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वाहन चालकों के लिए बड़ी राहत: फास्टैग न होने पर ऐसे कर सकेंगे भुगतान, टोल पर 15 नवंबर से शुरू होगी नई व्यवस्था
Sun, 05 Oct 2025 01:45 PM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, हिसार
अमर उजाला नेटवर्क, हिसार
Published by: शाहरुख खान
Updated Sun, 05 Oct 2025 01:45 PM IST
सार
फास्टैग न होने पर यूपीआई से 1.25 प्रतिशत ही भुगतान करना होगा। देश में सभी टोल प्लाजा पर 15 नवंबर से नई व्यवस्था शुरू होगी। भारत सरकार ने 3 अक्तूबर को अधिसूचना जारी की है।
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टोल प्लाजा से गुजरते वाहन।
- फोटो : संवाद
विस्तार
हिसार में राष्ट्रीय राजमार्गों पर फास्टैग न होने पर अब यूपीआई से 1.25 गुना ही ज्यादा शुल्क देना होगा। नई व्यवस्था 15 नवंबर से लागू होगी। सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के निर्देशानुसार राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने फास्टैग न होने की स्थिति में दोगुना टोल के नियम में बदलाव किया है।
शुक्रवार को केंद्र सरकार ने इस बारे में अधिसूचना जारी की है जिसमें फास्टैग न होने पर अब यूपीआई से भुगतान किया जा सकेगा। अगर वाहन चालक यूपीआई की बजाए कैश में ही भुगतान करेगा तो उसे पूर्व की तरह से दोगुना शुल्क ही चुकाना होगा।
देश भर के राष्ट्रीय राजमार्गों पर बने टोल में 2022 से फास्टैग नियम लागू है। देश भर में 98 प्रतिशत वाहनों पर फास्टैग लग चुके हैं। फास्टैग लगने के बाद टोल से गुजरने वाले वाहनों की लाइन भी काफी कम हो चुकी है।
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नियम के अनुसार फास्टैग न होने पर वाहन चालक को दोगुना शुल्क देना होता है। अगर किसी वाहन पर 100 रुपये टोल है और उसके पास फास्टैग नहीं है तो उसे 200 रुपये चुकाने पड़ते थे। अब उसे महज 125 रुपये देने होंगे।
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शुक्रवार को केंद्र सरकार ने इस बारे में अधिसूचना जारी की है जिसमें फास्टैग न होने पर अब यूपीआई से भुगतान किया जा सकेगा। अगर वाहन चालक यूपीआई की बजाए कैश में ही भुगतान करेगा तो उसे पूर्व की तरह से दोगुना शुल्क ही चुकाना होगा।
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देश भर के राष्ट्रीय राजमार्गों पर बने टोल में 2022 से फास्टैग नियम लागू है। देश भर में 98 प्रतिशत वाहनों पर फास्टैग लग चुके हैं। फास्टैग लगने के बाद टोल से गुजरने वाले वाहनों की लाइन भी काफी कम हो चुकी है।
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नियम के अनुसार फास्टैग न होने पर वाहन चालक को दोगुना शुल्क देना होता है। अगर किसी वाहन पर 100 रुपये टोल है और उसके पास फास्टैग नहीं है तो उसे 200 रुपये चुकाने पड़ते थे। अब उसे महज 125 रुपये देने होंगे।
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फास्टैग में कोई तकनीकी खामी होगी तो वाहन को बिना शुल्क गुजारा जाएगा
यह भुगतान बूथ पर लगे क्यूआर कोड पर यूपीआई के जरिए किया जा सकेगा। यूपीआई व नकद भुगतान के बाद वाहन चालक को रसीद प्रदान की जाएगी। यदि फास्टैग में कोई तकनीकी खामी होगी तो वाहन को बिना शुल्क गुजारा जाएगा।
यह भुगतान बूथ पर लगे क्यूआर कोड पर यूपीआई के जरिए किया जा सकेगा। यूपीआई व नकद भुगतान के बाद वाहन चालक को रसीद प्रदान की जाएगी। यदि फास्टैग में कोई तकनीकी खामी होगी तो वाहन को बिना शुल्क गुजारा जाएगा।
3 अक्तूबर को अधिसूचना जारी
भारत सरकार की ओर से 3 अक्तूबर को अधिसूचना जारी की गई है जिसके अनुसार फास्टैग से भुगतान न करने की स्थिति में दूसरे विकल्प दिए जाएंगे। अगर कोई व्यक्ति नकद भुगतान करेगा तो उसे दोगुना शुल्क देना होगा। यदि वाहन चालक यूपीआई के जरिए भुगतान करेगा तो उसे 1.25 प्रतिशत ही देना होगा। -पुनीत वर्मा, टोल इंचार्ज, एनएचएआई, हिसार
भारत सरकार की ओर से 3 अक्तूबर को अधिसूचना जारी की गई है जिसके अनुसार फास्टैग से भुगतान न करने की स्थिति में दूसरे विकल्प दिए जाएंगे। अगर कोई व्यक्ति नकद भुगतान करेगा तो उसे दोगुना शुल्क देना होगा। यदि वाहन चालक यूपीआई के जरिए भुगतान करेगा तो उसे 1.25 प्रतिशत ही देना होगा। -पुनीत वर्मा, टोल इंचार्ज, एनएचएआई, हिसार