{"_id":"5c783428bdec225567681240","slug":"161551381544-jhajjar-bahadurgarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"0्रमिकों ने प्रदर्शन कर तहसीलदार को सौंपा ज्ञापन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
0्रमिकों ने प्रदर्शन कर तहसीलदार को सौंपा ज्ञापन
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
चरखी दादरी। भवन निर्माण कामगार यूनियन हरियाणा के आह्वान और दादरी ब्लॉक कमेटी की अगुवाई में भवन निर्माण कामगार मजदूरों ने वीरवार को शहर में प्रदर्शन किया। इस दौरान लघु सचिवालय पहुंचकर तहसीलदार के माध्यम से डीसी को ज्ञापन सौंपा। इस दौरान यूनियन में शामिल श्रमिकों ने कर्मकार कल्याण बोर्ड की सेवाओं को ऑफ लाइन ही करने की मांग की।
ब्लॉक सचिव जयभगवान रावलधी ने बताया कि सभी निर्माण मजदूर कारीगरों ने वीरवार को यूनियन कार्यालय में एकत्रित होकर रोष सभा की। इस सभा में जिला सचिव अनिल कुमार ने कहा कि भाजपा सरकार की मजदूर विरोधी नीतियों के कारण निर्माण मजदूर कारीगरों में भारी रोष है। इस सरकार ने 429 सुविधाओं को ऑनलाइन करने का निर्णय लिया है। इसके तहत भवन निर्माण एवं अन्य निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड की प्रक्रिया को भी ऑनलाइन करने का फैसला लिया है। इस कारण दो माह से प्रदेश के निर्माण मजदूर कारीगर दर-दर की ठोकरें खाने को विवश हैं। मजदूरों का न तो पंजीकरण हो रहा है और न नवीनीकरण हो रहा है। इसके अलावा अन्य सुविधाओं के फार्म भी जमा नहीं हो रहे हैं। आठ माह से भिवानी और चरखी दादरी के हजारों सुविधा फार्म जमा होने के बावजूद मजदूरों को सुविधा राशि का लाभ नहीं मिल रहा है। निर्माण मजदूरों के बोर्ड में 2900 करोड़ रुपये जमा होने के बावजूद उन्हें सुविधाओं से वंचित किया जा रहा है। सरकार बोर्ड के पैसे का राजनैतिक फायदा उठाने के लिए इस्तेमाल कर रही है। इसके खिलाफ निर्माण मजदूर कारीगरों में भारी रोष है। इस मौके पर सोमबीर पांडवान, ओमबीर बिगोवा, अरविंद गुडाना, सुरेश, रफीक नीमली, ओमप्रकाश, रामनिवास, नीता कासनी, आजाद ढाणी फौगाट, कुलदीप चरखी, कर्ण सिंह रासीवास आदि उपस्थित थे।
विज्ञापन
चरखी दादरी। भवन निर्माण कामगार यूनियन हरियाणा के आह्वान और दादरी ब्लॉक कमेटी की अगुवाई में भवन निर्माण कामगार मजदूरों ने वीरवार को शहर में प्रदर्शन किया। इस दौरान लघु सचिवालय पहुंचकर तहसीलदार के माध्यम से डीसी को ज्ञापन सौंपा। इस दौरान यूनियन में शामिल श्रमिकों ने कर्मकार कल्याण बोर्ड की सेवाओं को ऑफ लाइन ही करने की मांग की।
ब्लॉक सचिव जयभगवान रावलधी ने बताया कि सभी निर्माण मजदूर कारीगरों ने वीरवार को यूनियन कार्यालय में एकत्रित होकर रोष सभा की। इस सभा में जिला सचिव अनिल कुमार ने कहा कि भाजपा सरकार की मजदूर विरोधी नीतियों के कारण निर्माण मजदूर कारीगरों में भारी रोष है। इस सरकार ने 429 सुविधाओं को ऑनलाइन करने का निर्णय लिया है। इसके तहत भवन निर्माण एवं अन्य निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड की प्रक्रिया को भी ऑनलाइन करने का फैसला लिया है। इस कारण दो माह से प्रदेश के निर्माण मजदूर कारीगर दर-दर की ठोकरें खाने को विवश हैं। मजदूरों का न तो पंजीकरण हो रहा है और न नवीनीकरण हो रहा है। इसके अलावा अन्य सुविधाओं के फार्म भी जमा नहीं हो रहे हैं। आठ माह से भिवानी और चरखी दादरी के हजारों सुविधा फार्म जमा होने के बावजूद मजदूरों को सुविधा राशि का लाभ नहीं मिल रहा है। निर्माण मजदूरों के बोर्ड में 2900 करोड़ रुपये जमा होने के बावजूद उन्हें सुविधाओं से वंचित किया जा रहा है। सरकार बोर्ड के पैसे का राजनैतिक फायदा उठाने के लिए इस्तेमाल कर रही है। इसके खिलाफ निर्माण मजदूर कारीगरों में भारी रोष है। इस मौके पर सोमबीर पांडवान, ओमबीर बिगोवा, अरविंद गुडाना, सुरेश, रफीक नीमली, ओमप्रकाश, रामनिवास, नीता कासनी, आजाद ढाणी फौगाट, कुलदीप चरखी, कर्ण सिंह रासीवास आदि उपस्थित थे।
विज्ञापन