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Hisar News: पार्षद ने झोली फैलाकर मांगा पानी, 151 करोड़ से बिछेंगी लाइनें
Wed, 28 Oct 2026 11:23 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
Updated Wed, 28 Oct 2026 11:23 PM IST
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हिसार नगर निगम में साधारण बैठक में भाग लेते मेयर प्रवीण पोपली एवं एमसी आपस में चर्चा करते हुए।
हिसार। नगर निगम में बुधवार को हाउस की बैठक के दूसरे दिन पानी की किल्लत, सीवर ब्लॉकेज, जलभराव और सफाई की समस्याओं को लेकर पार्षदों ने जनस्वास्थ्य विभाग और हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) के अधिकारियों को घेरा। वार्ड-17 के पार्षद राजेश अरोड़ा ने झोली फैलाकर और हाथ जोड़कर अधिकारियों से सेक्टर-15 में पर्याप्त पानी पहुंचाने की गुहार लगाई।
जनस्वास्थ्य विभाग के एक्सईएन आदर्श सिंगला ने बताया कि शहर में 151 करोड़ रुपये से पेयजल लाइनें बिछाई जाएंगी। बैठक में पेयजल आपूर्ति और सीवर व्यवस्था का कामकाज व फंड नगर निगम को सौंपने का प्रस्ताव भी पारित किया गया जिसे प्रदेश सरकार के पास भेजा जाएगा।
एक्सईएन आदर्श सिंगला ने बताया कि योजना के तहत कॉलोनियों और व्यावसायिक क्षेत्रों में छोटी पेयजल लाइनें भी बिछाई जाएंगी। परियोजना करीब डेढ़ साल में पूरी होगी। इसके बाद पेयजल संबंधी समस्याएं दूर होने की उम्मीद है। बैठक में बिजली निगम और पुलिस विभाग से संबंधित एजेंडे भी रखे गए।
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पार्षद बोलीं- गंगवा का दबाव आया, तब डाली लाइन
वार्ड-3 की पार्षद ज्योति वर्मा ने कमला नगर में पाइप लाइन बिछाने में देरी पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि उनके कहने पर लाइन नहीं डाली गई बल्कि जिंदल हाउस और मंत्री रणबीर गंगवा का दबाव आने के बाद काम हुआ। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि जनप्रतिनिधियों की बात नहीं सुनी जाती तो उनकी क्या अहमियत है। क्या छोटे-छोटे कामों के लिए भी बार-बार मंत्री का दबाव डलवाना पड़ेगा? वार्ड-2 के पार्षद मोहित सिंगल ने बस स्टैंड के बाहर जलभराव का मुद्दा उठाया। इस पर एक्सईएन ने बताया कि सुपर सकर मशीन से लाइन की सफाई करवाई गई है। अब समस्या नहीं आएगी।
जगमोहन बोले- हार्ट अटैक आज आया, वेंटिलेटर महीने बाद मिलेगा
वार्ड-12 के पार्षद जगमोहन मित्तल ने सेक्टर-9-11 में कम्युनिटी सेंटर के पास जलभराव की समस्या उठाई। उन्होंने कहा कि वह एक महीने से अधिकारियों के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन समाधान नहीं हुआ। इस पर एचएसवीपी के एक्सईएन भूपेंद्र सिंह ने बताया कि वहां बड़ी मोटर लगाई जा रही है। टेंडर आवंटित हो चुका है और एक महीने में व्यवस्था ठीक हो जाएगी। इस पर मित्तल ने कहा कि क्या लोग इतने दिन तक परेशान होते रहेंगे? यह तो ऐसा है कि हार्ट अटैक आज आया और वेंटिलेटर महीने बाद मिलेगा। उन्होंने कहा कि एचएसवीपी और जनस्वास्थ्य विभाग के बीच तालमेल नहीं है, जिसका खामियाजा जनता भुगत रही है।
पानी की किल्लत पर एक्सईएन और पार्षद में बहस
वार्ड-17 के पार्षद राजेश अरोड़ा ने कहा कि सेक्टर-15 में डेढ़ साल से पर्याप्त पानी नहीं मिल रहा है। सेक्टर के आखिरी छोर पर बने घरों में महज 20 मिनट पानी आता है, जबकि अन्य सेक्टरों में दो-दो घंटे आपूर्ति होती है। लोगों को हर दूसरे दिन पानी के टैंकर मंगवाने पड़ते हैं। अरोड़ा ने अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए तो एक्सईएन भूपेंद्र सिंह ने कहा कि पार्षद झूठ बोल रहे हैं। इस पर अरोड़ा ने किसी भी घर में जाकर आपूर्ति की जांच कराने की चुनौती दी। एसडीओ ने कहा कि यदि पानी की इतनी समस्या होती तो लोग सड़क पर आ जाते। इस पर पार्षद ने जवाब दिया कि क्या अधिकारी यही चाहते हैं कि लोग सड़क पर उतरें? उन्होंने कहा कि वह अगले ही दिन लोगों को सड़क पर ले आएंगे। मेयर ने हस्तक्षेप कर मामला शांत कराया।
