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Charkhi Dadri News: जनस्वास्थ्य विभाग की टीमों ने शहर में काटे 102 अवैध पेयजल कनेक्शन
Wed, 31 Jul 2024 04:54 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Wed, 31 Jul 2024 04:54 AM IST
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जलघर में बना पेयजल भंडारण टैंक।
चरखी दादरी। अंतिम छोर पर पानी पहुंचाने और कम आपूर्ति की समस्या खत्म करने के लिए जनस्वास्थ्य विभाग ने अवैध पेयजल कनेक्शनधारकों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। विभाग की टीमें अब तक शहर में 102 अवैध कनेक्शन काट चुकी हैं। नियमों को ताक पर रखकर कनेक्शन लेने वालों को वैध कनेक्शन लेने की नसीहत भी दी गई है।
वहीं अन्य अवैध कनेक्शनधारकों को हिदायत दी है कि वो अपने पेयजल कनेक्शन को वैध करवाकर विभाग के अभिलेख में दर्ज करवा लें अन्यथा कनेक्शन काट दिया जाएगा। बता दें कि शहर में इस समय करीब छह हजार अवैध पेयजल कनेक्शन हैं। वहीं, करीब 17 हजार वैध पेयजल कनेक्शन हैं। अधिकतर लोगों ने मुख्य लाइनों में अवैध कनेक्शन कर रखे हैं जिससे पेयजल का प्रेशर कम हो रहा है। अंतिम छोर तक पानी भी नहीं पहुंच पा रहा। इतना ही नहीं मेन लाइन में कनेक्शन होने की वजह से लाइन भी जगह-जगह से कंडम हो रही है। लोग अपनी मर्जी से कनेक्शन कर लेते हैं जबकि विभाग की अनुमति से प्रक्रिया के तहत कनेक्शन नहीं लिया जा रहा है जिससे विभाग को पता भी नहीं चल पा रहा। आलम ये है कि एक मकान में दो-दो कनेक्शन तक कर रखे हैं। कनेक्शन करते समय सड़क को भी उखाड़ दिया जाता है और सड़क कट की फीस भी नहीं जमा करवाई जाती है। जिससे गलियों में गड्ढे बन जाते हैं।
विभाग ने इन अवैध पेयजल कनेक्शनधारकों के खिलाफ अभियान चलाया और 102 अवैध कनेक्शन काटे गए। विभाग की ओर से समय- समय पर इन अवैध कनेक्शन धारकों को नोेटिस भी दिए जाते हैं। कई बार कनेक्शन काटते समय कर्मचारियों को लोगों का विरोध भी झेलना पड़ता है। उधर, वैध पेयजल कनेक्शनधारकों में से 40 प्रतिशत बिल भी जमा नहीं करवा रहे हैं जिससे विभाग को राजस्व में भी नुकसान उठाना पड़ रहा है।
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इन क्षेत्रों में चलाया चेकिंग अभियान
अवैध कनेक्शन काटने के लिए जनस्वास्थ्य विभाग की टीमें शहर के कई क्षेत्रों को कवर कर चुकी हैं। अब तक टीम परशुराम चौक क्षेत्र, पुरानी अनाज मंडी, लोहारू रोड, ढाणी फाटक, प्रेमनगर, गांधी नगर, प्रोफेसर कॉलोनी व घिकाड़ा रोड क्षेत्र में अवैध कनेक्शनधारकों पर कार्रवाई कर चुकी है।
बूस्टिंग स्टेशन तक नई लाइन बिछाने की तैयारी
पेयजल के नए प्रोजेक्ट के तहत विभाग जलघरों से बूस्टिंग स्टेशनों तक सीधी अलग से नई लाइनें बिछाएगा ताकि लोग अवैध लाइनों में कनेक्शन ही नहीं कर सकें। विभाग यह भी योजना बना रहा है कि गलियों में भी अवैध पेयजल कनेक्शन रोके जाए। इसके लिए भी खाका तैयार किया जा रहा है।
- ऐसे वैध करवा सकते हैं कनेक्शन
जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की मानें तो अवैध कनेक्शन को वैध करवाना है तो इसके लिए ऑनलाइन आवेदन करना होगा। इसके बाद टीम मौके पर पहुंचकर जांच करेगी और आवेदक को निर्धारित 500 रुपये फीस जमा करवानी होगी। टीम कनेक्शन को वैध करने की प्रक्रिया पूरी कर देगी। इसके बाद कनेक्शन पर पेयजल मीटर लगवाने पर 60 रुपये और मीटर न लगवाने पर 120 रुपये मासिक पेयजल शुल्क भरना पड़ेगा।
