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जीएसटी में सुधार नहीं किया तो आंदोलन करेंगे देशभर के व्यापारी : गर्ग
Updated Fri, 23 Jun 2017 12:44 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
हिसार।
व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष बजरंग दास गर्ग ने कहा कि जीएसटी का सरलीकरण होने तक उसे लागू न किया जाए। जीएसटी से मुक्त चीजों पर छह तरह के टैक्स खत्म होने चाहिए। इन मांग को पूरा नहीं किया गया तो देश भर के व्यापारी आंदोलन करेंगे, जिसके लिए 28 जून को दिल्ली में व्यापार संगठनों की मीटिंग होगी।
अग्रसेन भवन में मीडिया से बातचीत में हरियाणा व्यापार मंडल के अध्यक्ष बजरंग दास गर्ग ने कहा कि विश्व के जिन देशों में जीएसटी लागू है, वहां सभी वस्तुओं पर टैक्स की दरें एक हैं। भारत में टैक्स फ्री वस्तुओं के अलावा छह प्रकार के अलग-अलग टैक्स लगाए गए हैं। राज्यों को अनाज और कई आइटमों पर टैक्स लगाने का अधिकार दिया गया है। हरियाणा में किसानों की फसल पर मार्केट फीस लगाने की तैयारी हो रही है। कई जगह इंट्री टैक्स लगाने की योजना है। किसानों को अपना एमएसपी पहले ही नहीं मिल पा रहा। मार्केट फीस लगाई गई तो किसानों को इससे और कम दाम मिलेगा। कपड़ा, साड़ी, चीनी, धूप, अगरबत्ती जैसी अनेक वस्तुओं टैक्स दायरे में ले लिया। कई खाद्य सामग्री पर 18 से 28 प्रतिशत तक किया गया है। स्टॉक भरने का फॉर्म बहुत जटिल है। इस मौके पर अंजनी कुमार खारियां, संरक्षक पवन गर्ग, प्रदेश सचिव जगदीश तायल, कॉटन एंड जीनर एसो. प्रधान धर्मपाल गुप्ता, खल-चूरी एसो. के प्रधान त्रिलोक कंसल, अनाज मंडी प्रधान संत कुमार सिंगल, अशोक गुप्ता, मनीराम अग्रवाल, राजेंद्र बंसल मौजूद थे।
साल में 37 बार भरने होंगे रिटर्न
बजरंग दास गर्ग ने कहा कि जीएसटी में व्यापारी को साल में 37 रिटर्न भरने होंगे। पहले यह साल में चार बार भरने होते थे। हर व्यापारी को ऑनलाइन रिटर्न के लिए कंप्यूटर की जरूरत भी पड़ेगी।
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प्रॉपर्टी अटैच का कानून हटे
अगर व्यापारी जीएसटी टैक्स भरने में लेट हो जाए या कागजी कार्यवाही में गलती होने पर व्यापारी को सजा का प्रावधान किया है। पैसे वसूलने के लिए व्यापारियों की प्रॉपर्टी अटैच करने का कानून भी बनाया है। इस कानून को हटाया जाए।
28 को दिल्ली में अगली रणनीति
प्रधानमंत्री और केंद्रीय वित्तमंत्री सरलीकरण होने तक इसे लागू न कराएं। अगर ऐसा नहीं किया तो देश भर के व्यापारी आंदोलन करेंगे। प्रदेशभर के व्यापारी संगठन 25 को भिवानी में जुटेंगे। इसके बाद 28 को दिल्ली में देश के कई राज्यों के व्यापारी संगठन मीटिंग कर अगली रणनीति का एलान करेंगे।
जीएसटी से बढे़गा भ्रष्टाचार
बजरंग दास गर्ग ने कहा कि जीएसटी को इसी सूरत में लागू किया तो इससे भ्रष्टाचार बढे़गा। प्रदेश के कई महकमों में फिलहाल भ्रष्टाचार चरम पर है। व्यापारियों व आम लोगों को सेवा शुल्क के नाम पर वसूली हो रही है। जीएसटी से इंस्पेक्टर राज भी बढे़गा।
फोटो - 46
-हरियाणा व्यापार मंडल ने जीएसटी सरलीकरण की रखी मांग
- अन्य सभी टैक्स खत्म करने की मांग, 25 को भिवानी में जुटेंगे प्रदेश के व्यापारी संगठन
