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आठ माह बाद हुई कष्ट निवारण समिति की बैठक बनकर रह गई मात्र औपचारिकता
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फतेहाबाद में कष्ट निवारण समिति की बैठक की अध्यक्षता करते कृष्ण बेदी
- फोटो : Fatehabad
फतेहाबाद। पिछले 8 माह बाद सोमवार को लघु सचिवालय के सभागार में आयोजित जिला लोक संपर्क एवं कष्ट निवारण समिति की बैठक में मात्र औपचारिकता बनकर रह गई। बैठक में निवारण के लिए 20 मामले रखे गए थे, जिनमें अधिकांश कई माह से लंबित थे। बैठक की अध्यक्षता कर रहे सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री कृष्ण कुमार बेदी ने 5 केस तो डिस्पोज कर दिए। 4 शिकायतकर्ता आए नहीं जबकि 6 मामलों को अगली मीटिंग तक पेंडिंग रख दिया गया। शेष बचे मामलों में लीपापोती कर बैठक समाप्त कर दी गई। बैठक में समिति के सदस्यों के अलावा डीसी व एसपी ने भी भाग लिया।
गांव कुम्हारियां निवासी हंसराज व अन्य किसानों द्वारा सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया द्वारा प्रीमियम लौटाए जाने और फसल बीमा योजना का क्लेम न देने संबंधी मामले में राज्य मंत्री ने बैंक में लापरवाही बरतने वाले अधिकारी की जिम्मेवारी निर्धारित करने व इस मामले को राज्य स्तरीय बैंकर्स समिति में भेजने के निर्देश दिए। किसानों से फर्द के बदले फीस लेने के संबंध में जब शिकायतकर्ता एडवोकेट सुशील कुमार बिश्नोई पेश हुए तो कृष्ण बेदी ने कहा कि उसकी शिकायत का निवारण अगली बैठक में किया जाएगा। इस पर सुशील बिश्नोई ने पलटवार किया कि 7 माह हो गए हैं, अभी तक मामले की जांच नहीं हुई। मंत्री ने आचार संहिता की बात कही तो बिश्नोई ने फिर पलटवार किया कि आचार संहिता तो फिर लगने वाली है। इस पर मंत्री ने सॉरी कहकर अगले माह मामला निपटाने की बात कही।
गलत इलाज की शिकायत पर अगली बैठक में डॉक्टर को बुलाया
गांव कुकड़ावाली निवासी रमेश द्वारा अपनी पत्नी के गलत इलाज को लेकर रखी गई शिकायत पर राज्य मंत्री ने अगली बैठक में संबंधित डॉक्टर को बुलाने के निर्देश दिए। एक अन्य महत्वपूर्ण मामले में ढाणी चानन वाली निवासी गोविंद ने इंडिसैंड बैंक की शिकायत दी थी कि उन्होंने बैंक में जमा उसके रुपयों की एफडी करने की बजाय कोई बीमा पॉलिसी कर दी। इस पर जब लीड बैंक मैनेजर खड़े हुए तो मंत्री ने कहा कि वह तथ्यों को सुनकर यह यकीन के साथ कह सकते हैं। शिकायतकर्ता के साथ कहीं न कहीं न्याय नहीं हुआ। इसलिए इसकी जांच के लिए वह एडवोकेट प्रवीण जोड़ा को सौंप रहे हैं और इस मामले की जांच रिपोर्ट अगली बैठक में रखी जाए।
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बेवजह लड़कियों से छेड़छाड़ का मुद्दा न उठाएं
एक मामले में टोहाना निवासी एक महिला ने झगड़े के साथ उसकी बेटी से छेड़छाड़ के आरोप लगाए तो कृष्ण बेदी ने भरी मीटिंग में महिला से पूछा कि वह इस बात को साफ करे कि पहले प्लाट को लेकर झगड़ा हुआ या छेड़छाड़। जब महिला ने पहले झगड़े की बात स्वीकारी तो कृष्ण बेदी ने उसे सलाह दी कि वह बेवजह लड़कियों से छेड़छाड़ का नाजायज फायदा न उठाएं।
बीपीएल सर्वे के लिए मिल सकता है एक और अवसर
