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चरखी दादरी: ब्लैक फंगस के प्रारंभिक उपचार की ही व्यवस्था, इंफेक्शन बढ़ा तो रेफर ही विकल्प
Sun, 16 May 2021 12:28 AM IST
रोहतक ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चरखी दादरी (हरियाणा)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चरखी दादरी (हरियाणा)
Published by: रोहतक ब्यूरो
Updated Sun, 16 May 2021 12:28 AM IST
सार
हरियाणा में ब्लैक फंगस के मामले बढ़ने लगे हैं। सरकार ने इसे अधिसूचित रोग घोषित किया हुआ। कोरोना संक्रमण के कारण इस बीमारी के मरीजों की संख्या में इजाफा हो रहा है।
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ब्लैक फंगस (सांकेतिक तस्वीर)
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
हरियाणा में ब्लैक फंगस के कई मामले सामने आ चुके हैं। चरखी दादरी में अभी तक ऐसा एक भी केस सामने नहीं आया है। दूसरी ओर अगर स्वास्थ्य विभाग की तैयारियों की बात करें तो प्रारंभिक उपचार की तो सुविधा है, लेकिन अगर इंफेक्शन बढ़ गया तो फिर मरीज को रेफर करने का ही विकल्प है। जिले में बड़े स्तर के ऑपरेशन अभी शुरू नहीं हुए हैं।
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शनिवार को गृह एवं स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने भी ब्लैक फंगस को लेकर स्वास्थ्य विभाग को आवश्यक निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने पीजीआई के वरिष्ठ चिकित्सकों को वीडियो कांफ्रेंस के जरिये सभी जिले के सीएमओ से बातचीत करने के आदेश दिए हैं। ब्लैक फंगस के उपचार संबंधी व्यवस्थाओं को लेकर अमर उजाला प्रतिनिधि ने जिला कोरोना नोडल अधिकारी डॉक्टर गौरव भारद्वाज से विशेष बातचीत की।
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उन्होंने बताया कि ब्लैक फंगस का दादरी जिले में अब तक एक भी मामला सामने नहीं आया है। मरीज के प्रारंभिक उपचार की तमाम व्यवस्था जिला स्वास्थ्य विभाग के पास है, लेकिन अगर इंफेक्शन बढ़ जाए तो फिर मरीज का उपचार पीजी मेडिकल कॉलेज में भी संभव है और ऐसी स्थिति में जिले से मरीज को रेफर करना पड़ेगा। उन्होंने बताया कि प्रारंभिक उपचार के दौरान दी जाने वालीं दवाओं का स्टॉक विभाग के पास उपलब्ध है।
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जिले में ये दवाएं हैं उपलब्ध
जिला कोरोना नोडल अघिकारी डॉ. गौरव भारद्वाज ने बताया कि ब्लैक फंगस से ग्रस्त मरीज के उपचार के लिए हमारे पास पर्याप्त दवाएं हैं। हमारे पास एंटी फंगल ट्रीटमेंट उपलब्ध हैं। सुकानाजोल, मिकानाजोल आदि दवाएं मरीज को दी जाती हैं। अगर ऑपरेशन की स्थिति बन आए तो फिर मरीज को जिले से रेफर करना पड़ेगा।
जिला कोरोना नोडल अधिकारी डॉक्टर गौरव भारद्वाज से ब्लैक फंगस पर सीधी बातचीत
सवाल: क्या जिले में अब तक ब्लैक फंगस का कोई मामला सामने आया है?
जवाब: नहीं, दादरी जिले में अभी एक भी ऐसा केस सामने नहीं आया है।
सवाल: जिला स्वास्थ्य विभाग के पास ब्लैक फंगस से ग्रस्त मरीज के उपचार के लिए क्या इंतजाम हैं?
जवाब: फंगल का उपचार लक्षण और मरीज की हालत पर निर्भर है। इसमें विभिन्न प्रकार की दवाएं मरीज को दी जाती हैं जो हमारे पास हैं।
सवाल: इंफेक्शन के बढ़ने पर मरीज के उपचार की जिले में क्या व्यवस्थाएं हैं ?
जवाब: देखिए, ये बहुत एडवांस स्थिति होता है और अगर मरीज ऐसी स्थिति में पहुंच जाता है तो फिर उसका डायग्नोस्ट पीजी मेडिकल कॉलेज में ही होता है।
सवाल : ब्लैक फंगस के उपचार के लिए जिले में कुछ संसाधनों की भी कमी है?
जवाब: प्रारंभिक उपचार हमारे पास उपलब्ध है। कुछ संसाधनों की कमी है जिन्हें हम दूर करने के लिए प्रयासरत हैं।