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पहलवानी में दिखाया दम, अब जूडो में पदक की ‘आरजू’

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 26 Apr 2022 11:54 PM IST
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Showed strength in wrestling, now 'Arju' of medal in judo
आरजू। - फोटो : CharkhiDadri
रोहित राजपूत
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चरखी दादरी। सीनियर एशियन और कॉमनवेल्थ जूडो गेम्स 2022 के लिए निमली निवासी आरजू लुहाच का चयन हुआ है। आरजू अब तक जूडो स्पर्धा के पांच नेशनल टूर्नामेंट समेत एक स्टेट टूर्नामेंट और सब जूनियर कॉमनवेल्थ में स्वर्ण पदक जीत चुकी हैं। खास बात यह है कि गत साल रूस में आयोजित वर्ल्ड रेसलिंग चैंपियनशिप में भी आरजू ने देश का प्रतिनिधित्व किया था और उस दौरान कोरोना पॉजिटिव होने के चलते उसे टूर्नामेंट से बाहर होना पड़ा था। आरजू का सपना है कि 2022 में होने वाले सीनियर एशियन और कॉमनवेल्थ गेम्स में उसका कुश्ती के लिए भी चयन हो।
आरजू का परिवार मूल रूप से निमली गांव का रहने वाला है। आरजू के पिता ओमप्रकाश लुहाच सेना से सेवानिवृत्त हैं और उनकी तीन संतानें हैं। उनकी ख्वाहिश थी कि उनकी एक संतान खेलों में आकर देश का नाम रोशन करे। तीनों संतानों में से दूसरे नंबर की आरजू का रुझान स्कूल समय से ही खेलों में था और उसने उसी दौरान जूडो खेलना शुरू किया। जिले में खेल संसाधनों की कमी महसूस होने पर पिता ओमप्रकाश 2012 में परिवार सहित हिसार शिफ्ट हो गए। वहां आरजू ने जूडो के अभ्यास को आगे बढ़ाया। कुछ दिन बाद जूडो कोच सतबीर श्योराण का निधन हो गया। इसके बाद आरजू अपने स्तर पर जूडो का अभ्यास करने के साथ कुश्ती की ट्रेनिंग कोच से लेने लगी। गत वर्ष इसका सकारात्मक परिणाम सामने आया और आरजू का चयन रूस में आयोजित वर्ल्ड रेसलिंग चैंपियनशिप के लिए हो गया। कोरोना के चलते आरजू इस मौके को भूना नहीं पाई, जिसका उसे मलाल है। अब आरजू चाहती है कि सीनियर एशियन चैंपियनशिप व कॉमनवेल्थ 2022 में वो कुश्ती में भी देश का प्रतिनिधित्व करे। संवाद
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स्कूल के दौरान खेल प्रशिक्षक से मिली प्रेरणा
आरजू की खेलों में रुचि बचपन में स्कूल के दौरान ही हो गई। आरजू के पिता ने बताया कि बचपन में जब आरजू स्कूल जाती थी, तो स्कूल में पीटीआई ने उसे खेलने के लिए प्रेरित किया। आरजू बचपन से ही विभिन्न भार वर्गों में जूनियर लेवल पर जूडो में सहभागिता निभाती आ रही है और अब तक वो कई राष्ट्रीय स्पर्धाओं में पदक जीत चुकी है।
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जूडो में ये हैं आरजू की उपलब्धियां
2012 में सब जूनियर कैटेगरी में नेशनल लेवल पर कांस्य पदक, 2013 में रजत पदक, 2015 में 48 किलो भार वर्ग में स्वर्ण पदक, 2018 में सब जूनियर कॉमनवेल्थ जूडो चैंपियन के 57 किलो भारवर्ग में स्वर्ण पदक, 2019 जूनियर नेशनल जूडो चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक, 2022 में आयोजित सीनियर स्टेट जूडो चैंपियनशिप के 70 किलो भार वर्ग में स्वर्ण पदक आरजू जीत चुकी है।
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