राज्य मंत्री कृष्ण कुमार बेदी ने कहा है कि हरियाणा सरकार ताजा बीपीएल सर्वे में छूट गए पात्र लाभार्थियों को एक और अवसर देने पर विचार कर रही है। उन्होंने कहा कि इस बारे में मुख्यमंत्री मनोहर लाल स्वयं बेहद गंभीर है और वे चाहते हैं कि प्रत्येक जरूरतमंद को उसका हक मिलें। वे सोमवार को लघु सचिवालय स्थित सभागार में जिला लोक संपर्क एवं कष्ट निवारण समिति की बैठक लेने के बाद पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत कर रहे थे। पत्रकारों द्वारा पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि बहुत जल्द सरकार द्वारा इस दिशा में निर्णय लिया जाएगा। एक अन्य प्रश्न के उत्तर में राज्य मंत्री ने कहा कि एसवाईएल नहर को लेकर हरियाणा सरकार पूरी तरह से गंभीर है। अन्य दलों को भी इस मुद्दे पर सरकार का सहयोग करना चाहिए ताकि हरियाणा को इस नहर का पानी मिल सके।
नशे संबंधी स्थानीय मांगों को लेकर एसपी को कराया है अवगत : बेदी
नशे को लेकर संत गोपाल दास व अन्य लोगों द्वारा किए जा रहे आंदोलन के बारे में पूछे गए एक अन्य प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा कि वे स्वयं आंदोलनकारियों से मिले हैं और उनसे उनकी मांगों के बारे में जानकारी ली है। राज्य मंत्री ने कहा कि कुछ मांगे स्थानीय स्तर की हैं, ऐसी मांगों को लेकर उन्होंने पुलिस अधीक्षक विजय प्रताप सिंह को अवगत करवा दिया है। कुछ मांगे नीतिगत है, जो हरियाणा सरकार के माध्यम से केंद्र सरकार के संज्ञान में लाई जाएंगी। बैठक में उपायुक्त धीरेन्द्र खडग़टा, एसपी विजय प्रताप सिंह, सफाई आयोग सदस्य चंद्र प्रकाश बोस्ती, हरियाणा राज्य महिला आयोग की सदस्य सुमन बेदी, एसडीएम सुरजीत सिंह नैन, डॉ किरण सिंह, सुरेंद्र बैनीवाल, जिप सीईओ डॉ जयबीर यादव, सीटीएम राहुल मित्तल, भाजपा जिलाध्यक्ष वेद फुलां, पूर्व विधायक स्वतंत्र बाला चौधरी, नप चेयरमैन दर्शन नागपाल, सरदारी लाल, गुलशन हंस, एडवोकेट प्रवीण जोड़ा, राजपाल बैनीवाल, प्रमोद बैनीवाल, भीम लांबा, राजेन्द्र प्रजापति, रामराज मेहता, बलदेव ग्रोहा, लक्ष्मण नापा, आत्म प्रकाश मेहता, हरमेश, रमेश मेहता, सतपाल चंद, कंवल चौधरी, अवतार मोंगा, सहित समिति सदस्य और विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारीगण मौजूद रहे।
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गांव कुम्हारियां निवासी हंसराज व अन्य किसानों द्वारा सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया द्वारा प्रीमियम लौटाए जाने और फसल बीमा योजना का क्लेम न देने संबंधी मामले में राज्य मंत्री ने बैंक में लापरवाही बरतने वाले अधिकारी की जिम्मेवारी निर्धारित करने व इस मामले को राज्य स्तरीय बैंकर्स समिति में भेजने के निर्देश दिए। किसानों से फर्द के बदले फीस लेने के संबंध में जब शिकायतकर्ता एडवोकेट सुशील कुमार बिश्नोई पेश हुए तो कृष्ण बेदी ने कहा कि उसकी शिकायत का निवारण अगली बैठक में किया जाएगा। इस पर सुशील बिश्नोई ने पलटवार किया कि 7 माह हो गए हैं, अभी तक मामले की जांच नहीं हुई। मंत्री ने आचार संहिता की बात कही तो बिश्नोई ने फिर पलटवार किया कि आचार संहिता तो फिर लगने वाली है। इस पर मंत्री ने सॉरी कहकर अगले माह मामला निपटाने की बात कही।
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गलत इलाज की शिकायत पर अगली बैठक में डॉक्टर को बुलाया
