{"_id":"6133bde48ebc3e0759045fe8","slug":"waterlogging-traders-reached-the-police-station-against-public-health-complained-to-register-a-case-charkhidadri-news-hsr610802758","type":"story","status":"publish","title_hn":"जलभराव : पब्लिक हेल्थ के खिलाफ थाने में पहुंचे व्यापारी, मामला दर्ज करने के लिए दी शिकायत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जलभराव : पब्लिक हेल्थ के खिलाफ थाने में पहुंचे व्यापारी, मामला दर्ज करने के लिए दी शिकायत
विज्ञापन
मुख्य कोर्ट रोड पर भरे पानी से गुजरते वाहन चालक।
- फोटो : CharkhiDadri
चरखी दादरी। बुधवार की 123 एमएम बारिश से शहर के मुख्य बाजार में शनिवार को चौथे दिन भी जलभराव रहा। दूसरी ओर शहर के व्यापारियों को साथ लेकर जनआंदोलन समिति के पदाधिकारी शनिवार सुबह थाने पहुंचे और जनस्वास्थ्य विभाग के खिलाफ लिखित शिकायत दी। शिकायत में व्यापारियों ने विभाग के अधिकारियों को जलभराव का जिम्मेदार बताते हुए मामला दर्ज करने और नुकसान की भरपाई करवाने की मांग की। दूसरी ओर बाजार में शनिवार को भी जलभराव रहा। लाला लाजपतराय चौक से दोपहर करीब तीन बजे तक पानी का स्तर चार इंच कम होकर करीब दस इंच पहुंच गया, लेकिन पुरानी सब्जी मंडी सड़क पर अभी भी दो फुट पानी भरा हुआ है।
नगर व्यापार मंडल के पदाधिकारियों के अनुसार शनिवार को लगातार चौथे दिन करीब 200 दुकानें नहीं खुल पाईं, जबकि जलभराव के चलते मुख्य बाजार से ग्राहक गायब रहे। व्यापार मंडल के अनुसार प्रतिदिन शहर के बाजार को जलभराव के चलते दो करोड़ से अधिक का फटका लग रहा है। इसके अलावा दुकानों में पानी भरने से लाखों का सामान भी खराब हो चुका है। व्यापारियों का कहना है कि प्रशासन और विभाग को पानी निकासी कार्य में तेजी लानी चाहिए। चार दिन से बाजार बंद होने से व्यापारी आर्थिक मंदी के दौर से गुजर रहे हैं। ठप सीवर व्यवस्था को लेकर सुबह करीब दस बजे जनआंदोलन समिति की अगुवाई में व्यापारी एकत्रित हुए और इसके बाद सिटी थाने पहुंचे। वहां करीब एक घंटे तक वक्ता रविंद्र गुप्ता, नितिन जांघू, महेश गुप्ता और जयभगवान मस्ताना समेत अनेक वक्ताओं ने विचार रखे और सर्वसम्मति से विभाग के खिलाफ मामला दर्ज करवाने का निर्णय लिया गया। इसके बाद व्यापारियों का प्रतिनिधिमंडल सिटी थाना प्रभारी से मिला और उन्हें केस दर्ज करने व नुकसान की भरपाई करवाने के लिए शिकायत सौंपी। थाना प्रभारी ने उच्चाधिकारियों से विमर्श के बाद अगली कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। इसके बाद व्यापारियों ने सीटीएम अमित मान को भी ज्ञापन सौंपा।
ये लिखा है थाने में दी शिकायत के अंदर
जनस्वास्थ्य विभाग की लापरवाही के कारण बाजार की दुकानों में बारिश का पानी भरने से दुकानदारों को लाखों का नुकसान हुआ है। इसके लिए विभाग के एसई, एक्सईएन, एसडीओ और जेई जिम्मेदार हैं, क्योंकि मानसून से पहले उन्हें लिखित और मौखिक शिकायत के जरिये पहले ही अवगत करवा दिया गया था। अधिकारियों के काम में लापरवाही बरतने का मामला दर्ज किया जाए और व्यापारियों को हुए नुकसान की भरपाई करवाई जाए।
विज्ञापन
जनआंदोलन समिति ने पांच को होने वाली बैठक की स्थगित
जनआंदोलन समिति ने आंदोलन को आगे बढ़ाने के लिए पांच सितंबर को जो बैठक बुलाई थी, वह स्थगित कर दी है। सूत्रों के अनुसार मुजफ्फरनगर महापंचायत को लेकर बैठक स्थगित की है। इस बैठक में विभिन्न संगठनों को भाग लेना था और उनके अपील पर ही बैठक रद्द की गई है। रविंद्र गुप्ता ने बताया कि जल्द ही बैठक की तिथि तय कर दी जाएगी।