सेक्टरों में खाली प्लॉटों पर उगी घास, फैली गंदगी
वार्ड-14 की पार्षद सुमन यादव ने सेक्टरों के खाली प्लॉटों में उगी घास और फैली गंदगी का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि यह समस्या बार-बार सामने आती है। पार्षद जगमोहन मित्तल ने भी सेक्टरों की हालत पर चिंता जताते हुए कहा कि वहां जंगल जैसा माहौल हो गया है। एचएसवीपी के एसडीओ रामप्रकाश ने जेसीबी से खाली प्लॉटों की सफाई कराने की बात कही। इस पर निगम आयुक्त सी जयाश्रद्धा ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि खाली प्लॉटों की सफाई करवाई जाए और उसका खर्च प्लॉट मालिकों से वसूला जाए।
एचएसवीपी एसडीओ पर भड़के मेयर
बैठक में एचएसवीपी के एसडीओ रामप्रकाश के पास पार्षद का मोबाइल नंबर सेव नहीं होने की बात पर मेयर प्रवीण पोपली नाराज हो गए। पार्षद सुमन यादव ने बताया कि उन्होंने 13 अक्तूबर को वार्ड की समस्याएं एसडीओ को व्हाट्सएप पर भेजी थीं, लेकिन उन्होंने संदेश देखे तक नहीं। पूछने पर एसडीओ ने कहा कि पार्षद का नंबर उनके पास सेव नहीं है। इस पर मेयर ने कहा कि डेढ़ साल बीतने के बाद भी अधिकारी के पास पार्षद का नंबर नहीं है। आगे से ऐसी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। एसडीओ ने पूर्व मंत्री डॉ. कमल गुप्ता का नाम लिया तो वार्ड-2 के पार्षद मोहित सिंगल ने आपत्ति जताते हुए उनसे शब्द वापस लेने को कहा। इस पर एसडीओ ने माफी मांगी।
तीन अस्पतालों पर 15 करोड़ की जमीन कब्जाने का आरोप
पार्षद राजेश अरोड़ा ने आरोप लगाया कि कैमरी रोड पर तीन बड़े अस्पतालों के संचालकों ने एचएसवीपी की जमीन पर कब्जा कर रखा है। इस जमीन की कीमत करीब 15 करोड़ रुपये है। उन्होंने कहा कि डिफेंस कॉलोनी में ग्रीन बेल्ट गायब कर दी गई है। हाउसिंग बोर्ड क्षेत्र में अतिक्रमण इतना बढ़ गया है कि वहां दमकल की गाड़ी तक नहीं पहुंच सकती।
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जनस्वास्थ्य विभाग के एक्सईएन आदर्श सिंगला ने बताया कि शहर में 151 करोड़ रुपये से पेयजल लाइनें बिछाई जाएंगी। बैठक में पेयजल आपूर्ति और सीवर व्यवस्था का कामकाज व फंड नगर निगम को सौंपने का प्रस्ताव भी पारित किया गया जिसे प्रदेश सरकार के पास भेजा जाएगा।
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एक्सईएन आदर्श सिंगला ने बताया कि योजना के तहत कॉलोनियों और व्यावसायिक क्षेत्रों में छोटी पेयजल लाइनें भी बिछाई जाएंगी। परियोजना करीब डेढ़ साल में पूरी होगी। इसके बाद पेयजल संबंधी समस्याएं दूर होने की उम्मीद है। बैठक में बिजली निगम और पुलिस विभाग से संबंधित एजेंडे भी रखे गए।
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पार्षद बोलीं- गंगवा का दबाव आया, तब डाली लाइन
वार्ड-3 की पार्षद ज्योति वर्मा ने कमला नगर में पाइप लाइन बिछाने में देरी पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि उनके कहने पर लाइन नहीं डाली गई बल्कि जिंदल हाउस और मंत्री रणबीर गंगवा का दबाव आने के बाद काम हुआ। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि जनप्रतिनिधियों की बात नहीं सुनी जाती तो उनकी क्या अहमियत है। क्या छोटे-छोटे कामों के लिए भी बार-बार मंत्री का दबाव डलवाना पड़ेगा? वार्ड-2 के पार्षद मोहित सिंगल ने बस स्टैंड के बाहर जलभराव का मुद्दा उठाया। इस पर एक्सईएन ने बताया कि सुपर सकर मशीन से लाइन की सफाई करवाई गई है। अब समस्या नहीं आएगी।