गांव कुकड़ावाली निवासी रमेश द्वारा अपनी पत्नी के गलत इलाज को लेकर रखी गई शिकायत पर राज्य मंत्री ने अगली बैठक में संबंधित डॉक्टर को बुलाने के निर्देश दिए। एक अन्य महत्वपूर्ण मामले में ढाणी चानन वाली निवासी गोविंद ने इंडिसैंड बैंक की शिकायत दी थी कि उन्होंने बैंक में जमा उसके रुपयों की एफडी करने की बजाय कोई बीमा पॉलिसी कर दी। इस पर जब लीड बैंक मैनेजर खड़े हुए तो मंत्री ने कहा कि वह तथ्यों को सुनकर यह यकीन के साथ कह सकते हैं। शिकायतकर्ता के साथ कहीं न कहीं न्याय नहीं हुआ। इसलिए इसकी जांच के लिए वह एडवोकेट प्रवीण जोड़ा को सौंप रहे हैं और इस मामले की जांच रिपोर्ट अगली बैठक में रखी जाए।
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बेवजह लड़कियों से छेड़छाड़ का मुद्दा न उठाएं
एक मामले में टोहाना निवासी एक महिला ने झगड़े के साथ उसकी बेटी से छेड़छाड़ के आरोप लगाए तो कृष्ण बेदी ने भरी मीटिंग में महिला से पूछा कि वह इस बात को साफ करे कि पहले प्लाट को लेकर झगड़ा हुआ या छेड़छाड़। जब महिला ने पहले झगड़े की बात स्वीकारी तो कृष्ण बेदी ने उसे सलाह दी कि वह बेवजह लड़कियों से छेड़छाड़ का नाजायज फायदा न उठाएं।
बीपीएल सर्वे के लिए मिल सकता है एक और अवसर
राज्य मंत्री कृष्ण कुमार बेदी ने कहा है कि हरियाणा सरकार ताजा बीपीएल सर्वे में छूट गए पात्र लाभार्थियों को एक और अवसर देने पर विचार कर रही है। उन्होंने कहा कि इस बारे में मुख्यमंत्री मनोहर लाल स्वयं बेहद गंभीर है और वे चाहते हैं कि प्रत्येक जरूरतमंद को उसका हक मिलें। वे सोमवार को लघु सचिवालय स्थित सभागार में जिला लोक संपर्क एवं कष्ट निवारण समिति की बैठक लेने के बाद पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत कर रहे थे। पत्रकारों द्वारा पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि बहुत जल्द सरकार द्वारा इस दिशा में निर्णय लिया जाएगा। एक अन्य प्रश्न के उत्तर में राज्य मंत्री ने कहा कि एसवाईएल नहर को लेकर हरियाणा सरकार पूरी तरह से गंभीर है। अन्य दलों को भी इस मुद्दे पर सरकार का सहयोग करना चाहिए ताकि हरियाणा को इस नहर का पानी मिल सके।
नशे संबंधी स्थानीय मांगों को लेकर एसपी को कराया है अवगत : बेदी
नशे को लेकर संत गोपाल दास व अन्य लोगों द्वारा किए जा रहे आंदोलन के बारे में पूछे गए एक अन्य प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा कि वे स्वयं आंदोलनकारियों से मिले हैं और उनसे उनकी मांगों के बारे में जानकारी ली है। राज्य मंत्री ने कहा कि कुछ मांगे स्थानीय स्तर की हैं, ऐसी मांगों को लेकर उन्होंने पुलिस अधीक्षक विजय प्रताप सिंह को अवगत करवा दिया है। कुछ मांगे नीतिगत है, जो हरियाणा सरकार के माध्यम से केंद्र सरकार के संज्ञान में लाई जाएंगी। बैठक में उपायुक्त धीरेन्द्र खडग़टा, एसपी विजय प्रताप सिंह, सफाई आयोग सदस्य चंद्र प्रकाश बोस्ती, हरियाणा राज्य महिला आयोग की सदस्य सुमन बेदी, एसडीएम सुरजीत सिंह नैन, डॉ किरण सिंह, सुरेंद्र बैनीवाल, जिप सीईओ डॉ जयबीर यादव, सीटीएम राहुल मित्तल, भाजपा जिलाध्यक्ष वेद फुलां, पूर्व विधायक स्वतंत्र बाला चौधरी, नप चेयरमैन दर्शन नागपाल, सरदारी लाल, गुलशन हंस, एडवोकेट प्रवीण जोड़ा, राजपाल बैनीवाल, प्रमोद बैनीवाल, भीम लांबा, राजेन्द्र प्रजापति, रामराज मेहता, बलदेव ग्रोहा, लक्ष्मण नापा, आत्म प्रकाश मेहता, हरमेश, रमेश मेहता, सतपाल चंद, कंवल चौधरी, अवतार मोंगा, सहित समिति सदस्य और विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारीगण मौजूद रहे।