{"_id":"622639424911551a7b0f6648","slug":"bajra-section-of-hau-hisar-gets-best-research-center-award-at-national-level","type":"story","status":"publish","title_hn":"हरियाणा: एचएयू के बाजरा अनुभाग को राष्ट्रीय स्तर पर मिला सर्वश्रेष्ठ अनुसंधान केंद्र अवॉर्ड","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हरियाणा: एचएयू के बाजरा अनुभाग को राष्ट्रीय स्तर पर मिला सर्वश्रेष्ठ अनुसंधान केंद्र अवॉर्ड
Mon, 07 Mar 2022 10:26 PM IST
भूपेंद्र सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, हिसार (हरियाणा)
अमर उजाला ब्यूरो, हिसार (हरियाणा)
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Mon, 07 Mar 2022 10:26 PM IST
सार
विश्वविद्यालय के बाजरा अनुभाग ने हाल ही के वर्षों में बाजरा की उन्नत किस्मों के विकास, बाजरा में नए रोगकारक की पहचान, बाजरा के संकर बीज उत्पादन व व्यवसायीकरण में बहुत सराहनीय कार्य किए हैं।
विज्ञापन
कुलपति प्रो. बीआर कांबोज के साथ बाजरा विभाग की टीम।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हरियाणा के हिसार में स्थित चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय (एचएयू) के बाजरा अनुभाग को बाजरा में उत्कृष्ट अनुसंधानों के लिए राष्ट्रीय स्तर पर वर्ष 2021-22 का सर्वश्रेष्ठ अनुसंधान केंद्र अवॉर्ड प्रदान किया गया है। कुलपति प्रो. बीआर कांबोज ने बताया कि भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद द्वारा अखिल भारतीय समन्वित अनुसंधान परियोजना की 57वीं वार्षिक समूह बैठक में परिषद के महानिदेशक डॉ. त्रिलोचन महापात्र ने यह अवॉर्ड प्रदान किया।
विज्ञापन
कुलपति ने बताया कि विश्वविद्यालय के बाजरा अनुभाग ने हाल ही के वर्षों में बाजरा की उन्नत किस्मों के विकास, बाजरा में नए रोगकारक की पहचान, बाजरा के संकर बीज उत्पादन व व्यवसायीकरण में बहुत सराहनीय कार्य किए हैं। इनके दृष्टिगत उसे यह अवॉर्ड दिया गया है।
विज्ञापन
इस अनुभाग ने हाल ही में बाजरा की उच्च लौह तत्व युक्त दो बायो-फोर्टिफाइड (दानों में लौह तत्व 73-83 पीपीएम) संकर किस्मों एचएचबी 299 व एचएचबी 311 के विकास के साथ दिसंबर 2021 में यहां विकसित की गई आणिवक चिह्नों की सहायता से चयनित बेहतर बाजरा ईडीवी संकर एचएचबी 67 संशोधित-2 किस्म, जिसमें इसके पुराने संस्करण एचएचबी 67 संशोधित की तुलना में बेहतर डाउनी मिलडयू फफूंदी प्रतिरोधक क्षमता है, का अनुमोदन हुआ है।
विज्ञापन
यह अवॉर्ड अनिल कुमार (अध्यक्ष, बाजरा अनुभाग), एसके पाहुजा (विभागाध्यक्ष, आनुवंशिकी एवं पौध प्रजनन विभाग व डीन, कृषि महाविद्यालय), एलके चुघ, देवव्रत, केडी. सहरावत, विनोद कुमार, अशोक डहिनवाल, नीरज खरोड, एसएस यादव, वीनू सांगवान, मुकेश कुमार, राव पंकज और धर्मेंद्र कुमार की कड़ी मेहनत, समर्पण और ठोस प्रयासों का परिणाम है।