जगमोहन बोले- हार्ट अटैक आज आया, वेंटिलेटर महीने बाद मिलेगा
वार्ड-12 के पार्षद जगमोहन मित्तल ने सेक्टर-9-11 में कम्युनिटी सेंटर के पास जलभराव की समस्या उठाई। उन्होंने कहा कि वह एक महीने से अधिकारियों के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन समाधान नहीं हुआ। इस पर एचएसवीपी के एक्सईएन भूपेंद्र सिंह ने बताया कि वहां बड़ी मोटर लगाई जा रही है। टेंडर आवंटित हो चुका है और एक महीने में व्यवस्था ठीक हो जाएगी। इस पर मित्तल ने कहा कि क्या लोग इतने दिन तक परेशान होते रहेंगे? यह तो ऐसा है कि हार्ट अटैक आज आया और वेंटिलेटर महीने बाद मिलेगा। उन्होंने कहा कि एचएसवीपी और जनस्वास्थ्य विभाग के बीच तालमेल नहीं है, जिसका खामियाजा जनता भुगत रही है।
पानी की किल्लत पर एक्सईएन और पार्षद में बहस
वार्ड-17 के पार्षद राजेश अरोड़ा ने कहा कि सेक्टर-15 में डेढ़ साल से पर्याप्त पानी नहीं मिल रहा है। सेक्टर के आखिरी छोर पर बने घरों में महज 20 मिनट पानी आता है, जबकि अन्य सेक्टरों में दो-दो घंटे आपूर्ति होती है। लोगों को हर दूसरे दिन पानी के टैंकर मंगवाने पड़ते हैं। अरोड़ा ने अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए तो एक्सईएन भूपेंद्र सिंह ने कहा कि पार्षद झूठ बोल रहे हैं। इस पर अरोड़ा ने किसी भी घर में जाकर आपूर्ति की जांच कराने की चुनौती दी। एसडीओ ने कहा कि यदि पानी की इतनी समस्या होती तो लोग सड़क पर आ जाते। इस पर पार्षद ने जवाब दिया कि क्या अधिकारी यही चाहते हैं कि लोग सड़क पर उतरें? उन्होंने कहा कि वह अगले ही दिन लोगों को सड़क पर ले आएंगे। मेयर ने हस्तक्षेप कर मामला शांत कराया।
सेक्टरों में खाली प्लॉटों पर उगी घास, फैली गंदगी
वार्ड-14 की पार्षद सुमन यादव ने सेक्टरों के खाली प्लॉटों में उगी घास और फैली गंदगी का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि यह समस्या बार-बार सामने आती है। पार्षद जगमोहन मित्तल ने भी सेक्टरों की हालत पर चिंता जताते हुए कहा कि वहां जंगल जैसा माहौल हो गया है। एचएसवीपी के एसडीओ रामप्रकाश ने जेसीबी से खाली प्लॉटों की सफाई कराने की बात कही। इस पर निगम आयुक्त सी जयाश्रद्धा ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि खाली प्लॉटों की सफाई करवाई जाए और उसका खर्च प्लॉट मालिकों से वसूला जाए।
एचएसवीपी एसडीओ पर भड़के मेयर
बैठक में एचएसवीपी के एसडीओ रामप्रकाश के पास पार्षद का मोबाइल नंबर सेव नहीं होने की बात पर मेयर प्रवीण पोपली नाराज हो गए। पार्षद सुमन यादव ने बताया कि उन्होंने 13 अक्तूबर को वार्ड की समस्याएं एसडीओ को व्हाट्सएप पर भेजी थीं, लेकिन उन्होंने संदेश देखे तक नहीं। पूछने पर एसडीओ ने कहा कि पार्षद का नंबर उनके पास सेव नहीं है। इस पर मेयर ने कहा कि डेढ़ साल बीतने के बाद भी अधिकारी के पास पार्षद का नंबर नहीं है। आगे से ऐसी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। एसडीओ ने पूर्व मंत्री डॉ. कमल गुप्ता का नाम लिया तो वार्ड-2 के पार्षद मोहित सिंगल ने आपत्ति जताते हुए उनसे शब्द वापस लेने को कहा। इस पर एसडीओ ने माफी मांगी।
तीन अस्पतालों पर 15 करोड़ की जमीन कब्जाने का आरोप
पार्षद राजेश अरोड़ा ने आरोप लगाया कि कैमरी रोड पर तीन बड़े अस्पतालों के संचालकों ने एचएसवीपी की जमीन पर कब्जा कर रखा है। इस जमीन की कीमत करीब 15 करोड़ रुपये है। उन्होंने कहा कि डिफेंस कॉलोनी में ग्रीन बेल्ट गायब कर दी गई है। हाउसिंग बोर्ड क्षेत्र में अतिक्रमण इतना बढ़ गया है कि वहां दमकल की गाड़ी तक नहीं पहुंच सकती।