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Fatehabad News: सहकारी समिति में पहुंचे डीएपी के एक हजार बैग, वितरण नहीं होने से किसान परेशान
Sat, 03 Oct 2026 11:51 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
Updated Sat, 03 Oct 2026 11:51 PM IST
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शहर की पुरानी अनाजमंडी में स्थित सहकारी समिति में डीएपी खाद लेने पहुंचे किसान।
फतेहाबाद। शहर की पुरानी अनाज मंडी स्थित सहकारी समिति में हैफेड की ओर से डीएपी खाद की एक हजार बैग की खेप पहुंची। इसके बावजूद किसानों को अभी तक खाद का वितरण शुरू नहीं हो पाया है। खाद वितरण को लेकर सहकारी समिति ने बताया कि बायोमेट्रिक मशीन में खाद पहुंचने का रिकॉर्ड दर्ज नहीं हुआ है। खाद लेने के लिए किसान पिछले दो दिनों से समिति के बाहर इंतजार कर रहे हैं। किसानों की कतारें लग गई हैं।
वर्तमान में क्षेत्र में सरसों की बिजाई का काम शुरू हो चुका है। ऐसे में किसानों को फसल की शुरुआती तैयारी के लिए डीएपी खाद की आवश्यकता है। वहीं, करीब एक महीने बाद गेहूं की बिजाई का सीजन भी शुरू होने वाला है। गेहूं की फसल के लिए भी डीएपी की जरूरत पड़ेगी।
किसानों का कहना है कि समय पर खाद नहीं मिलने से बिजाई प्रभावित होने की चिंता बनी हुई है। फसलों की बिजाई के समय हर साल किसानों को खाद के लिए लंबा इंतजार करना पड़ता है।
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200 किसानों के लगाए गए नंबर
समिति में डीएपी खाद की खेप पहुंचने की जानकारी मिलने के बाद आसपास के गांवों से किसान खाद लेने के लिए पहुंच गए। जिसके बाद किसानों के नंबर लगाए जिसमें 200 किसानों के नंबर लग चुके हैं। इसके आधार पर प्रत्येक किसानों को 5 बैग डीएपी खाद वितरित की जाएगी। किसान पिछले दो दिनों से समिति के चक्कर लगा रहे हैं। किसानों का कहना है कि खाद उपलब्ध होने के बावजूद उन्हें वितरण के लिए इंतजार करना पड़ रहा है।
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सरसों की बिजाई का समय चल रहा है और इस दौरान डीएपी की आवश्यकता रहती है। इसके अलावा गेहूं की बिजाई के लिए भी किसान अभी से खाद की व्यवस्था करना चाहते हैं, ताकि सीजन शुरू होने पर खाद के लिए भटकना न पड़े।
-जगदीप किसान, गांव, करनौली।
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खाद की उपलब्धता सुनिश्चित होने के बावजूद वितरण में देरी से उन्हें अनावश्यक परेशानी हो रही है। किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि बायोमेट्रिक रिकॉर्ड दर्ज कराने की प्रक्रिया जल्द पूरी कराकर खाद का वितरण शुरू करवाया जाए ताकि सरसों की बिजाई के साथ आगामी गेहूं सीजन के लिए भी किसानों को समय पर डीएपी उपलब्ध हो सके।
-सेवक किसान, गांव करनौली।
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रबी फसल के सीजन में हर साल खाद की कमी रहती है इसके बावजूद खाद की उपलब्धता नहीं करवाई जाती। इन दिनों सरसों व सब्जियों की बिजाई का काम जारी है। ऐसे में खाद का वितरण किया जाए ताकि किसान समय पर फसलों की बिजाई कर सके।
-मुंशी किसान, गांव छतरियां।
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प्रशासन से मांग की है कि तकनीकी समस्या का जल्द समाधान करवाकर खाद का वितरण शुरू कराया जाए। अगर खाद की कमी रहती है तो किसानों को गेहूं की बिजाई में परेशानी होगी।
