फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Hisar News ›   When the registration is canceled, the student knocks on the door of the court, then the expenses will be recovered from the school

पंजीकरण रद्द होने पर विद्यार्थी खटखटाता है कोर्ट का दरवाजा तो स्कूल से वसूला जाएगा खर्च

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 30 Jan 2022 12:24 AM IST
विज्ञापन
When the registration is canceled, the student knocks on the door of the court, then the expenses will be recovered from the school
संदीप रामायण
विज्ञापन

हिसार। अस्थायी मान्यता प्राप्त स्कूलों को 30 जनवरी तक भिवानी शिक्षा बोर्ड कार्यालय में संबद्धता शुल्क भरना होगा। साथ ही रिकॉर्ड चेक कराना होगा। इसके लिए 30 जनवरी तक पोर्टल खुला रहेगा। अगर किसी स्कूल ने 9वीं से 12वी कक्षा के किसी भी विद्यार्थी का दाखिला एनरोलमेंट नंबर जारी करने के नियमानुसार नहीं किया तो शिक्षा बोर्ड ऐसे स्कूलों पर 3 लाख रुपये तक का जुर्माना लगा सकता है। जुर्माना लगाने के बाद भी ये स्कूल अगर नियमों का पालन नहीं करेंगे तो इन स्कूलों को भविष्य में अस्थायी मान्यता भी नहीं दी जाएगी। साथ ही स्कूल मुखिया के खिलाफ कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
हरियाणा शिक्षा बोर्ड का कहना है कि कई बार स्कूलों द्वारा छात्रों को गलत तरीके से दाखिला दिया जाता है। बोर्ड द्वारा इन छात्रों के एनरोलमेंट नंबर रद्द कर दिए जाते हैं। जब ये छात्र कोर्ट केस करते हैं तो छात्रों द्वारा बोर्ड कार्यालय को ही पार्टी बनाया जाता है। बोर्ड का कहना है कि ऐसे में कोर्ट केस का खर्चा बोर्ड द्वारा उस छात्र के संबंधित स्कूल से वसूला जाएगा व स्कूल के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई भी की जाएगी। हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड के आदेशों के तहत अस्थायी मान्यता वाले स्कूलों को 30 जनवरी तक भिवानी बोर्ड में पहुंचकर अपने स्कूल का मूल रिकॉर्ड दिखाना होगा व अपनी एफिलेशन फीस भरनी होगी। शिक्षा बॉर्ड के आदेशानुसार कक्षा 9वीं से 12वीं के उन्हीं विद्यार्थियों के एनरोलमेंट के आवेदन किए जाने हैं जिन्हें सत्र 2021-22 में दाखिला मिला है। विद्यार्थी का मौजूदा फोटो स्कूल वर्दी में ही होना चाहिए। हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड ने सभी स्कूलों को आदेश दिए हैं कि वे विद्यार्थियों की डिटेल पोर्टल पर अपडेट करते समय किसी प्रकार की गलती न करें।
विज्ञापन

बोर्ड अधिकारियों ने आदेश जारी करते हुए कहा है कि अगर किसी स्कूल द्वारा किसी विद्यार्थी को एनरोलमेंट नियमों के अनुसार दाखिला नहीं दिया जाता है तो उस विद्यार्थी की पात्रता रद्द की जाएगी। अगर छात्र सरकारी स्कूल का विद्यार्थी नहीं है तो उसके स्कूल मुखिया के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। बोर्ड चेयरमैन ने बताया कि एनरोलमेंट नंबर जारी करने में पहली गलती मिलने पर स्कूल पर 1 लाख रुपये जुर्माना लगेगा, दूसरी बार गलती मिलने पर 2 लाख व तीसरी बार गलती मिलने पर 3 लाख रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा। इसके बाद भी स्कूल अपनी गलती नहीं सुधारता है तो स्कूल पर पात्रता रद्द कर दी जाएगी। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन

ये है एनरोलमेंट नंबर की शुल्क
- भिवानी शिक्षा बोर्ड की 9वीं से 12वीं कक्षा तक शुल्क 150 रुपये प्रति छात्र।
- अन्य शिक्षा बोर्ड की 9वीं से 12वीं कक्षा तक शुल्क 200 रुपये प्रति छात्र।
- प्रश्नपत्र शुल्क 50 रुपये प्रति छात्र।
एनरोलमेंट नंबर जारी करने के लिए 30 जनवरी तक पोर्टल खोला गया है। अस्थायी मान्यता प्राप्त स्कूलों को 30 जनवरी तक बोर्ड कार्यालय पहुंचकर अपनी एफिलेशन फीस भरनी है व अपना मूल रिकॉर्ड चेक करवाना है। अगर स्कूल का रिकॉर्ड एनरोलमेंट नंबर जारी करने के नियमों के विपरीत पाया जाता है तो उन स्कूलों पर 1 लाख से लेकर 3 लाख रुपये तक का जुर्माना लगाया जाएगा। - डॉ. जगबीर सिंह, चेयरमेन, हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड भिवानी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed