फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Hisar News ›   who committed suicide by killing his family Ramesh Verma was an environmentalis

मोक्ष प्राप्ति के लिए परिवार किया खत्म: वन्य जीवों से प्यार, बच्चों पर वार... पर्यावरण प्रेमी ने उजाड़ी खुद की ‘बगिया’

Mon, 20 Dec 2021 10:09 PM IST
भूपेंद्र सिंह अमर उजाला ब्यूरो, हिसार (हरियाणा)
अमर उजाला ब्यूरो, हिसार (हरियाणा) Published by: भूपेंद्र सिंह Updated Mon, 20 Dec 2021 10:09 PM IST
सार

पर्यावरण प्रेमी ने गौरेया को बचाने के लिए घर में 50 से अधिक घोंसले बना रखे थे। वह वन्य जीवों से प्रेम के लिए जाने जाते थे।

विज्ञापन
who committed suicide by killing his family Ramesh Verma was an environmentalis
हिसार के नंगथला गांव में पत्नी व तीन बच्चों की हत्या के बाद पर्यावरण प्रेमी ने की आत्महत्या। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

हरियाणा के हिसार में नंगथला गांव निवासी पर्यावरण प्रेमी के नाम से मशहूर रमेश ने मोक्ष प्राप्ति के लिए अंधविश्वास में खुद की पारिवारिक बगिया को खुद ही उजाड़ दिया। रमेश लोगों के घरों में घुसे सांप, जहरीले जानवर, बिच्छू, जंगली छिपकलियों को पकड़कर जंगल में छोड़ता था। रमेश वर्मा के इन कार्यों के लिए उसके लेख अखबारों व पत्रिकाओं में प्रकाशित होते रहे हैं। लेकिन अब उसके द्वारा उठाए गए कदम से सभी हैरान हैं।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें ः तीन बच्चों व पत्नी की हत्या के बाद की आत्महत्या: दीवार पर लिखा सब सो गए हैं, अब सब शांत है... 11 पन्ने के सुसाइड नोट में लिखी ये बातें
विज्ञापन


गौरैया दिवस पर अमर उजाला ने उन पर एक लेख प्रकाशित किया था। इसमें रमेश वर्मा ने बताया कि दसवीं कक्षा में पढ़ता था तो उन्होंने एक दिन अखबार में पढ़ा था कि जहरीली खेती और पक्के मकान होने के कारण वर्ष 2020 में गौरेया लुप्त हो जाएगी। उसके बाद से रमेश ने इनको संरक्षण करने की ठान ली। उसके बाद धीरे-धीरे पक्षियों से प्यार बढ़ता गया तो घर में 50 से ज्यादा घोंसले बना दिए थे।

विज्ञापन
विज्ञापन


यह भी पढ़ें ः पर्यावरण प्रेमी ने मोक्ष प्राप्ति के लिए उजाड़ा परिवार: पत्नी और तीन बच्चों की सोने के बाद कुदाल से की हत्या, खुद वाहन के आगे कूदा

इस काम में न केवल रमेश, बल्कि उनका पूरा परिवार सहयोग करता था। गांव में जहां-जहां मकान बनते थे, वहां जाकर लोगों को घोंसले के लिए जगह छोड़ने की अपील करता था। पर्यावरण के लिए रमेश वर्मा कुछ संस्थाओं से सम्मानित भी हो चुके हैं। रमेश वर्मा के पास चेन्नई, हैदराबाद, जम्मू सहित अन्य जगहों से भी फोन आते थे। लोग पूछते थे कि किस तरह पक्षियों का संरक्षण कर सकते हैं। 

प्रवेश द्वार पर विघ्नहर्ता फिर भी हर लिया परिवार 

पर्यावरण प्रेमी रमेश धार्मिक प्रवृति का व्यक्ति था। उसके घर काफी संख्या में भगवान की तस्वीरें लगी मिली हैं। ग्रामीणों ने बताया कि वह भगवान और धर्म में काफी विश्वास करता था। उसने घर के प्रवेश द्वार पर भगवान गणेश (विघ्नहर्ता) की बड़ी प्रतिमा लगा रखी थी। अंदर बजरंग बली हनुमान, श्रीराम, भगवान शिव के चित्र मिले हैं। घर के प्रवेश द्वार पर विघ्नहर्ता की प्रतिमा फिर भी रमेश ने खुद के परिवार को हर लिया। 

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed