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Hisar News: सर्दी के मौसम में बाजरे का उपयोग इम्युनिटी बढ़ाएगा, बीमारियों से बचाएगा

Tue, 19 Dec 2023 11:05 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार Updated Tue, 19 Dec 2023 11:05 PM IST
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Use of millet in winter season will increase immunity and protect from diseases
हिसार। सर्दी के मौसम में मोटा अनाज खाने व मोटे अनाज से बने उत्पाद खाने से स्वास्थ्य को अधिक फायदा होगा। मोटे अनाज में फाइबर, मिनरल, आयरन, कैल्शियम और जिंक की मात्रा ज्यादा होती है। जो सेहत के लिए अच्छी होती है। ज्यादा देर तक एनर्जी मिलती रहती है। बाजरे के लड्डू का सेवन करने से वजन भी कम होता है। सर्दी के मौसम में बाजरे का उपयोग अधिक होता है। यह हमारी इम्युनिटी पावर को भी बढ़ाता है, हमें बीमारियों से बचाता है। बाजरे की रोटी, बाजरे के लड्डू, बाजरे का केक, बाजरे की खिचड़ी, बाजरे का पिज्जा भी बनाकर खा सकते हैं।
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मोटे अनाज से बने उत्पाद स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद होते हैं। हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय में बाजरे से बने उत्पाद केक, बिस्कुट और लड्डू एक दिन पहले ऑर्डर देकर मंगवा सकते है। बाजरे के बिस्कुट व केक की मांग भी ज्यादा है। सर्दियों के मौसम में इसकी मांग भी बढ़ी है। विश्वविद्यालय के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में मोटे अनाज को लेकर शोध कार्य चलते रहते हैं। इतना ही नहीं विश्वविद्यालय की ओर से लोगों को मोटे अनाज के लिए प्रेरित भी किया जा रहा है। सरकार ने 2023 को मिलेट्स इयर घोषित किया हुआ है। इसको लेकर एचएयू की तरफ से भी मोटे अनाज को बढ़ावा देने के लिए कई कार्यक्रम व जागरूकता शिविर भी लगाए जा चुके हैं। एचएयू में रागी, सामक और कांगनी को लेकर शोध चल रहा है। कुलपति प्रो. बीआर कांबोज ने बताया कि मिलेट्स को बढ़ावा देने के लिए कार्यक्रम और अनुसंधान चल रहा है ताकि किसानों की आय भी अच्छी हो और स्वास्थ्य भी बना रहे।
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मोटे अनाज के फायदे
मोटे अनाज से बने उत्पाद खाने से स्वास्थ्य ठीक रहता है। मोटे अनाज में फाइबर, मिनरल, आयरन, कैल्शियम और जिंक की मात्रा ज्यादा होती है, जो सेहत के लिए अच्छी होती है, और ज्यादा देर तक एनर्जी मिलती रहती है। बाजरे के लड्डू का सेवन करने से वजन भी कम होता है।
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250 ग्राम बिस्कुट - 70 रुपये
बाजरे का केक - 200 रुपये प्रति केक
चॉकलेट केक - 220 रुपये प्रति केक
मोटे अनाज में शामिल फसल
बाजरा, ज्वाग, रागी, कुतकी, कोडो, सामक, कांगनी, चीना के उत्पाद शामिल है। डॉ. संगीता सिंधु ने बताया कि ये मिलेट्स भी हमें किसी न किसी रूम में खाने चाहिए। इनमें ग्लूटन नहीं होता और धीरे-धीरे हजम होते हैं तो डायबिटिज से पीड़ित मरीज की सेहत के लिए मोटे अनाज से बने उत्पाद अच्छे रहते है।


अपनी दिनचर्या में मिलेट्स को शामिल करना चाहिए। गेहूं के साथ किसी भी मोटे अनाज को मिलाकर उससे बने आटे से रोटी या अन्य उत्पाद बनाकर खाने चाहिए। यह हमारे स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद रहते हैं। विवि में मोटे अनाज को लेकर शोध कार्य चल रहा है।- डॉ. संगीता सिंधु, विभागाध्यक्ष, खाद्य पोषण विभाग, एचएयू।
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