फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Hisar News ›   Fake credit card scheme... Bank suffered a loss of 39.5 million, former manager accused of misusing customers' KYC documents to issue 41 credit cards, FIR filed

Hisar News: फर्जी क्रेडिट कार्ड का खेल...बैंक को लगाई 3.95 करोड़ की चपत, पूर्व प्रबंधक पर ग्राहकों के केवाईसी दस्तावेज का दुरुपयोग कर 41 क्रेडिट कार्ड जारी करने का आरोप, प्राथमिकी दर्ज

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 23 Jul 2026 12:50 AM IST
विज्ञापन
Fake credit card scheme... Bank suffered a loss of 39.5 million, former manager accused of misusing customers' KYC documents to issue 41 credit cards, FIR filed
हिसार। आईसीआईसीआई बैंक के एक पूर्व वरिष्ठ प्रबंधक पर ग्राहकों के केवाईसी दस्तावेज का दुरुपयोग कर उनकी जानकारी और अनुमति के बिना क्रेडिट कार्ड जारी कराने का मामला सामने आया है। इस कथित फर्जीवाड़े से बैंक को करीब 3.95 करोड़ रुपये का वित्तीय नुकसान हुआ। बैंक प्रबंधन की शिकायत पर सिटी थाना पुलिस ने पूर्व सीनियर क्रेडिट मैनेजर तरुण कुमार सहित अन्य के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन


जांच अधिकारी अमित कुंडू ने बताया कि सेक्टर-14 स्थित बैंक शाखा के मैनेजर दी शिकायत दी कि एक ग्राहक इंदर सिंह ने बैंक को बताया कि उन्होंने संबंधित क्रेडिट कार्ड के लिए कभी आवेदन नहीं किया और न ही उसका उपयोग किया। इसके बाद बैंक ने आंतरिक जांच शुरू की।
विज्ञापन


जांच में सामने आया कि तरुण कुमार ने एक चार्टर्ड अकाउंटेंट अमित के कार्यालय से ग्राहकों के केवाईसी दस्तावेज, वित्तीय विवरण और फोटो हासिल किए। इनका इस्तेमाल कर ग्राहकों की सहमति के बिना क्रेडिट कार्ड आवेदन तैयार किए गए। दिसंबर 2023 से फरवरी 2026 के बीच 37 ग्राहकों के नाम पर 41 क्रेडिट कार्ड जारी किए गए। आवेदन पत्रों में कथित रूप से जाली हस्ताक्षर किए गए और अनधिकृत मोबाइल नंबर दर्ज किए गए। बैंक के अनुसार आंतरिक जांच के दौरान तरुण कुमार ने इन तथ्यों को स्वीकार किया। प्रभावित 37 ग्राहकों में से 33 बरवाला क्षेत्र के निवासी बताए गए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


असली ग्राहकों की जानकारी के बिना ही वित्तीय लेन-देन किए



जांच में पाया गया कि कार्डों की स्वीकृति संबंधी प्रक्रिया में सौरव सपरा की भूमिका भी सामने आई। आरोप है कि कार्ड जारी होने के बाद कूरियर के जरिये उन्हें अनधिकृत मोबाइल नंबरों पर भेजे गए ओटीपी के माध्यम से प्राप्त किया गया। इसके बाद डिजिटल बैंकिंग चैनलों से कार्ड सक्रिय कर वास्तविक ग्राहकों की जानकारी के बिना वित्तीय लेन-देन किए गए।


जांच के अनुसार कार्डों से निकाली गई राशि को किराया भुगतान के रूप में दर्शाकर तरुण कुमार और मुकेश कुमार के परिजनों व उनसे जुड़े बैंक खातों में स्थानांतरित किया गया। पुराने कार्डों की बकाया राशि चुकाने के लिए नए कार्ड जारी करने की प्रक्रिया भी अपनाई गई जिससे अनियमितताएं छिपाई जा सकें। बैंक ने इस पूरे प्रकरण में 3,95,43,612 रुपये के नुकसान का दावा किया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed