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Hisar News: हिसार में धोए जाएंगे चादर कंबल व तकियों के कवर
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हिसार रेलवे स्टेशन परिसर में निर्माणाधीन लॉन्ड्री। संवाद
हिसार। रेलवे स्टेशन परिसर में दो टन क्षमता की लॉन्ड्री बनाने का 70 फीसदी काम पूरा हो चुका है। इसका काम पूरा होने के बाद रेलवे के यहीं पर चादर कंबल व तकियों के कवर की धुलाई होगी।
हालांकि अभी इसे तैयार होने में दो माह का समय और लग जाएगा। इसमें एक हॉल और आठ कमरे बनाए गए हैं। इस पूरे प्रोजेक्ट पर करीब साढ़े 95 लाख रुपये खर्च होंगे।
फिलहाल लॉन्ड्री में पलस्तर का काम चल रहा है। 40 मजदूर इस काम को पूरा करने में लगे हुए हैं। यहां बनने वाली लॉन्ड्री में पांच मशीनें लगाई जाएंगी। इसके बनने के बाद लंबी दूरी की ट्रेनों में इस्तेमाल होने वाली चादर, कंबल व पर्दों की हिसार में ही धुलाई हो सकेगी। इस लॉन्ड्री को रेलवे ओवरब्रिज के नीचे साइड में खाली जगह बनाया जा रहा है।
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बता दें, कि हिसार रेलवे स्टेशन पर लॉन्ड्री नहीं बनी होने के कारण अभी श्रीगंगानगर में ही ट्रेन में इस्तेमाल होने वाले कपड़ों की धुलाई का काम हो रहा है। लंबी दूरी की ट्रेनें हिसार रुकने पर धुलाई होने वाली चादर, पर्दे, कंबल उतार लिए जाते हैं और हिसार से शाम 4.10 बजे गंगानगर जाने वाली ट्रेन में इन कपड़ों को धुलाई के लिए भेजा जाता है। वहीं, हिसार से कई लंबी दूरी की ट्रेनों का संचालन होता है। कई ट्रेनें हिसार होकर गुजरती हैं। इन सभी ट्रेनों में एसी डिब्बों की सुविधाएं मिली हुई है।
लॉन्ड्री की बिल्डिंग एक महीने में तैयारी हो जाएगी। उसके बाद लॉन्ड्री के बाहर की तरफ काम किया जाएगा। इस पूरे काम में दो माह का समय लग जाएगा। - अनिल, ठेकेदार
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हालांकि अभी इसे तैयार होने में दो माह का समय और लग जाएगा। इसमें एक हॉल और आठ कमरे बनाए गए हैं। इस पूरे प्रोजेक्ट पर करीब साढ़े 95 लाख रुपये खर्च होंगे।
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फिलहाल लॉन्ड्री में पलस्तर का काम चल रहा है। 40 मजदूर इस काम को पूरा करने में लगे हुए हैं। यहां बनने वाली लॉन्ड्री में पांच मशीनें लगाई जाएंगी। इसके बनने के बाद लंबी दूरी की ट्रेनों में इस्तेमाल होने वाली चादर, कंबल व पर्दों की हिसार में ही धुलाई हो सकेगी। इस लॉन्ड्री को रेलवे ओवरब्रिज के नीचे साइड में खाली जगह बनाया जा रहा है।
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बता दें, कि हिसार रेलवे स्टेशन पर लॉन्ड्री नहीं बनी होने के कारण अभी श्रीगंगानगर में ही ट्रेन में इस्तेमाल होने वाले कपड़ों की धुलाई का काम हो रहा है। लंबी दूरी की ट्रेनें हिसार रुकने पर धुलाई होने वाली चादर, पर्दे, कंबल उतार लिए जाते हैं और हिसार से शाम 4.10 बजे गंगानगर जाने वाली ट्रेन में इन कपड़ों को धुलाई के लिए भेजा जाता है। वहीं, हिसार से कई लंबी दूरी की ट्रेनों का संचालन होता है। कई ट्रेनें हिसार होकर गुजरती हैं। इन सभी ट्रेनों में एसी डिब्बों की सुविधाएं मिली हुई है।
लॉन्ड्री की बिल्डिंग एक महीने में तैयारी हो जाएगी। उसके बाद लॉन्ड्री के बाहर की तरफ काम किया जाएगा। इस पूरे काम में दो माह का समय लग जाएगा। - अनिल, ठेकेदार