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कोरोना ढीला पड़ने के बाद अस्पताल में बढ़ी सामान्य ओपीडी, इमरजैंसी ऑपरेशन भी शुरू
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चरखी दादरी। जून में कोरोना के केस कम होने के चलते अब सामान्य बीमारियों से ग्रस्त मरीज भी उपचार के लिए सिविल अस्पताल पहुंचने लगे हैं। मई के मुकाबले अगर जून में सिविल अस्पताल की सामान्य ओपीडी देखें तो छह गुना तक बढ़ोतरी हुई है। मई में प्रतिदिन सामान्य ओपीडी 40 से 50 थी, जो अब बढ़कर 350 तक पहुंच चुकी है। सिविल अस्पताल में इमरजेंसी केस में ऑपरेशन की सुविधा भी शुरू कर दी गई है और जून में चार मरीज ऑपरेशन करवा चुके हैं।
जिले में सिविल अस्पताल और एमसीएच (मातृ-शिशु अस्पताल) के अलावा तीन सीएचसी (सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र) और दो पीएचसी (प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र) हैं। सामान्य दिनों में सिविल अस्पताल की दैनिक ओपीडी 500 तक पहुंच जाती है। सीएचसी की दैनिक ओपीडी 60 और पीएचसी की 25 तक पहुंचती है। मई में कोरोना की दूसरी लहर के प्रकोप को देखते हुए सीएचसी और पीएचसी पर तैनात चिकित्सकों समेत स्टाफ नर्सों को सिविल अस्पताल और कोविड अस्पताल में तैनात कर दिया गया था।
अब कोरोना संक्रमण की दर जिले में काफी कम हो गई है। इसे देखते हुए हाल ही में स्वास्थ्य विभाग ने सीएचसी और पीएचसी से बुलाए मेडिकल स्टाफ को वापस भेज दिया है। ऐसे में अब ग्रामीण क्षेत्र के स्वास्थ्य केंद्रों पर भी ओपीडी सेवा शुरू हो गई है। सिविल अस्पताल में तीन दिनों से 300 से 350 मरीज पहुंच रहे हैं, जबकि पीएचसी पर आठ से दस और सीएचसी पर 30 से 35 मरीज पहुंच रहे हैं। सामान्य दिनों के मुकाबले सिविल अस्पताल और पीएचसी व सीएचसी की ओपीडी अभी भी कम है।
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इन विशेषज्ञों ने भी शुरू की ओपीडी देखनी
सिविल अस्पताल में अब ऑरथो स्पेशलिस्ट, गायनोलॉजिस्ट, दंत चिकित्सक, नेत्र रोग विशेषज्ञ और एनस्थीसिया स्पेशलिस्ट ने ओपीडी देखनी शुरू कर दी है। गर्भवती महिलाओं के अलावा हड्डी, आंख और दांतों की बीमारियों से ग्रस्त मरीज अब अस्पताल पहुंचकर अपना उपचार करवा सकते हैं।
केवल इमरजेंसी केस में ही होंगे ऑपरेशन
सिविल अस्पताल में इमरजेंसी केस में ही ऑपरेशन सुविधा शुरू की गई है। खून बहाव वाला फ्रेक्चर हो जाने, एपेंडेक्स या भी सर्जरी से डिलिवरी होने की स्थिति में ऑपरेशन किए जाएंगे। फिलहाल इलेक्ट्रिक सर्जरी शुरू नहीं की गई हैं।
अब ओपीडी का समय भी बदला
संक्रमण की दूसरी लहर के चलते सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों पर ओपीडी का समय सुबह आठ से 11 निर्धारित किया गया था, लेकिन अब इसे बढ़ा दिया गया है। ओपीडी का समय सुबह आठ से दोपहर दो बजे कर दिया गया है।
फ्लू ओपीडी हुई कम है
