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सरकार बार-बार ले रही कर्मचारियों की परीक्षा : एमपीएचई एसोसिएशन
Hisar
Updated Tue, 24 Dec 2013 05:50 AM IST
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हिसार। बहुउद्देश्यीय स्वास्थ्य कर्मचारी एसोसिएशन की ओर से स्वास्थ्य मंत्री राव नरेंद्र के नारनौल स्थित निवास पर अपनी मांगों के समर्थन में दिया जा रहा अनिश्चितकालीन क्रमिक अनशन जारी है। जिला वाइज क्रमिक अनशन के अभियान में हिसार से गए प्रतिनिधियों में एसोसिशन के जिला प्रधान जितेंद्र मलिक, प्रेस प्रवक्ता नूर मोहम्मद, मुख्य सलाहकार रमेश मलिक, सत्यनारायण एवं सुरेश कुमार ने धरने से लौटकर बताया कि गत 16 दिसंबर से स्वास्थ्य मंत्री के नारनौल स्थित निवास पर एमपीएचई कर्मचारी कड़कड़ाती ठंड और कोहरे में रात दिन अनशन पर बैठकर अपनी मांगों के लिए संघर्षरत्त हैं। स्वास्थ्य मंत्री ने गत 14 नवंबर को एमपीएचई एसोसिएशन के शिष्टमंडल से बातचीत कर बैठक में कर्मचारियों की सात सूत्रीय मांगों पर अपनी सहमति व्यक्त की थी। उन्हें जल्द लागू करने का आश्वासन दिया था लेकिन एक माह से भी ज्यादा समय बीत जाने के बाद और केबिनेट की दो बैठकों के बाद भी सरकार इस ओर से कोई ध्यान नहीं दे रही है। कर्मचारियों के साथ बार-बार विश्वासघात करके सरकार कर्मचारी वर्ग की परीक्षा ले रही है। हिसार से गए अनशनकारियों में मुख्य सक्रिय कार्यकर्ताओं में प्रेम मलिक, आशीष कुमार, बजरंग सोनी, नरेश शर्मा और सुनील कुमार व अनिल कुमार शामिल थे। एमपीएचई की प्रमुख मांगों में आरसीएच एवं अनुबंधित एमपीएचडब्ल्यू को नियमित किया जाए, समान काम, समान वेतन नीति लागू की जाए। एमपीएचडब्ल्यू के डिप्लोमा की शैक्षणिक योग्यता 12वीं एवं अवधि दो वर्ष की मांगी मांग की अधिसूचना जल्द जारी की जाए। एमपीएचई वर्ग की वेतन विसंगतियां दूर करके पंजाब की तर्ज पर वेतनमान दिया जाए। पूर्व में सरकार के साथ हुए समझौते लागू किए जाए शामिल हैं।
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