{"_id":"5d2e1b358ebc3e6cb20cfd96","slug":"weather-rain-road-fatehabad-fatehabad-news-rtk5052260182","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिले में औसतन 15 एमएम बारिश, रतिया में दो मकानों की छत गिरी, भूथन में ढाणी में गिरी बिजली","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिले में औसतन 15 एमएम बारिश, रतिया में दो मकानों की छत गिरी, भूथन में ढाणी में गिरी बिजली
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फतेहाबाद। लंबे इंतजार के बाद आखिरकार मंगलवार को फतेहाबाद जिले पर इंद्रदेव की मेहरबानी हुई। मंगलवार अलसुबह से शुरू हुई बारिश दोपहर बाद तक बदस्तूर जारी रही। जिला राजस्व विभाग से मिली जानकारी के अनुसार टोहाना में सर्वाधिक 17 एमएम, रतिया में 10 और फतेहाबाद में भी 13 एमएम बरसात दर्ज की गई। जिलेभर में औसतन 15 एमएम बरसात हुई। मंगलवार को बारिश के चलते जहां मौसम खुशगवार हो गया और पारे में भी गिरावट दर्ज की गई। उधर जिले के रतिया इलाके में बारिश के कारण वार्ड दो और तीन में दो मकानों की छत गिर गई जबकि भूथनकलां के नजदीक एक ढाणी में बिजली गिर गई। हालांकि सभी मामलों में जानी नुकसान नहीं होने से लोगों ने राहत की सांस ली। बरसात के चलते पूरे जिले में अलग-अलग जगह जलभराव के चलते भी लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
बारिश से लुढ़का पारा, कई इलाकों में जलभराव
मंगलवार सुबह से शुरू हुई बरसात के चलते दिन के तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई । मंगलवार को फतेहाबाद का अधिकतम तापमान 31 डिग्री रहा जो सामान्य से लगभग 7 डिग्री कम है जबकि न्यूनतम तापमान 25 डिग्री रहा। मंगलवार की बरसात के चलते शहर के अनेक इलाकों में जलभराव हो गया। जिसके चलते वाहन चालकों और पैदल जाने वाले लोगों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा। इन इलाकों में बीघड़ रोड, थाना रोड, सिविल अस्पताल रोड, एमसी कालोनी, सिटी हाइवे, वाल्मीकि चौक, धर्मशाला रोड, जवाहर चौक आदि शामिल रहे। इसके अलावा अन्य कई इलाकों में भी जलभराव के चलते लोगों को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। भट्टू और फतेहाबाद के सरकारी अस्पतालों के गेट पर ही दो-दो फीट पानी एकत्रित होने के चलते बीमार लोग उपचार के लिए भी परेशान होते दिखे।
किसानों के चेहरे खिले, 62 हजार हेक्टेयर में हुई रोपाई, बारिश के बाद और बढ़ेगा
पिछले कई दिनों से बरसात की बाट जोह रहे किसानों के चेहरे भी बारिश के चलते खिल गए। चार दिन पहले तक जिले में 48 हजार हेक्टेयर भूमि पर ही धान की रोपाई हो सकी थी, लेकिन मंगलवार तक ये आंकड़ा बढक़र 64 हजार हेक्टेयर पर पहुंच गया। मंगलवार की बारिश के बाद इस आंकड़े में और बढ़ोतरी होनी तय मानी जा रही है। उधर मौसम विभाग ने बुधवार को भी बारिश की संभावना जताई है जिसके चलते भी किसान बड़े पैमाने पर रोपाई की तैयारियों में जुट गए हैं।
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भूना में ढाणी में गिरी बिजली, कोई हताहत नहीं
भूना। गांव भूथन कलां के निकट स्थित एक ढाणी में मंगलवार सुबह बिजली घर में आ गिरी। धमाके के साथ ही आसपास की ढाणियों के लोग मौके पर पहुंचे। गनीमत की बात यह रही कि बिजली गिरने से कोई जानी नुकसान नहीं हुआ। जानकारी के अनुसार भूथन कलां के निकट ओम प्रकाश खिच्चड़ की ढाणी में मंगलवार सुबह सवा 7 बजे के करीब सभी परिजन काम मेें व्यस्त थे। इसी दौरान हलकी बूंदाबादी के साथ ही बिजली उसके घर में आ गिरी। बिजली गिरने से हुए धमाके से परिवार के सभी लोग बाहर की ओर भागे और देखा कि कमरा में खड़ा ट्रैक्टर व मोटर साइकिल नष्ट हो गए। पीड़ित परिवार नेे जिला उपायुक्त को घटनाक्रम से अवगत करवाते हुए आर्थिक सहायता एवं मुआवजा दिलवाने की मांग की है।