-रमेश कुमार, किसान गांव नूरकीअहली।
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:: डीएपी की एक हजार बैग की खेप समिति में पहुंच चुकी है लेकिन बायोमेट्रिक मशीन में खाद पहुंचने का रिकॉर्ड दर्ज नहीं हुआ है। रिकॉर्ड अपडेट होने के बाद ही नियमानुसार खाद का वितरण शुरू किया जा सकेगा। समिति की ओर से तकनीकी प्रक्रिया पूरी होने का इंतजार किया जा रहा है।
-विनोद कुमार, अकाउटेंट, सहकारी समिति, फतेहाबाद।
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वर्तमान में क्षेत्र में सरसों की बिजाई का काम शुरू हो चुका है। ऐसे में किसानों को फसल की शुरुआती तैयारी के लिए डीएपी खाद की आवश्यकता है। वहीं, करीब एक महीने बाद गेहूं की बिजाई का सीजन भी शुरू होने वाला है। गेहूं की फसल के लिए भी डीएपी की जरूरत पड़ेगी।
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किसानों का कहना है कि समय पर खाद नहीं मिलने से बिजाई प्रभावित होने की चिंता बनी हुई है। फसलों की बिजाई के समय हर साल किसानों को खाद के लिए लंबा इंतजार करना पड़ता है।
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200 किसानों के लगाए गए नंबर
समिति में डीएपी खाद की खेप पहुंचने की जानकारी मिलने के बाद आसपास के गांवों से किसान खाद लेने के लिए पहुंच गए। जिसके बाद किसानों के नंबर लगाए जिसमें 200 किसानों के नंबर लग चुके हैं। इसके आधार पर प्रत्येक किसानों को 5 बैग डीएपी खाद वितरित की जाएगी। किसान पिछले दो दिनों से समिति के चक्कर लगा रहे हैं। किसानों का कहना है कि खाद उपलब्ध होने के बावजूद उन्हें वितरण के लिए इंतजार करना पड़ रहा है।
सरसों की बिजाई का समय चल रहा है और इस दौरान डीएपी की आवश्यकता रहती है। इसके अलावा गेहूं की बिजाई के लिए भी किसान अभी से खाद की व्यवस्था करना चाहते हैं, ताकि सीजन शुरू होने पर खाद के लिए भटकना न पड़े।
-जगदीप किसान, गांव, करनौली।
खाद की उपलब्धता सुनिश्चित होने के बावजूद वितरण में देरी से उन्हें अनावश्यक परेशानी हो रही है। किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि बायोमेट्रिक रिकॉर्ड दर्ज कराने की प्रक्रिया जल्द पूरी कराकर खाद का वितरण शुरू करवाया जाए ताकि सरसों की बिजाई के साथ आगामी गेहूं सीजन के लिए भी किसानों को समय पर डीएपी उपलब्ध हो सके।
-सेवक किसान, गांव करनौली।
रबी फसल के सीजन में हर साल खाद की कमी रहती है इसके बावजूद खाद की उपलब्धता नहीं करवाई जाती। इन दिनों सरसों व सब्जियों की बिजाई का काम जारी है। ऐसे में खाद का वितरण किया जाए ताकि किसान समय पर फसलों की बिजाई कर सके।
-मुंशी किसान, गांव छतरियां।
प्रशासन से मांग की है कि तकनीकी समस्या का जल्द समाधान करवाकर खाद का वितरण शुरू कराया जाए। अगर खाद की कमी रहती है तो किसानों को गेहूं की बिजाई में परेशानी होगी।
-रमेश कुमार, किसान गांव नूरकीअहली।
:: डीएपी की एक हजार बैग की खेप समिति में पहुंच चुकी है लेकिन बायोमेट्रिक मशीन में खाद पहुंचने का रिकॉर्ड दर्ज नहीं हुआ है। रिकॉर्ड अपडेट होने के बाद ही नियमानुसार खाद का वितरण शुरू किया जा सकेगा। समिति की ओर से तकनीकी प्रक्रिया पूरी होने का इंतजार किया जा रहा है।
-विनोद कुमार, अकाउटेंट, सहकारी समिति, फतेहाबाद।