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बिना रैंप वाले भवन में लगाया दिव्यांगों का कष्ट निवारण शिविर, कष्ट हुआ तो दिव्यांग कमिश्नर ने बाहर कुर्सी डाल सुननी पड़ी समस्याए

Sat, 30 Sep 2017 01:39 AM IST
Updated Sat, 30 Sep 2017 01:39 AM IST
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बिना रैंप वाले भवन में लगाया दिव्यांगों का कष्ट निवारण शिविर, कष्ट हुआ तो दिव्यांग कमिश्नर ने बाहर कुर्सी डाल सुननी पड़ी समस्याए
अमर उजाला ब्यूरो
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झज्जर।
प्रशासन के द्वारा शुक्रवार को दिव्यांगजनों की समस्या सुनने के लिए दिव्यांग आयोग के आयुक्त दिनेश शास्त्री का कार्यक्रम संवाद भवन में रखा गया था। जहां पर दिव्यांगों के लिए रैंप की सुविधा नहीं थी। संवाद भवन में सीढ़ियां लगी हुई हैं, जहां पर दिव्यांग चढ़ नहीं पा रहे थे। जिसके चलते ट्राईसाइकिल के सहारे वे कार्यक्रम स्थल के बाहर ही खड़े रहे। जब दिव्यांग आयोग आयुक्त अपनी गाड़ी से उतरकर संवाद भवन में जाने लगे तो दिव्यांगजनों ने उन्हें आवाज लगाई। जिसके बाद आयुक्त दिनेश शास्त्री उनकी तरफ आए।
दिव्यांगजनों ने अधिकारियों की शिकायत करते हुए कहा कि वे अपनी समस्याएं रखने के लिए आए थे। लेकिन अधिकारियों ने बिना रैंप वाले भवन में मीटिंग रख दी। जिसके चलते वे अंदर नहीं जा सकते। जिस पर दिव्यांग आयोग के आयुक्त दिनेश शास्त्री ने मौके पर मौजूद प्रशासनिक अधिकारियों को फटकार लगाई और अपने लिए भी वहीं कुर्सी मंगवा ली। दिव्यांगजनों के सामने ही चेयर पर बैठकर उनकी समस्याएं सुनी।
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परेशानी उठाकर संवाद भवन में पहुंचे दिव्यांग
प्रशासनिक अधिकारियों ने कार्यक्रम के आयोजन से पूर्व इस बात का जरा सा भी ध्यान नहीं रखा कि आयोग के आयुक्त दिनेश शास्त्री भी खुद दिव्यांग हैं। उनके लिए स्टेज पर सोफा रखवा दिया। स्टेेज करीब ढाई फुट ऊंचाई वाला था, जिस पर चढ़ते समय उन्हें भी परेशानी आई। वहीं इसी दौरान संवाद भवन में समस्या रखने के लिए पहुंचे दिव्यांगों को भी शिकायतें उन तक पहुंचाने में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
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ज्वाइन नहीं करवा रहा शिक्षा विभाग
बेरी गेट निवासी दिव्यांग मनफूल ने आयोग आयुक्त को बताया कि वह बंसीलाल सरकार में हिंदी अध्यापक के पद पर 89 दिन के लिए लगाया गया था। उसे छह माह नौकरी करवाने के बाद निकाल दिया था। मामले को लेकर वह कोर्ट में भी गया था, जहां केस जीत गया। अब शिक्षा विभाग के अधिकारी उसे ज्वाइन करवाने में आनाकानी कर रहे हैं। जिस पर आयोग आयुक्त ने मामले की जांच एसडीएम को सौंप दी। उन्होंने निर्देश दिए कि वे जल्द मामले को पूरा कर उन्हें रिपोर्ट करें।

आयुक्त के सामने रखी कई मांग
- नवजीवन दिव्यांग समिति के प्रधान होशियार सिंह ने आयुक्त दिनेश शास्त्री को मांगपत्र सौंपा। जिसमें उन्होंने दिव्यांगों को बैटरी वाली ट्राईसाइकिल, उनके बच्चों की शादी में एक लाख रुपये की आर्थिक मदद, बीपीएल राशन कार्ड, उनके बच्चों को फ्री शिक्षा, हर जिले में पुर्नवास केंद्र, पढ़े-लिखे दिव्यांगों को डीसी रेट पर तुरंत नौकरी देने की मांगें रखी। जिस पर आयोग आयुक्त ने मांगों पर सहानुुभूतिपूर्वक विचार करने का आश्वासन दिया।


दिव्यांगों की समस्या का ध्यान रखना चाहिए : होशियार
दिव्यांग आयोग के आयुक्त दिनेश शास्त्री के समस्या सुनने पहुंचने की सूचना देकर उन्हें बुलाया गया था। वे जब संवाद भवन पहुंचे तो वहां पर रैंप की सुविधा नहीं थी। इसलिए वे ट्राईसाइकिल पर बाहर ही बैठे रहे। जब आयुक्त आए तो उन्हें समस्या से अवगत करवाया। जिस पर उन्होंने अधिकारियों को फटकार लगाई।
- होशियार, प्रधान, नवजीवन दिव्यांग समिति


- ढाई फीट ऊंचे स्टेज पर बैठाए दिव्यांग आयोग आयुक्त
- दिव्यांग बोले- शिविर में पहुंचकर उठाया जोखिम
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