व्यापारियों ने जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के खिलाफ मामला दर्ज करने के लिए सिटी थाने में शिकायत दी है। जलभराव के लिए विभाग के अधिकारी ही जिम्मेदार है और पुलिस प्रशासन को उन पर काम में लापरवाही बरतने संबंधी केस दर्ज करना चाहिए।
नितिन जांघू, संयोजक, जनआंदोलन समिति
पुरानी सब्जी मंडी रोड पर अभी भी दो फुट तक पानी भरा हुआ है, जबकि मुख्य बाजार में अभी भी दस इंची पानी है। शनिवार को भी बाजार की करीब 200 दुकानें बंद रहीं और व्यापारियों को प्रतिदिन नुकसान झेलना पड़ रहा है।
रविंद्र गुप्ता, कार्यवाहक प्रधान, नगर व्यापार मंडल
विज्ञापन
नगर व्यापार मंडल के पदाधिकारियों के अनुसार शनिवार को लगातार चौथे दिन करीब 200 दुकानें नहीं खुल पाईं, जबकि जलभराव के चलते मुख्य बाजार से ग्राहक गायब रहे। व्यापार मंडल के अनुसार प्रतिदिन शहर के बाजार को जलभराव के चलते दो करोड़ से अधिक का फटका लग रहा है। इसके अलावा दुकानों में पानी भरने से लाखों का सामान भी खराब हो चुका है। व्यापारियों का कहना है कि प्रशासन और विभाग को पानी निकासी कार्य में तेजी लानी चाहिए। चार दिन से बाजार बंद होने से व्यापारी आर्थिक मंदी के दौर से गुजर रहे हैं। ठप सीवर व्यवस्था को लेकर सुबह करीब दस बजे जनआंदोलन समिति की अगुवाई में व्यापारी एकत्रित हुए और इसके बाद सिटी थाने पहुंचे। वहां करीब एक घंटे तक वक्ता रविंद्र गुप्ता, नितिन जांघू, महेश गुप्ता और जयभगवान मस्ताना समेत अनेक वक्ताओं ने विचार रखे और सर्वसम्मति से विभाग के खिलाफ मामला दर्ज करवाने का निर्णय लिया गया। इसके बाद व्यापारियों का प्रतिनिधिमंडल सिटी थाना प्रभारी से मिला और उन्हें केस दर्ज करने व नुकसान की भरपाई करवाने के लिए शिकायत सौंपी। थाना प्रभारी ने उच्चाधिकारियों से विमर्श के बाद अगली कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। इसके बाद व्यापारियों ने सीटीएम अमित मान को भी ज्ञापन सौंपा।
विज्ञापन
ये लिखा है थाने में दी शिकायत के अंदर
जनस्वास्थ्य विभाग की लापरवाही के कारण बाजार की दुकानों में बारिश का पानी भरने से दुकानदारों को लाखों का नुकसान हुआ है। इसके लिए विभाग के एसई, एक्सईएन, एसडीओ और जेई जिम्मेदार हैं, क्योंकि मानसून से पहले उन्हें लिखित और मौखिक शिकायत के जरिये पहले ही अवगत करवा दिया गया था। अधिकारियों के काम में लापरवाही बरतने का मामला दर्ज किया जाए और व्यापारियों को हुए नुकसान की भरपाई करवाई जाए।
विज्ञापन
जनआंदोलन समिति ने पांच को होने वाली बैठक की स्थगित
जनआंदोलन समिति ने आंदोलन को आगे बढ़ाने के लिए पांच सितंबर को जो बैठक बुलाई थी, वह स्थगित कर दी है। सूत्रों के अनुसार मुजफ्फरनगर महापंचायत को लेकर बैठक स्थगित की है। इस बैठक में विभिन्न संगठनों को भाग लेना था और उनके अपील पर ही बैठक रद्द की गई है। रविंद्र गुप्ता ने बताया कि जल्द ही बैठक की तिथि तय कर दी जाएगी।
व्यापारियों ने जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के खिलाफ मामला दर्ज करने के लिए सिटी थाने में शिकायत दी है। जलभराव के लिए विभाग के अधिकारी ही जिम्मेदार है और पुलिस प्रशासन को उन पर काम में लापरवाही बरतने संबंधी केस दर्ज करना चाहिए।
नितिन जांघू, संयोजक, जनआंदोलन समिति
पुरानी सब्जी मंडी रोड पर अभी भी दो फुट तक पानी भरा हुआ है, जबकि मुख्य बाजार में अभी भी दस इंची पानी है। शनिवार को भी बाजार की करीब 200 दुकानें बंद रहीं और व्यापारियों को प्रतिदिन नुकसान झेलना पड़ रहा है।
रविंद्र गुप्ता, कार्यवाहक प्रधान, नगर व्यापार मंडल

थाने में शिकायत देने पहुंचे व्यापारी और जनआंदोलन समिति के सदस्य।- फोटो : CharkhiDadri