रतिया में दो मकानों की छत गिरी, बाल-बाल बचे परिवार
रतिया। क्षेत्र में सोमवार रात से शुरू हुई बरसात मंगलवार को दोपहर तक जारी रही। बरसात के चलते रतिया शहर के वार्ड नंबर 3 व वार्ड नंबर 2 के दो मकानों की छत गिर गई। गनीमत ये रही कि हादसे के समय परिवार के लोग उस कमरे में नहीं थे जिसके चलते वो बाल-बाल बच गए। दूसरी ओर मंगलवार को लगातार हुई बरसात से जगह-जगह जलभराव के कारण लोगों को परेशानियों का सामना भी करना पड़ा। शहर के फतेहाबाद रोड,मेन बाजार, अनाजमंडी, टोहाना रोड, गल्र्ज स्कूल के सामने व शक्ति नगर सहित कई कालोनियों की गलियों में पानी भरने से लोगों को आवागमन में परेशानियों का सामना करना पड़ा। विशेषकर फतेहाबाद रोड पर रिलांयस पंप के सामने हुए जलभराव को देखते हुए प्रशासन भी अलर्ट हुआ व रतिया एसडीएम ने नगरपालिका प्रशासन के साथ फतेहाबाद रोड के साथ साथ जलभराव वाले स्थानो का निरीक्षण किया। शहर में मंगलवार को जगह-जगह हुए जलभराव ने नरगपालिका के दावों की पोल खोल कर रख दी है। शहरवासियों का कहना है कि अनेक निकासी नाले सफाई के अभाव में गंदगी से अटे पड़े हैं जिससे पानी की निकासी नहीं हो पा रही है। उधर दूसरी तरफ पिछले कई दिनों से गर्मी से झुलसे रहे लोगों को बरसात से भारी राहत मिली है।
टोहाना में 17 एमएम बारिश से सड़कें जलमग्न
टोहाना। मंगलवार को हुई बरसात के चलते क्षेत्र में अनेक रास्ते जलमग्न हो गए जिसके चलते लोगों को परेशानियों का सामना करना पडा। बरसात के चलते अनेक रास्तों में पानी खड़ा होने से वाहन बंद हो गए। बरसात के समय लोगों को घर से पानी निकालते हुए देखा गया। मौसम विभाग के अनुसार टोहाना क्षेत्र में मंगलवार को 17 एमएम बरसात दर्ज की गई। जानकारी अनुसार मंगलवार को शहर में सुबह से हल्की-हल्की बरसात शुरू हुई लेकिन दिन ढलते-ढलते बरसात तेज होती गई तथा शहर के अनेक रास्ते जलमग्न हो गए। बरसात के चलते लोगों के अनेक वाहन पानी में बंद हो गए तथा शहर के अनेक निचले स्तरों पर पानी घरों में घुसने के बाद लोगों को पानी निकालते हुए देखा गया। सिंचाई विभाग के एसडीओ सजीव कुमार ने बताया कि पिछले समय में से लगभग 17से 19 एमएम बारिश दर्ज की गई है। बारिश के चलते शहर के कैंची चौक, रेलवे रोड, अनाज मंडी, रामनगर, आजाद नगर, रतिया रोड व जमालपुर रोड पर पानी जमा हो गया। पानी जमा होने से लोगों को अनेक परेशानियों से जूझते हुए देखा गया।
भट्टू में पानी के बीच फंसे कई वाहन
भट्टूकलां। भट्टूमंडी में बरसाती पानी निकासी की ठीक व्यवस्था न होने से कस्बे की सड़कों पर पानी भर गया। जिससे आने जाने वाले लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। बरसाती पानी की निकासी न होने के कारण लोगों में प्रशासन के प्रति भारी रोष व्याप्त है। इस बरसात से जहां शहर के लोग सडक़ों पर पानी भरा होने के कारण आवागमन में परेशान है। यह बरसात किसानों के लिए वरदान साबित हुई है। जिला कृषि उप निदेशक बलवंत सहारण ने बताया कि भट्टू क्षेत्र में 13 एमएम बरसात हुई है, जोकि फसलों के लिए बहुत ही लाभकारी साबित होगी। भट्टूमंडी में बरसाती पानी की निकासी की ठीक व्यवस्था न होने के कारण सड़कें पानी से भर जाती है। यहां