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Hisar News: 8 साल 8 माह बाद हाउसिंग बोर्ड के लोगों को मिला विद्युत नगर से रास्ता
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गेट खोलता बिजली निगम का कर्मचारी व दूसरी तरफ खड़े हाउसिंग बोर्ड निवासी।
हिसार। 8 साल 8 माह बाद हाउसिंग बोर्ड के लोगों को विद्युत नगर में से रास्ता मिल गया। हाईकोर्ट के आदेश पर वीरवार को बिजली निगम ने बंद पड़े गेट को खोल दिया। हाउसिंग बोर्ड निवासी व याचिकाकर्ता जयप्रकाश व जयकिशन कौशिक ने बताया कि फरवरी 2015 में बिजली निगम ने यह गेट बंद कर दिया था। इसे लेकर करीब एक माह तक उनके व बिजली निगम अधिकारियों के बातचीत होती रही, लेकिन कोई समाधान नहीं निकला। इस पर उन्होंने हाईकोर्ट का रुख किया।
उन्होंने हाईकोर्ट में याचिका लगाई कि वर्ष 1993 में तत्कालीन मुख्यमंत्री भजनलाल के आदेश पर इस गेट का निर्माण किया गया था, जिसे अब बिजली निगम ने बंद कर दिया। याचिकाकर्ता ने बताया कि इस मामले में आखिरी सुनवाई 26 सितंबर को हुई थी। इसमें उपायुक्त को आदेश दिया गया था कि 4 सप्ताह में मामले में कार्रवाई कर शपथ पत्र दिया जाए। इसके बाद उपायुक्त ने दोनों पक्षों के साथ दो बार बैठक की थी, जिसमें दोनों पक्षों ने अपने-अपने सबूत पेश किए थे। इसके बाद वीरवार को अचानक बिजली निगम के कर्मचारियों ने आकर गेट को खोल दिया।
हाउसिंग बोर्ड में कुल 76 घर बने हैं। इस गेट के खुलने के बाद अब कॉलोनीवासी वाहन लेकर भी विद्युत नगर से होकर अपनी कॉलोनी में जा सकेंगे। अभी तक कॉलोनीवासी विद्युत नगर के बूस्टिंग स्टेशन वाले रास्ते का इस्तेमाल कर रहे थे। कॉलोनीवासियों की मानें तो इस रास्ते पर बिजली निगम के खंभे रखे हुए हैं। आए दिन यहां क्रेन खड़ी रहती है, जिस कारण आने जाने वालों को परेशानी होती है। इसके अलावा रात के समय यह रास्ता सुरक्षित भी नहीं है।
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उन्होंने हाईकोर्ट में याचिका लगाई कि वर्ष 1993 में तत्कालीन मुख्यमंत्री भजनलाल के आदेश पर इस गेट का निर्माण किया गया था, जिसे अब बिजली निगम ने बंद कर दिया। याचिकाकर्ता ने बताया कि इस मामले में आखिरी सुनवाई 26 सितंबर को हुई थी। इसमें उपायुक्त को आदेश दिया गया था कि 4 सप्ताह में मामले में कार्रवाई कर शपथ पत्र दिया जाए। इसके बाद उपायुक्त ने दोनों पक्षों के साथ दो बार बैठक की थी, जिसमें दोनों पक्षों ने अपने-अपने सबूत पेश किए थे। इसके बाद वीरवार को अचानक बिजली निगम के कर्मचारियों ने आकर गेट को खोल दिया।
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हाउसिंग बोर्ड में कुल 76 घर बने हैं। इस गेट के खुलने के बाद अब कॉलोनीवासी वाहन लेकर भी विद्युत नगर से होकर अपनी कॉलोनी में जा सकेंगे। अभी तक कॉलोनीवासी विद्युत नगर के बूस्टिंग स्टेशन वाले रास्ते का इस्तेमाल कर रहे थे। कॉलोनीवासियों की मानें तो इस रास्ते पर बिजली निगम के खंभे रखे हुए हैं। आए दिन यहां क्रेन खड़ी रहती है, जिस कारण आने जाने वालों को परेशानी होती है। इसके अलावा रात के समय यह रास्ता सुरक्षित भी नहीं है।
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