डिप्टी सीएमओ डॉ. संजय गुप्ता ने बताया कि सामान्य ओपीडी अब बढ़ने लगी है जबकि फ्लू ओपीडी कम हो गई है। दोनों ओपीडी हम साथ चला रहे हैं। इमरजेंसी केस में ही सिविल अस्पताल के ओटी में ऑपरेशन किए जा रहे हैं। सीएचसी और पीएचसी से बुलाया गया मेडिकल स्टाफ हमने वापस भेज दिया है ताकि पीएचसी और सीएचसी पर भी सामान्य ओपीडी सेवा सुचारु रहे।
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जिले में सिविल अस्पताल और एमसीएच (मातृ-शिशु अस्पताल) के अलावा तीन सीएचसी (सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र) और दो पीएचसी (प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र) हैं। सामान्य दिनों में सिविल अस्पताल की दैनिक ओपीडी 500 तक पहुंच जाती है। सीएचसी की दैनिक ओपीडी 60 और पीएचसी की 25 तक पहुंचती है। मई में कोरोना की दूसरी लहर के प्रकोप को देखते हुए सीएचसी और पीएचसी पर तैनात चिकित्सकों समेत स्टाफ नर्सों को सिविल अस्पताल और कोविड अस्पताल में तैनात कर दिया गया था।
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अब कोरोना संक्रमण की दर जिले में काफी कम हो गई है। इसे देखते हुए हाल ही में स्वास्थ्य विभाग ने सीएचसी और पीएचसी से बुलाए मेडिकल स्टाफ को वापस भेज दिया है। ऐसे में अब ग्रामीण क्षेत्र के स्वास्थ्य केंद्रों पर भी ओपीडी सेवा शुरू हो गई है। सिविल अस्पताल में तीन दिनों से 300 से 350 मरीज पहुंच रहे हैं, जबकि पीएचसी पर आठ से दस और सीएचसी पर 30 से 35 मरीज पहुंच रहे हैं। सामान्य दिनों के मुकाबले सिविल अस्पताल और पीएचसी व सीएचसी की ओपीडी अभी भी कम है।
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इन विशेषज्ञों ने भी शुरू की ओपीडी देखनी
सिविल अस्पताल में अब ऑरथो स्पेशलिस्ट, गायनोलॉजिस्ट, दंत चिकित्सक, नेत्र रोग विशेषज्ञ और एनस्थीसिया स्पेशलिस्ट ने ओपीडी देखनी शुरू कर दी है। गर्भवती महिलाओं के अलावा हड्डी, आंख और दांतों की बीमारियों से ग्रस्त मरीज अब अस्पताल पहुंचकर अपना उपचार करवा सकते हैं।
केवल इमरजेंसी केस में ही होंगे ऑपरेशन
सिविल अस्पताल में इमरजेंसी केस में ही ऑपरेशन सुविधा शुरू की गई है। खून बहाव वाला फ्रेक्चर हो जाने, एपेंडेक्स या भी सर्जरी से डिलिवरी होने की स्थिति में ऑपरेशन किए जाएंगे। फिलहाल इलेक्ट्रिक सर्जरी शुरू नहीं की गई हैं।
अब ओपीडी का समय भी बदला
संक्रमण की दूसरी लहर के चलते सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों पर ओपीडी का समय सुबह आठ से 11 निर्धारित किया गया था, लेकिन अब इसे बढ़ा दिया गया है। ओपीडी का समय सुबह आठ से दोपहर दो बजे कर दिया गया है।
फ्लू ओपीडी हुई कम है
डिप्टी सीएमओ डॉ. संजय गुप्ता ने बताया कि सामान्य ओपीडी अब बढ़ने लगी है जबकि फ्लू ओपीडी कम हो गई है। दोनों ओपीडी हम साथ चला रहे हैं। इमरजेंसी केस में ही सिविल अस्पताल के ओटी में ऑपरेशन किए जा रहे हैं। सीएचसी और पीएचसी से बुलाया गया मेडिकल स्टाफ हमने वापस भेज दिया है ताकि पीएचसी और सीएचसी पर भी सामान्य ओपीडी सेवा सुचारु रहे।