भी तैयार करते हैं। पिछले वर्ष निकाले गए गेहूं में से ही अच्छा गेहूं निकाल कर उसका बीज उपचार करते हुए किसान बीज को तैयार करते हैं और काफी मात्रा में किसान अपने खेतों में खुद का तैयार किया हुआ बीज भी बिजाई करते हैं।
सरकारी बीज की बिक्री के लिए 6 केंद्र स्थापित
झज्जर जिला में सरकारी गेहूं के बीज की बिक्री के लिए झज्जर में दो, बहादुरगढ़ में दो बादली व बेरी में एक-एक बीज बिक्री केंद्र खोले गए हैं ताकि किसानों को उनके क्षेत्र में ही बीज मिल सके।
सरकारी बीज बिक्री केंद्रों पर बीज की आवक निरंतर जारी है। हालांकि जिला में जितना बीज आ रहा है, वह किसानों को उपलब्ध कराया जा रहा है। नवंबर के अंत तक गेहूं के बीज के डिमांड रहती है।
- डॉक्टर इंद्र सिंह, उपनिदेशक, कृषि एवं किसान कल्याण विभाग, झज्जर।