विभाग ने हाल ही में 102 अवैध पेयजल कनेक्शन काटे हैं। विभाग का यह अभियान लगातार जारी रहेगा। लोग या तो कनेक्शन को वैध करवाएं अन्यथा विभाग काटने का काम करेगा। उपभोक्ता नियमित से पानी का बिल अदा करें। -धीरेंद्र सांगवान, जेई, जनस्वास्थ्य विभाग
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वहीं अन्य अवैध कनेक्शनधारकों को हिदायत दी है कि वो अपने पेयजल कनेक्शन को वैध करवाकर विभाग के अभिलेख में दर्ज करवा लें अन्यथा कनेक्शन काट दिया जाएगा। बता दें कि शहर में इस समय करीब छह हजार अवैध पेयजल कनेक्शन हैं। वहीं, करीब 17 हजार वैध पेयजल कनेक्शन हैं। अधिकतर लोगों ने मुख्य लाइनों में अवैध कनेक्शन कर रखे हैं जिससे पेयजल का प्रेशर कम हो रहा है। अंतिम छोर तक पानी भी नहीं पहुंच पा रहा। इतना ही नहीं मेन लाइन में कनेक्शन होने की वजह से लाइन भी जगह-जगह से कंडम हो रही है। लोग अपनी मर्जी से कनेक्शन कर लेते हैं जबकि विभाग की अनुमति से प्रक्रिया के तहत कनेक्शन नहीं लिया जा रहा है जिससे विभाग को पता भी नहीं चल पा रहा। आलम ये है कि एक मकान में दो-दो कनेक्शन तक कर रखे हैं। कनेक्शन करते समय सड़क को भी उखाड़ दिया जाता है और सड़क कट की फीस भी नहीं जमा करवाई जाती है। जिससे गलियों में गड्ढे बन जाते हैं।
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विभाग ने इन अवैध पेयजल कनेक्शनधारकों के खिलाफ अभियान चलाया और 102 अवैध कनेक्शन काटे गए। विभाग की ओर से समय- समय पर इन अवैध कनेक्शन धारकों को नोेटिस भी दिए जाते हैं। कई बार कनेक्शन काटते समय कर्मचारियों को लोगों का विरोध भी झेलना पड़ता है। उधर, वैध पेयजल कनेक्शनधारकों में से 40 प्रतिशत बिल भी जमा नहीं करवा रहे हैं जिससे विभाग को राजस्व में भी नुकसान उठाना पड़ रहा है।
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इन क्षेत्रों में चलाया चेकिंग अभियान
अवैध कनेक्शन काटने के लिए जनस्वास्थ्य विभाग की टीमें शहर के कई क्षेत्रों को कवर कर चुकी हैं। अब तक टीम परशुराम चौक क्षेत्र, पुरानी अनाज मंडी, लोहारू रोड, ढाणी फाटक, प्रेमनगर, गांधी नगर, प्रोफेसर कॉलोनी व घिकाड़ा रोड क्षेत्र में अवैध कनेक्शनधारकों पर कार्रवाई कर चुकी है।
बूस्टिंग स्टेशन तक नई लाइन बिछाने की तैयारी
पेयजल के नए प्रोजेक्ट के तहत विभाग जलघरों से बूस्टिंग स्टेशनों तक सीधी अलग से नई लाइनें बिछाएगा ताकि लोग अवैध लाइनों में कनेक्शन ही नहीं कर सकें। विभाग यह भी योजना बना रहा है कि गलियों में भी अवैध पेयजल कनेक्शन रोके जाए। इसके लिए भी खाका तैयार किया जा रहा है।
- ऐसे वैध करवा सकते हैं कनेक्शन
जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की मानें तो अवैध कनेक्शन को वैध करवाना है तो इसके लिए ऑनलाइन आवेदन करना होगा। इसके बाद टीम मौके पर पहुंचकर जांच करेगी और आवेदक को निर्धारित 500 रुपये फीस जमा करवानी होगी। टीम कनेक्शन को वैध करने की प्रक्रिया पूरी कर देगी। इसके बाद कनेक्शन पर पेयजल मीटर लगवाने पर 60 रुपये और मीटर न लगवाने पर 120 रुपये मासिक पेयजल शुल्क भरना पड़ेगा।
विभाग ने हाल ही में 102 अवैध पेयजल कनेक्शन काटे हैं। विभाग का यह अभियान लगातार जारी रहेगा। लोग या तो कनेक्शन को वैध करवाएं अन्यथा विभाग काटने का काम करेगा। उपभोक्ता नियमित से पानी का बिल अदा करें। -धीरेंद्र सांगवान, जेई, जनस्वास्थ्य विभाग