तक की अनेक दुकानों में भी पानी घुस जाता है। जिससे लोगों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। मंगलवार सुबह हुई बरसात से शहर जलमग्न हो गया। यहां हिसार रोड़ व फतेहाबाद रोड़ की स्थिति सबसे ज्यादा दयनीय बनी रही। रेलवे स्टेशन परिसर में भी पानी घुसने यात्रियों को काफी परेशानी उठानी पड़ी। सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र के मुख्य द्वार पर काफी पानी जमा हो गया। जिससे लोगों को आवागमन में काफी परेशानी उठानी पड़ी। लोगों ने जिला प्रशासन से बरसाती पानी निकासी की उचित व्यवस्था करने की मांग की है।
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बारिश से लुढ़का पारा, कई इलाकों में जलभराव
मंगलवार सुबह से शुरू हुई बरसात के चलते दिन के तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई । मंगलवार को फतेहाबाद का अधिकतम तापमान 31 डिग्री रहा जो सामान्य से लगभग 7 डिग्री कम है जबकि न्यूनतम तापमान 25 डिग्री रहा। मंगलवार की बरसात के चलते शहर के अनेक इलाकों में जलभराव हो गया। जिसके चलते वाहन चालकों और पैदल जाने वाले लोगों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा। इन इलाकों में बीघड़ रोड, थाना रोड, सिविल अस्पताल रोड, एमसी कालोनी, सिटी हाइवे, वाल्मीकि चौक, धर्मशाला रोड, जवाहर चौक आदि शामिल रहे। इसके अलावा अन्य कई इलाकों में भी जलभराव के चलते लोगों को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। भट्टू और फतेहाबाद के सरकारी अस्पतालों के गेट पर ही दो-दो फीट पानी एकत्रित होने के चलते बीमार लोग उपचार के लिए भी परेशान होते दिखे।
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किसानों के चेहरे खिले, 62 हजार हेक्टेयर में हुई रोपाई, बारिश के बाद और बढ़ेगा
पिछले कई दिनों से बरसात की बाट जोह रहे किसानों के चेहरे भी बारिश के चलते खिल गए। चार दिन पहले तक जिले में 48 हजार हेक्टेयर भूमि पर ही धान की रोपाई हो सकी थी, लेकिन मंगलवार तक ये आंकड़ा बढक़र 64 हजार हेक्टेयर पर पहुंच गया। मंगलवार की बारिश के बाद इस आंकड़े में और बढ़ोतरी होनी तय मानी जा रही है। उधर मौसम विभाग ने बुधवार को भी बारिश की संभावना जताई है जिसके चलते भी किसान बड़े पैमाने पर रोपाई की तैयारियों में जुट गए हैं।
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भूना में ढाणी में गिरी बिजली, कोई हताहत नहीं
भूना। गांव भूथन कलां के निकट स्थित एक ढाणी में मंगलवार सुबह बिजली घर में आ गिरी। धमाके के साथ ही आसपास की ढाणियों के लोग मौके पर पहुंचे। गनीमत की बात यह रही कि बिजली गिरने से कोई जानी नुकसान नहीं हुआ। जानकारी के अनुसार भूथन कलां के निकट ओम प्रकाश खिच्चड़ की ढाणी में मंगलवार सुबह सवा 7 बजे के करीब सभी परिजन काम मेें व्यस्त थे। इसी दौरान हलकी बूंदाबादी के साथ ही बिजली उसके घर में आ गिरी। बिजली गिरने से हुए धमाके से परिवार के सभी लोग बाहर की ओर भागे और देखा कि कमरा में खड़ा ट्रैक्टर व मोटर साइकिल नष्ट हो गए। पीड़ित परिवार नेे जिला उपायुक्त को घटनाक्रम से अवगत करवाते हुए आर्थिक सहायता एवं मुआवजा दिलवाने की मांग की है।
रतिया में दो मकानों की छत गिरी, बाल-बाल बचे परिवार
