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हरियाणा कैबिनेट का फैसला: ईपीएफ पेंशनभोगियों को तीन हजार पेंशन, किसान 15 तक बढ़वा सकेंगे नलकूपों का लोड

Fri, 28 Jun 2024 08:47 AM IST
नवीन दलाल अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़ Published by: नवीन दलाल Updated Fri, 28 Jun 2024 08:47 AM IST
सार

हरियाणा मंत्रिमंडल की बैठक में एक ट्यूबवेल फेल होने के बाद दूसरा ट्यूबवेल लगाने के लिए सौर ऊर्जा की शर्त को समाप्त कर दिया गया है। अब यदि कोई किसान दूसरा ट्यूबवेल लगाता है तो उसे पहले के कनेक्शन पर ही बिजली आपूर्ति की अनुमति होगी।

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Haryana Cabinet decision: relief to EPF pensioners, farmers will be able to increase load of tube wells
हरियाणा कैबिनेट की मीटिंग - फोटो : PTI

विस्तार

लोकसभा चुनाव के बाद हरियाणा सरकार की पहली मंत्रिमंडल की बैठक में कई महत्वपूर्ण एजेंडों को मंजूरी दी गई। मंत्रिमंडल ने ईपीएफ पेंशनभोगियों की राशि बुढ़ापा पेंशन के बराबर करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इससे इन कर्मियों को वृद्धावस्था पेंशन के सामान सम्मान भत्ता मिलेगा। आगे जब भी बुढ़ापा पेंशन की राशि बढ़ेगी ईपीएफ पेंशनभोगियों की राशि में भी उसी अनुपात में बढ़ोतरी होगी।

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इसके साथ ही प्रदेश में अब न्यूनतम पेंशन तीन हजार हो गई है। सरकार के इस फैसले से करीब एक लाख कर्मचारियों को फायदा मिलेगा। वहीं, किसान एक से 15 जुलाई तक कृषि नलकूपों के बिजली कनेक्शन का लोड बढ़ाने के लिए आवेदन कर सकेंगे। साथ ही सरकार ने मेडिकल, डेंटल और नर्सिंग कॉलेज में प्रोफेसरों की कमी को दूर करने के लिए संविदा संकाय सदस्यों की नियुक्ति की नीति को भी मंजूरी दे दी है।
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हरियाणा में सरकारी या स्थानीय निकाय संगठन या अन्य संस्थाओं से सेवानिवृत्त होने वाले कई कर्मचारियों की ईपीएफ पेंशन की राशि बुढ़ापा पेंशन राशि से कम है। इन कर्मचारियों को डेढ़ से दो हजार के बीच में पेंशन मिलती है, जबकि बुढ़ापा पेंशन के लाभार्थियों को पेंशन तीन हजार रुपये मिलती है और समय-समय पर राशि भी संशोधित होती है। भारतीय मजदूर संघ की मांग थी कि ईपीएफ पेंशनभोगियों की राशि भी बुढ़ापा पेंशन के तहत की जाए।
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पूर्व सीएम मनोहर लाल ने इस साल के बजट में इसकी घोषणा की थी। अब सरकार ने इसकी मंजूरी दे दी है। संशोधन के अनुसार किसी भी सरकारी या स्थानीय निकाय संगठन या अन्य संस्थाओं से सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारी जो सरकार के स्वामित्व व नियंत्रण में हैं और उन्हें निर्धारित वृद्धावस्था सम्मान भत्ते से कम पेंशन मिलती, वे अब वृद्धावस्था सम्मान भत्ता पात्रता के अधीन पात्र होंगे।

ट्यूबबेल फेल होने पर दूसरा लगाने के लिए सौर ऊर्जा की शर्त समाप्त

मंत्रिमंडल की बैठक में एक ट्यूबवेल फेल होने के बाद दूसरा ट्यूबवेल लगाने के लिए सौर ऊर्जा की शर्त को समाप्त कर दिया गया है। अब यदि कोई किसान दूसरा ट्यूबवेल लगाता है तो उसे पहले के कनेक्शन पर ही बिजली आपूर्ति की अनुमति होगी। इससे पहले नियम यह था कि दूसरा ट्यूबवेल लगाने पर सौर ऊर्जा से ही ट्यूबवेल को कनेक्शन दिया जाएगा। इससे किसानों को भारी परेशानी आती थी और कई बार किसानों व विधायकों ने यह मुद्दा सीएम के सामने उठाया था।

मेडिकल व नर्सिंग कॉलेजों में संविदा पर भर्ती होंगे प्रोफेसर

हरियाणा सरकार ने मेडिकल, डेंटल व नर्सिंग कॉलेजों में प्रोफेसर व अन्य शिक्षकों की कमी को दूर करने के लिए संविदा संकाय (कॉन्ट्रैक्चुअल मैनपावर) की नियुक्ति की नीति को मंजूरी दे दी है। इसके तहत राज्य में खोले जा रहे नए मेडिकल कॉलेजों में शैक्षिक बुनियादी ढांचे को मजबूत करना है। इस फैसले से इन संस्थानों में योग्य संकाय सदस्यों की तत्काल कमी दूर की जा सकेगी।

सीधी भर्ती के लिए समय-समय पर लागू होने वाली आरक्षण नीति का भी इन संविदा भर्तियों में पालन किया जाएगा। इस नीति से मंजूरी मिलने के बाद असिस्टेंट प्रोफेसर, एसोसिएट प्रोफेसर और प्रोफेसर के पदों पर भर्ती की जाएगी। इसी तरह, नर्सिंग कॉलेजों के लिए प्रिंसिपल-कम-प्रोफेसर, वाइस प्रिंसिपल-कम-प्रोफेसर, एसोसिएट प्रोफेसर, असिस्टेंट प्रोफेसर और ट्यूटर के पदों पर भर्ती की जाएगी। इनकी नियुक्ति प्रारंभिक तौर पर दो साल और फिर दो साल तक बढ़ाया जा सकता है या फिर जब तक नियमित नियुक्ति नहीं हो जाती। शिक्षण फैकल्टी के लिए आयु सीमा 70 वर्ष तक होगी।

गुरुद्वारा श्री चिल्ला साहिब को 77 कनाल 7 मरला भूमि दी

मंत्रिमंडल ने सिरसा के गुरुद्वारा श्री चिल्ला साहिब को 77 कनाल 7 मरला और गुरु नानक पब्लिक स्कूल को 6 कनाल 9 मरला भूमि हस्तांतरित करने को स्वीकृति दी है। मंत्रिमंडल ने इस भूमि को बिना स्टांप ड्यूटी के गुरुद्वारा श्री चिल्ला साहिब को उपहार स्वरूप देने का निर्णय लिया है। बैठक के बाद सीएम ने बताया कि आज (वीरवार) के दिन ही गुरु नानक देव जी के पवित्र चरण सिरसा की धरती पर पड़े थे। सौभाग्य से इसी दिन सरकार गुरुद्वारे को भूमि दे रही है।

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