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सीपीएस आवास के पास हो रहा था घटिया काम, रुकवाया
ब्यूरो/अमर उजाला/हिसार
Updated Thu, 14 Jan 2016 01:03 AM IST
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नगर निगम में थर्ड पार्टी मॉनीटिरिंग टीम ने सीपीएस डॉ. कमल गुप्ता के आवास के पास बालसमंद रोड निर्माण में कम स्टोन मैटल लगाकर घटिया काम करने का मामला पकड़ा है। थर्ड पार्टी ने इस काम के सैंपल भरे हैं। मॉनीटिरिंग टीम ने नगर निगम की कंस्ट्रक्शन ब्रांच को फिलहाल काम रुकवाकर स्टोन मैटल में सुधार करवाने की बात कही है। इस मामले के बाद नगर निगम ठेेकेदारों में हड़कंप मच गया है। हालांकि ठेकेदार इस काम को एक दूसरे का बता रहें हैं। नगर निगम अधिकारी इसे पार्षद पुत्र मुकेश बंसल के भाई अनिल बंसल का काम बता रहे हैं।
...वरना इसी पर बिछ जाती टाइलें
नगर निगम के अधिकारियों की माने तो इस काम की थर्ड पार्टी ने समय पर मॉनीटिरिंग कर ली। रोड की साइडों में टाइलें लगाने का काम शुरू करने से पहले बिछाए गए पत्थर की चेकिंग के दौरान ही मामला पकड़ा गया। अगर काम शुरू हो जाता तो यहां कम स्टोन मैटल पर ही टाइलें लग जातीं।
करीब 15 लाख रुपये कीमत का है काम
नगर निगम के अधिकारियों की मानें तो बालसमंद के रोड के साइडों में टाइलें लगाने का काम करीब 15 लाख रुपये कीमत के टेंडर के हिसाब से दिया गया है। थर्ड पार्टी मॉनीटिरिंग टीम ने अचानक इस काम की बुधवार को चेकिंग कर ली। टीम सदस्यों ने इस काम को लेकर बेहद नाराजगी जताई है और मैटल स्टोन जब तक पूरा न हो टाइलें लगाने के काम को रुकवाने के निर्देश दिए हैं।
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वर्जन
ये किसी और ठेकेदार का काम होगा। हमारे काम में कोई कमी नहीं है। हमने तो खुद निगम को लिखकर दिया है कि टाइलें लगाने से पहले काम चेक कर लें। हम अधिकारियों के पूरी संतुष्टि के बाद ही काम शुरू करेंगे।
- मुकेश बंसल, ठेकेदार नगर निगम
थर्ड पार्टी मॉनीटिरिंग टीम ने इंस्पेक्शन की थी। स्टोन मैटल कम मिला है। हमने ठेकेदार मुकेश बंसल को पत्थर पूरा डालने के लिए बोल दिया है। निगम अपने काम में कोई कमी नहीं आने देगा। क्वालिटी में किसी तरह का कोई समझौता नहीं होगा।
- रामजीलाल, एक्सईएन नगर निगम हिसार
यह है थर्ड पार्टी मॉनीटिरिंग टीम
सरकार ने कंस्ट्रक्शन के काम की चेकिंग के लिए नगर निगम या बीएंडआर के इंजीनियर के इलावा एक बाहर के टेक्निकल अधिकारियों की टीम को लगाया हुआ है। यह टीम जिला स्तर पर अलग अलग विभागों में कमीशन बेस पर काम करती है। जिसे संबंधित विभाग टेंडर कर एक साल के लिए कांट्रेक्ट देता है। इस टीम का काम किसी भी डेवलेपमेंट के काम की मॉनीटिरिंग करना है। इसी टीम को थर्ड पार्टी मॉनीटिंरिंग टीम कहते हैं। यह टीम 0.65 प्रतिशत के हिसाब से फीस लेती है।
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...वरना इसी पर बिछ जाती टाइलें
नगर निगम के अधिकारियों की माने तो इस काम की थर्ड पार्टी ने समय पर मॉनीटिरिंग कर ली। रोड की साइडों में टाइलें लगाने का काम शुरू करने से पहले बिछाए गए पत्थर की चेकिंग के दौरान ही मामला पकड़ा गया। अगर काम शुरू हो जाता तो यहां कम स्टोन मैटल पर ही टाइलें लग जातीं।
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करीब 15 लाख रुपये कीमत का है काम
नगर निगम के अधिकारियों की मानें तो बालसमंद के रोड के साइडों में टाइलें लगाने का काम करीब 15 लाख रुपये कीमत के टेंडर के हिसाब से दिया गया है। थर्ड पार्टी मॉनीटिरिंग टीम ने अचानक इस काम की बुधवार को चेकिंग कर ली। टीम सदस्यों ने इस काम को लेकर बेहद नाराजगी जताई है और मैटल स्टोन जब तक पूरा न हो टाइलें लगाने के काम को रुकवाने के निर्देश दिए हैं।
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ये किसी और ठेकेदार का काम होगा। हमारे काम में कोई कमी नहीं है। हमने तो खुद निगम को लिखकर दिया है कि टाइलें लगाने से पहले काम चेक कर लें। हम अधिकारियों के पूरी संतुष्टि के बाद ही काम शुरू करेंगे।
- मुकेश बंसल, ठेकेदार नगर निगम
थर्ड पार्टी मॉनीटिरिंग टीम ने इंस्पेक्शन की थी। स्टोन मैटल कम मिला है। हमने ठेकेदार मुकेश बंसल को पत्थर पूरा डालने के लिए बोल दिया है। निगम अपने काम में कोई कमी नहीं आने देगा। क्वालिटी में किसी तरह का कोई समझौता नहीं होगा।
- रामजीलाल, एक्सईएन नगर निगम हिसार
यह है थर्ड पार्टी मॉनीटिरिंग टीम
सरकार ने कंस्ट्रक्शन के काम की चेकिंग के लिए नगर निगम या बीएंडआर के इंजीनियर के इलावा एक बाहर के टेक्निकल अधिकारियों की टीम को लगाया हुआ है। यह टीम जिला स्तर पर अलग अलग विभागों में कमीशन बेस पर काम करती है। जिसे संबंधित विभाग टेंडर कर एक साल के लिए कांट्रेक्ट देता है। इस टीम का काम किसी भी डेवलेपमेंट के काम की मॉनीटिरिंग करना है। इसी टीम को थर्ड पार्टी मॉनीटिंरिंग टीम कहते हैं। यह टीम 0.65 प्रतिशत के हिसाब से फीस लेती है।