रतिया। क्षेत्र में सोमवार रात से शुरू हुई बरसात मंगलवार को दोपहर तक जारी रही। बरसात के चलते रतिया शहर के वार्ड नंबर 3 व वार्ड नंबर 2 के दो मकानों की छत गिर गई। गनीमत ये रही कि हादसे के समय परिवार के लोग उस कमरे में नहीं थे जिसके चलते वो बाल-बाल बच गए। दूसरी ओर मंगलवार को लगातार हुई बरसात से जगह-जगह जलभराव के कारण लोगों को परेशानियों का सामना भी करना पड़ा। शहर के फतेहाबाद रोड,मेन बाजार, अनाजमंडी, टोहाना रोड, गल्र्ज स्कूल के सामने व शक्ति नगर सहित कई कालोनियों की गलियों में पानी भरने से लोगों को आवागमन में परेशानियों का सामना करना पड़ा। विशेषकर फतेहाबाद रोड पर रिलांयस पंप के सामने हुए जलभराव को देखते हुए प्रशासन भी अलर्ट हुआ व रतिया एसडीएम ने नगरपालिका प्रशासन के साथ फतेहाबाद रोड के साथ साथ जलभराव वाले स्थानो का निरीक्षण किया। शहर में मंगलवार को जगह-जगह हुए जलभराव ने नरगपालिका के दावों की पोल खोल कर रख दी है। शहरवासियों का कहना है कि अनेक निकासी नाले सफाई के अभाव में गंदगी से अटे पड़े हैं जिससे पानी की निकासी नहीं हो पा रही है। उधर दूसरी तरफ पिछले कई दिनों से गर्मी से झुलसे रहे लोगों को बरसात से भारी राहत मिली है।
टोहाना में 17 एमएम बारिश से सड़कें जलमग्न
टोहाना। मंगलवार को हुई बरसात के चलते क्षेत्र में अनेक रास्ते जलमग्न हो गए जिसके चलते लोगों को परेशानियों का सामना करना पडा। बरसात के चलते अनेक रास्तों में पानी खड़ा होने से वाहन बंद हो गए। बरसात के समय लोगों को घर से पानी निकालते हुए देखा गया। मौसम विभाग के अनुसार टोहाना क्षेत्र में मंगलवार को 17 एमएम बरसात दर्ज की गई। जानकारी अनुसार मंगलवार को शहर में सुबह से हल्की-हल्की बरसात शुरू हुई लेकिन दिन ढलते-ढलते बरसात तेज होती गई तथा शहर के अनेक रास्ते जलमग्न हो गए। बरसात के चलते लोगों के अनेक वाहन पानी में बंद हो गए तथा शहर के अनेक निचले स्तरों पर पानी घरों में घुसने के बाद लोगों को पानी निकालते हुए देखा गया। सिंचाई विभाग के एसडीओ सजीव कुमार ने बताया कि पिछले समय में से लगभग 17से 19 एमएम बारिश दर्ज की गई है। बारिश के चलते शहर के कैंची चौक, रेलवे रोड, अनाज मंडी, रामनगर, आजाद नगर, रतिया रोड व जमालपुर रोड पर पानी जमा हो गया। पानी जमा होने से लोगों को अनेक परेशानियों से जूझते हुए देखा गया।
भट्टू में पानी के बीच फंसे कई वाहन
भट्टूकलां। भट्टूमंडी में बरसाती पानी निकासी की ठीक व्यवस्था न होने से कस्बे की सड़कों पर पानी भर गया। जिससे आने जाने वाले लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। बरसाती पानी की निकासी न होने के कारण लोगों में प्रशासन के प्रति भारी रोष व्याप्त है। इस बरसात से जहां शहर के लोग सडक़ों पर पानी भरा होने के कारण आवागमन में परेशान है। यह बरसात किसानों के लिए वरदान साबित हुई है। जिला कृषि उप निदेशक बलवंत सहारण ने बताया कि भट्टू क्षेत्र में 13 एमएम बरसात हुई है, जोकि फसलों के लिए बहुत ही लाभकारी साबित होगी। भट्टूमंडी में बरसाती पानी की निकासी की ठीक व्यवस्था न होने के कारण सड़कें पानी से भर जाती है। यहां तक की अनेक दुकानों में भी पानी घुस जाता है। जिससे लोगों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। मंगलवार सुबह हुई बरसात से शहर जलमग्न हो गया। यहां हिसार रोड़ व फतेहाबाद रोड़ की स्थिति सबसे ज्यादा दयनीय बनी रही। रेलवे स्टेशन परिसर में भी पानी घुसने यात्रियों को काफी परेशानी उठानी पड़ी। सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र के मुख्य द्वार पर काफी पानी जमा हो गया। जिससे लोगों को आवागमन में काफी परेशानी उठानी पड़ी। लोगों ने जिला प्रशासन से बरसाती पानी निकासी की उचित व्यवस्था करने की मांग की है।