- 28 को दिल्ली में देशभर के व्यापारी बनाएंगे रणनीति
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हिसार।
व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष बजरंग दास गर्ग ने कहा कि जीएसटी का सरलीकरण होने तक उसे लागू न किया जाए। जीएसटी से मुक्त चीजों पर छह तरह के टैक्स खत्म होने चाहिए। इन मांग को पूरा नहीं किया गया तो देश भर के व्यापारी आंदोलन करेंगे, जिसके लिए 28 जून को दिल्ली में व्यापार संगठनों की मीटिंग होगी।
अग्रसेन भवन में मीडिया से बातचीत में हरियाणा व्यापार मंडल के अध्यक्ष बजरंग दास गर्ग ने कहा कि विश्व के जिन देशों में जीएसटी लागू है, वहां सभी वस्तुओं पर टैक्स की दरें एक हैं। भारत में टैक्स फ्री वस्तुओं के अलावा छह प्रकार के अलग-अलग टैक्स लगाए गए हैं। राज्यों को अनाज और कई आइटमों पर टैक्स लगाने का अधिकार दिया गया है। हरियाणा में किसानों की फसल पर मार्केट फीस लगाने की तैयारी हो रही है। कई जगह इंट्री टैक्स लगाने की योजना है। किसानों को अपना एमएसपी पहले ही नहीं मिल पा रहा। मार्केट फीस लगाई गई तो किसानों को इससे और कम दाम मिलेगा। कपड़ा, साड़ी, चीनी, धूप, अगरबत्ती जैसी अनेक वस्तुओं टैक्स दायरे में ले लिया। कई खाद्य सामग्री पर 18 से 28 प्रतिशत तक किया गया है। स्टॉक भरने का फॉर्म बहुत जटिल है। इस मौके पर अंजनी कुमार खारियां, संरक्षक पवन गर्ग, प्रदेश सचिव जगदीश तायल, कॉटन एंड जीनर एसो. प्रधान धर्मपाल गुप्ता, खल-चूरी एसो. के प्रधान त्रिलोक कंसल, अनाज मंडी प्रधान संत कुमार सिंगल, अशोक गुप्ता, मनीराम अग्रवाल, राजेंद्र बंसल मौजूद थे।
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साल में 37 बार भरने होंगे रिटर्न
बजरंग दास गर्ग ने कहा कि जीएसटी में व्यापारी को साल में 37 रिटर्न भरने होंगे। पहले यह साल में चार बार भरने होते थे। हर व्यापारी को ऑनलाइन रिटर्न के लिए कंप्यूटर की जरूरत भी पड़ेगी।
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प्रॉपर्टी अटैच का कानून हटे
अगर व्यापारी जीएसटी टैक्स भरने में लेट हो जाए या कागजी कार्यवाही में गलती होने पर व्यापारी को सजा का प्रावधान किया है। पैसे वसूलने के लिए व्यापारियों की प्रॉपर्टी अटैच करने का कानून भी बनाया है। इस कानून को हटाया जाए।
28 को दिल्ली में अगली रणनीति
प्रधानमंत्री और केंद्रीय वित्तमंत्री सरलीकरण होने तक इसे लागू न कराएं। अगर ऐसा नहीं किया तो देश भर के व्यापारी आंदोलन करेंगे। प्रदेशभर के व्यापारी संगठन 25 को भिवानी में जुटेंगे। इसके बाद 28 को दिल्ली में देश के कई राज्यों के व्यापारी संगठन मीटिंग कर अगली रणनीति का एलान करेंगे।
जीएसटी से बढे़गा भ्रष्टाचार
बजरंग दास गर्ग ने कहा कि जीएसटी को इसी सूरत में लागू किया तो इससे भ्रष्टाचार बढे़गा। प्रदेश के कई महकमों में फिलहाल भ्रष्टाचार चरम पर है। व्यापारियों व आम लोगों को सेवा शुल्क के नाम पर वसूली हो रही है। जीएसटी से इंस्पेक्टर राज भी बढे़गा।
फोटो - 46
-हरियाणा व्यापार मंडल ने जीएसटी सरलीकरण की रखी मांग
- अन्य सभी टैक्स खत्म करने की मांग, 25 को भिवानी में जुटेंगे प्रदेश के व्यापारी संगठन
- 28 को दिल्ली में देशभर के व्यापारी बनाएंगे रणनीति